दिल्ली पुलिस ने अलकनंदा के पास दो सगे भाइयों को दबोचा, ₹99,000 नकद व 750 ग्राम जेवरात बरामद
सारांश
मुख्य बातें
दिल्ली पुलिस के दक्षिण जिले ने 22 मई को अलकनंदा मार्केट के निकट नियमित वाहन जाँच के दौरान वाहन चोरी और सेंधमारी के दो आरोपी सगे भाइयों को गिरफ्तार किया। सी.आर. पार्क पुलिस स्टेशन के पिकेट स्टाफ ने पुलिस टीम को देखते ही भागने की कोशिश कर रहे दोनों आरोपियों का पीछा कर उन्हें काबू किया। इस एकल कार्रवाई से 5 अलग-अलग आपराधिक मामले सुलझाए गए हैं।
कौन हैं आरोपी और कैसे हुई गिरफ्तारी
आरोपियों की पहचान दीपक उर्फ सेठी (31 वर्ष) और टिंकू उर्फ भोला (29 वर्ष), पुत्र राजेंदर, निवासी आया नगर, दक्षिण दिल्ली के रूप में हुई है। दोनों सगे भाई हैं। पुलिस टीम को देखते ही दोनों एक मोटरसाइकिल पर फरार होने लगे, लेकिन पिकेट स्टाफ ने तत्परता दिखाते हुए उन्हें दबोच लिया। जिस मोटरसाइकिल पर वे सवार थे, वह वसंत कुंज नॉर्थ से चोरी की गई थी और उसकी ई-एफआईआर पहले से दर्ज थी।
वारदात का तरीका
पूछताछ में दोनों भाइयों ने स्वीकार किया कि बुरी संगत के चलते नशे की लत लगने के बाद उन्होंने चोरी और सेंधमारी का रास्ता अपनाया। वे चोरी की मोटरसाइकिल से संभावित इलाकों की रेकी करते थे और लंबे समय से बंद पड़े घरों को निशाना बनाते थे। रात के समय छत, बालकनी या पिछले दरवाज़े से घरों में घुसते थे और चोरी का सामान घर पर छिपाकर बाद में बाज़ार में बेच देते थे।
बरामद सामान का ब्यौरा
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से भारी मात्रा में चोरी का सामान जब्त किया है। बरामदगी में शामिल हैं: 11 मोबाइल फोन, 7 कलाई घड़ियाँ, 2 सोने की चेन, लगभग 750 ग्राम सोने-चाँदी के आभूषण, ₹99,000 नकद, एक चाँदी की मूर्ति, एक बटनदार चाकू और एक चोरी की मोटरसाइकिल।
कितने मामले सुलझे
इस गिरफ्तारी से कुल 5 मामले सुलझाए गए हैं — फतेहपुर बेरी थाने के 3 सेंधमारी के मामले, वसंत कुंज का 1 वाहन चोरी का मामला और सी.आर. पार्क का आर्म्स एक्ट का 1 मामला। गौरतलब है कि दक्षिण जिला पुलिस के अनुसार दोनों आरोपियों का पहले कोई आपराधिक रिकॉर्ड नहीं था।
पुलिस की प्रतिक्रिया और आगे की कार्रवाई
दक्षिण जिला पुलिस कमिश्नर ने टीम की सराहना करते हुए कहा कि अपराध के प्रति 'जीरो टॉलरेंस' की नीति के तहत ऐसे अभियान लगातार जारी रहेंगे। पुलिस का कहना है कि यह कार्रवाई सड़क अपराध और संपत्ति संबंधी अपराधों पर सख्ती से नकेल कसने की दिशा में एक अहम कदम है। दोनों आरोपियों से पूछताछ जारी है और अन्य लंबित मामलों में भी संलिप्तता की जाँच की जा रही है।