21 सितंबर 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

राजकोट में ₹86.63 लाख की शराब जब्त, एक गिरफ्तार; सात अभी भी फरार

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
राजकोट में ₹86.63 लाख की शराब जब्त, एक गिरफ्तार; सात अभी भी फरार

सारांश

गुजरात के शुष्क राज्य होने के बावजूद राजकोट में ₹1.10 करोड़ की अवैध शराब पकड़ी गई — 604 बक्से, 21,792 बोतलें, और एक अंतर-राज्यीय नेटवर्क का सुराग। सात आरोपी अभी भी फरार हैं।

मुख्य बातें

गुजरात राज्य निगरानी प्रकोष्ठ (SMC) ने 21 सितंबर 2026 को राजकोट के अहमदाबाद-राजकोट राजमार्ग के निकट छापा मारा।
IMFL और बीयर के 604 बक्से (कुल 21,792 बोतलें ) ज़ब्त; शराब का मूल्य ₹86.63 लाख , कुल बरामदगी ₹1.10 करोड़ ।
आठ आरोपी नामजद; एक — दिलीप सिंह रावत (राजस्थान, ब्यावर) — गिरफ्तार, सात अभी भी फरार ।
मामला निषेध अधिनियम और भारतीय न्याय संहिता 2023 की कई धाराओं के तहत दर्ज।
कार्रवाई DGP जीएस मलिक के अवैध शराब के खिलाफ अभियान के निर्देश के तहत की गई।

गुजरात पुलिस की राज्य निगरानी प्रकोष्ठ (SMC) ने 21 सितंबर 2026 को राजकोट के अहमदाबाद-राजकोट राजमार्ग के निकट छापेमारी कर ₹86.63 लाख मूल्य की भारतीय निर्मित विदेशी शराब (IMFL) और बीयर बरामद की। जब्त शराब, वाहन और अन्य सामग्री मिलाकर बरामद संपत्ति का कुल मूल्य ₹1.10 करोड़ आँका गया है।

छापेमारी का घटनाक्रम

पुलिस निरीक्षक पीबी जेबलिया के नेतृत्व में SMC की टीम ने हवाई अड्डा पुलिस स्टेशन के अधिकार क्षेत्र में बामनभोर गाँव के पास राधे-कृष्णा होटल के निकट दबिश दी। टीम ने IMFL और बीयर के कुल 604 बक्से ज़ब्त किए, जिनमें 21,792 बोतलें शामिल थीं। शराब का मूल्य अधिकारियों ने ₹86,63,712 बताया।

इसके अलावा, एक वाहन और अन्य सामग्री भी ज़ब्त की गई, जिससे कुल बरामदगी ₹1,10,91,012 पर पहुँच गई।

कानूनी कार्रवाई

पुलिस ने एयरपोर्ट पुलिस स्टेशन में निषेध अधिनियम की धाराओं 65(A)(E), 81, 83, 98(2) और 116(B) तथा भारतीय न्याय संहिता, 2023 की धाराओं 336(2), 336(3) और 340(2) के तहत मामला दर्ज किया है। इस प्रकरण में आठ लोगों को आरोपी बनाया गया है।

गिरफ्तारी और वांछित आरोपी

अब तक एक आरोपी को गिरफ्तार किया गया है, जबकि सात अभी भी फरार हैं। गिरफ्तार व्यक्ति की पहचान राजस्थान के ब्यावर जिले के सोबियाना गाँव के निवासी दिलीप सिंह रावत के रूप में हुई है।

फरार आरोपियों में राजसमंद जिले के कलां के ठिकरवास के निवासी जितेंद्र सिंह, ट्रक मालिक सुरेश, और चंडीगढ़ में जितेंद्र सिंह का एक अज्ञात सहयोगी शामिल हैं। इसके अतिरिक्त, एक अज्ञात व्यक्ति जिसने कथित तौर पर शराब लादने के लिए चार पहिया वाहन का उपयोग किया, एक अन्य जो परिवहन पर्ची लेकर मोटरसाइकिल पर आया, और वह व्यक्ति जिसने कथित तौर पर राजकोट में इस खेप का ऑर्डर दिया — सभी की तलाश जारी है।

वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देश की पृष्ठभूमि

यह कार्रवाई पुलिस महानिदेशक (DGP) जीएस मलिक के उस निर्देश के तहत की गई है, जिसमें उन्होंने गुजरात में अवैध शराब और जुआ गतिविधियों के विरुद्ध कड़ी कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा था। गौरतलब है कि गुजरात एक मद्यनिषेध राज्य है, फिर भी यहाँ अवैध शराब की तस्करी एक लगातार चुनौती बनी रहती है।

आगे की जाँच

राज्य निगरानी प्रकोष्ठ के अनुसार जब्त शराब और वांछित आरोपियों के संबंध में जाँच अभी भी जारी है। फरार आरोपियों की राजस्थान और चंडीगढ़ से संभावित संलिप्तता को देखते हुए यह मामला अंतर-राज्यीय तस्करी नेटवर्क की ओर इशारा करता है।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन राजकोट जैसी छापेमारियाँ यह संकेत देती हैं कि तस्करी नेटवर्क राज्य की सीमाओं से बाहर तक फैला है — राजस्थान और चंडीगढ़ के संदिग्धों का नाम आना इसी की पुष्टि करता है। असली सवाल यह है कि 604 बक्से शराब राजकोट के भीतर पहुँचने तक कितनी जाँच चौकियाँ चूकीं। DGP स्तर के निर्देश के बाद भी सात में से सात मुख्य आरोपी फरार हैं — जो जाँच की तात्कालिक सीमाओं को उजागर करता है।
RashtraPress
21 सितंबर 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

राजकोट में जब्त की गई शराब की कुल कीमत कितनी है?
राज्य निगरानी प्रकोष्ठ के अनुसार जब्त IMFL और बीयर का मूल्य ₹86,63,712 है। शराब, वाहन और अन्य सामग्री मिलाकर कुल बरामदगी ₹1,10,91,012 रही।
इस मामले में कितने लोग गिरफ्तार हुए हैं?
आठ लोगों को आरोपी बनाया गया है, जिनमें से एक — राजस्थान के ब्यावर जिले के दिलीप सिंह रावत — को गिरफ्तार किया गया है। शेष सात अभी भी फरार हैं और उनकी तलाश जारी है।
गुजरात में शराब पर प्रतिबंध होते हुए भी यह खेप कहाँ से आई?
जाँच के अनुसार वांछित आरोपियों का संबंध राजस्थान के राजसमंद व ब्यावर जिलों और चंडीगढ़ से है, जो एक अंतर-राज्यीय तस्करी नेटवर्क की ओर इशारा करता है। पुलिस आपूर्ति श्रृंखला की जाँच कर रही है।
इस छापेमारी में कौन-सी धाराएँ लगाई गई हैं?
मामला निषेध अधिनियम की धाराओं 65(A)(E), 81, 83, 98(2) और 116(B) तथा भारतीय न्याय संहिता, 2023 की धाराओं 336(2), 336(3) और 340(2) के तहत एयरपोर्ट पुलिस स्टेशन में दर्ज किया गया है।
गुजरात में अवैध शराब के खिलाफ यह कार्रवाई क्यों तेज हुई है?
पुलिस महानिदेशक (DGP) जीएस मलिक ने राज्य में अवैध शराब और जुआ गतिविधियों के विरुद्ध कड़ी कानूनी कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। इन निर्देशों के बाद SMC की सक्रियता बढ़ी है और यह छापेमारी उसी अभियान का हिस्सा है।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 9 घंटे पहले
  2. 1 सप्ताह पहले
  3. 4 सप्ताह पहले
  4. 1 महीना पहले
  5. 1 महीना पहले
  6. 1 महीना पहले
  7. 2 महीने पहले
  8. 5 महीने पहले