वैश्विक अस्थिरता के बढ़ने से सोने की कीमतों में उछाल, चांदी भी 2.60 लाख रुपए के पार
सारांश
Key Takeaways
- सोने की कीमत में 1.74%25 की वृद्धि हुई है।
- चांदी की कीमत में 4.95%25 की वृद्धि हुई है।
- अंतरराष्ट्रीय बाजार में भी कीमतें बढ़ रही हैं।
- टैरिफ के हटने से बाजार में स्थिरता आएगी।
- ईरान-अमेरिका तनाव का असर भी दिख रहा है।
मुंबई, 23 फरवरी (राष्ट्र प्रेस)। वैश्विक अस्थिरता में वृद्धि और अमेरिकी टैरिफ में आए नए परिवर्तनों के कारण सोमवार को सोने और चांदी की कीमतों में उल्लेखनीय बढ़ोतरी देखने को मिली।
मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (एमसीएक्स) पर सुबह 10:30 बजे तक, सोने के 2 अप्रैल 2026 के कॉन्ट्रैक्ट की कीमत 1.74 प्रतिशत या 2,724 रुपए की बढ़त के साथ 1,59,504 रुपए तक पहुँच गई। वर्तमान में, सोने ने 1,60,600 रुपए का उच्चतम स्तर छुआ है।
चांदी में भी अच्छी खरीदारी हो रही है। चांदी के 05 मार्च 2026 के कॉन्ट्रैक्ट की कीमत 12,531 रुपए या 4.95 प्रतिशत बढ़कर 2,65,475 रुपए हो गई है। वर्तमान में, चांदी ने 2,68,875 रुपए का उच्चतम स्तर पाया है।
अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी सोने और चांदी की कीमतों में वृद्धि हो रही है। कॉमेक्स पर सोना 1.89 प्रतिशत बढ़कर 5,176 डॉलर प्रति औंस और चांदी 5.68 प्रतिशत बढ़कर 87.029 डॉलर प्रति औंस पर पहुँच गई है।
सोने और चांदी की कीमतों में इस वृद्धि का कारण अमेरिकी सुप्रीम कोर्ट द्वारा टैरिफ को समाप्त करने का निर्णय माना जा रहा है।
शुक्रवार को, सुप्रीम कोर्ट ने 6-3 के बहुमत से फैसला सुनाते हुए कहा था कि पूर्व राष्ट्रपति ट्रंप ने अंतरराष्ट्रीय आपातकालीन आर्थिक शक्ति अधिनियम, 1977 के तहत बिना कांग्रेस की अनुमति के टैरिफ लगाए थे, जो संविधान के खिलाफ है। टैरिफ लगाने का अधिकार केवल अमेरिकी कांग्रेस के पास है, न कि राष्ट्रपति के पास। इस कारण टैरिफ को रद्द किया जा रहा है।
इसके अतिरिक्त, ट्रंप ने सेक्शन 122 के विशेषाधिकार का उपयोग करते हुए सभी देशों से अमेरिका में आयात होने वाले उत्पादों पर 10 प्रतिशत का शुल्क लगाया था, जिससे बाजार में अस्थिरता बढ़ गई है।
अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते तनाव के कारण भी वैश्विक अस्थिरता में इजाफा हुआ है, जिसका असर कच्चे तेल की कीमतों पर भी पड़ रहा है।