रघुबीर यादव का खुलासा: 'एक्टिंग गले पड़ी थी', 'हुंकार : द रोर' पर दर्शकों की प्रतिक्रिया से खुश
सारांश
मुख्य बातें
दिग्गज अभिनेता रघुबीर यादव इन दिनों वेब सीरीज 'हुंकार : द रोर' को लेकर दर्शकों से मिल रहे भरपूर प्यार से उत्साहित हैं। हाल ही में दिए एक विशेष इंटरव्यू में उन्होंने अपने अभिनय सफर की शुरुआत, संगीत से गहरे जुड़ाव और एक अभिनेता के रूप में सीखने की अपनी अनूठी फिलॉसफी को खुलकर साझा किया।
कैसे शुरू हुआ एक्टिंग का सफर
रघुबीर यादव ने बताया कि अभिनय उनकी जिंदगी में किसी पूर्व-नियोजित रणनीति के तहत नहीं, बल्कि संयोग और किस्मत से आया। उन्होंने कहा, ''एक्टिंग तो मेरे गले पड़ गई थी। इसलिए मुझे इसे करना पड़ा।'' हालाँकि, समय के साथ यह काम उन्हें भाने लगा और उन्होंने इसे पूरी तरह अपना लिया।
गौरतलब है कि रघुबीर यादव भारतीय सिनेमा और रंगमंच के उन चुनिंदा कलाकारों में से हैं जिन्होंने दशकों तक अपनी बहुमुखी प्रतिभा से दर्शकों को मंत्रमुग्ध किया है।
संगीत से किरदार को समझने की अनूठी विधि
रघुबीर यादव ने बताया कि वे किरदारों को संगीत के माध्यम से महसूस करते हैं। उनके शब्दों में, ''मैं किरदारों को म्यूजिक के जरिए सोचता हूं, इससे मेरे लिए किरदार को समझना आसान होता है। म्यूजिक में जो भावनाएं होती हैं, वो बहुत जल्दी आपके पास आती हैं।''
उन्होंने आगे जोड़ा कि बचपन से ही संगीत उनके जीवन का अभिन्न हिस्सा रहा है और यही संवेदनशीलता उनके अभिनय को गहराई देती है।
एक्टिंग कोर्स नहीं, स्टेज क्राफ्ट में स्पेशलाइजेशन
रघुबीर यादव ने पारंपरिक अभिनय प्रशिक्षण की जगह एक व्यापक दृष्टिकोण अपनाया। उन्होंने कहा, ''एक एक्टर के लिए सिर्फ एक्टिंग जानना ही काफी नहीं है, बल्कि उसे कई दूसरी चीजों की भी समझ होनी चाहिए। पूरी दुनिया में ऐसी कोई चीज नहीं है, जिसके बारे में एक एक्टर को नहीं पता होना चाहिए।''
इसीलिए उन्होंने एक्टिंग में कोई औपचारिक कोर्स नहीं किया, बल्कि स्टेज क्राफ्ट में विशेषज्ञता हासिल की — एक ऐसा चुनाव जिसने उनकी कला को मंच से पर्दे तक समान रूप से धारदार बनाया।
'हुंकार : द रोर' की कहानी और स्टारकास्ट
'हुंकार : द रोर' की कथा ताकत, आस्था और प्रभाव की जटिल दुनिया के इर्द-गिर्द बुनी गई है। शो में 17 वर्षीया मीनू रावत एक आध्यात्मिक शख्सियत पर गंभीर आरोप लगाती है, जिसके बाद जाँच शुरू होती है और मामला कोर्टरूम तक पहुँचता है।
यह सीरीज आस्था, सत्ता और न्याय के बीच के जटिल रिश्ते को बेबाकी से सामने रखती है। 'सैयारा' से चर्चा में आईं अभिनेत्री अनीत पड्डा ने मीनू रावत का किरदार निभाया है, जबकि फातिमा सना शेख एसीपी जसलीन सिंह की भूमिका में हैं। मोहम्मद जीशान अय्यूब, राम कपूर और अर्जुन माथुर भी अहम किरदारों में नज़र आ रहे हैं।
सीरीज को करण डी. कपाड़िया और नित्या मेहरा ने निर्देशित किया है और यह जियो हॉटस्टार पर स्ट्रीम हो रही है। रघुबीर यादव की इस प्रोजेक्ट के प्रति उत्साह और दर्शकों की सकारात्मक प्रतिक्रिया यह संकेत देती है कि यह सीरीज लंबे समय तक चर्चा में बनी रहेगी।