क्या ऑपरेशन मिलाप के तहत दिल्ली पुलिस ने 102 लापता लोगों को उनके परिवारों से मिलवाया?

Click to start listening
क्या ऑपरेशन मिलाप के तहत दिल्ली पुलिस ने 102 लापता लोगों को उनके परिवारों से मिलवाया?

सारांश

दिल्ली के दक्षिण-पश्चिम जिले की पुलिस ने दिसंबर 2025 में 'ऑपरेशन मिलाप' के तहत 102 लापता व्यक्तियों को खोजकर उनके परिवारों से मिलाया। इस अभियान ने दिखाया कि पुलिस अपनी जिम्मेदारियों को गंभीरता से निभाती है। जानिए इस सफल अभियान के बारे में और क्या किया गया।

Key Takeaways

  • ऑपरेशन मिलाप के तहत 102 लापता व्यक्तियों को खोजा गया।
  • पुलिस ने समर्पण से काम किया।
  • स्थानीय मदद ने सफलता में योगदान दिया।
  • लापता व्यक्तियों की पहचान के लिए सीसीटीवी फुटेज का उपयोग किया गया।
  • पुलिस ने अपनी जिम्मेदारियों को गंभीरता से निभाया।

नई दिल्ली, 2 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। दिल्ली के दक्षिण-पश्चिम जिले की पुलिस ने दिसंबर 2025 में एक प्रशंसनीय अभियान 'ऑपरेशन मिलाप' शुरू किया, जिसके तहत 102 लापता व्यक्तियों और बच्चों (35 लापता बच्चे और 67 लापता वयस्क) को खोजकर उनके परिवारों से मिलाया गया।

पुलिस अधिकारियों के अनुसार, यह अभियान 1 से 31 दिसंबर तक चलाया गया और इस दौरान पुलिस ने समर्पण से कई लापता व्यक्तियों को खोजा और उन्हें उनके घरों तक पहुँचाया।

इस अभियान में स्थानीय पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए लापता व्यक्तियों की आवाजाही का पता लगाने के लिए सीसीटीवी फुटेज, बस स्टैंड, रेलवे स्टेशन और ई-रिक्शा स्टैंड पर संदिग्धों की तस्वीरें साझा कीं। इसके अलावा, पुलिस ने स्थानीय मुखबिरों, बस ड्राइवरों और विक्रेताओं से जानकारी भी एकत्र की, जो अभियान की सफलता में महत्वपूर्ण साबित हुई।

दक्षिण-पश्चिम जिले की पुलिस ने विभिन्न पुलिस स्टेशनों के माध्यम से लापता व्यक्तियों को खोजने के लिए समन्वित प्रयास किए। जैसे, कापसहेड़ा पुलिस स्टेशन के स्टाफ ने 12 लापता लड़कियों को बरामद किया, जबकि पालम गांव पुलिस स्टेशन के स्टाफ ने 4 बच्चों और 13 वयस्कों को खोज निकाला। इसी तरह, अन्य पुलिस स्टेशनों जैसे वसंत कुंज, सागरपुर, किशनगढ़, और दिल्ली कैंट ने भी कई लापता बच्चों और वयस्कों को सुरक्षित उनके परिवारों से मिलाया।

पुलिस उपायुक्त अमित गोयल ने कहा कि ऑपरेशन मिलाप के अंतर्गत पुलिस ने न केवल लापता व्यक्तियों को उनके परिवारों से मिलाने का कार्य किया, बल्कि यह भी प्रदर्शित किया कि दक्षिण-पश्चिम जिले की पुलिस अपनी जिम्मेदारियों को बहुत गंभीरता से निभाती है।

उन्होंने बताया कि वसंत कुंज उत्तर के स्टाफ ने एक लापता नाबालिग लड़की का पता लगाया। इसके अलावा, 5 लापता व्यक्तियों (3 पुरुष और 2 महिलाएं) को भी खोजा गया। सभी बरामद व्यक्तियों को सफलतापूर्वक उनके परिवारों से मिलाया गया।

दक्षिण-पश्चिम जिले की पुलिस ने 2025 के दौरान 1 जनवरी से 31 दिसंबर तक कुल 1303 लापता व्यक्तियों और बच्चों (जिसमें 434 नाबालिग बच्चे और 869 वयस्क शामिल हैं) को बरामद किया।

उन्होंने लोगों से अपील की कि अगर किसी के परिवार का कोई सदस्य लापता हो जाता है, तो इसकी सूचना तुरंत पुलिस को दें। पुलिस आपकी सहायता के लिए हमेशा तत्पर रहती है।

Point of View

जहां समुदाय और पुलिस ने मिलकर लापता व्यक्तियों को खोजने में सफलता पाई। यह अभियान न केवल लापता व्यक्तियों के परिवारों के लिए एक राहत है, बल्कि समाज में एक सकारात्मक संदेश भी फैलाता है।
NationPress
02/01/2026

Frequently Asked Questions

ऑपरेशन मिलाप कब शुरू हुआ?
ऑपरेशन मिलाप दिसंबर 2025 में शुरू हुआ।
कितने लापता व्यक्तियों को बरामद किया गया?
इस अभियान के तहत 102 लापता व्यक्तियों को बरामद किया गया।
पुलिस ने लापता व्यक्तियों को कैसे खोजा?
पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज, स्थानीय मुखबिरों और बस स्टैंड आदि से जानकारी एकत्र की।
कौन से पुलिस स्टेशनों ने लापता व्यक्तियों को खोजा?
कापसहेड़ा, पालम गांव, वसंत कुंज, सागरपुर, किशनगढ़ और दिल्ली कैंट पुलिस स्टेशनों ने लापता व्यक्तियों को खोजा।
क्या लोगों को लापता व्यक्तियों की सूचना पुलिस को देनी चाहिए?
हाँ, अगर कोई लापता हो जाता है, तो इसकी सूचना तुरंत पुलिस को देनी चाहिए।
Nation Press