16 जुलाई 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

क्या हर जिम में कम से कम एक योग्य महिला ट्रेनर की नियुक्ति की जाएगी? महिला आयोग का हरियाणा सरकार को पत्र

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
क्या हर जिम में कम से कम एक योग्य महिला ट्रेनर की नियुक्ति की जाएगी? महिला आयोग का हरियाणा सरकार को पत्र

सारांश

हरियाणा राज्य महिला आयोग ने एक पत्र के माध्यम से हरियाणा सरकार से सभी जिम और फिटनेस सेंटर्स में महिला प्रशिक्षकों की अनिवार्य नियुक्ति की मांग की है। यह कदम महिलाओं की सुरक्षा और आत्मविश्वास को बढ़ाने में सहायक होगा। जानें आयोग के इस कदम के पीछे की सोच और इसके प्रभाव।

मुख्य बातें

महिला सुरक्षा: जिम में महिला प्रशिक्षकों की उपस्थिति महिलाओं की सुरक्षा को बढ़ाती है।
सहजता: महिला प्रशिक्षकों के साथ महिलाओं को जिम में सहज महसूस होगा।
स्वास्थ्य: महिलाएं बिना हिचकिचाहट के फिटनेस गतिविधियों में भाग ले सकेंगी।
फ्रेंडली माहौल: जिम का माहौल महिलाओं के लिए दोस्ताना होगा।
आत्मनिर्भरता: यह कदम महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने में सहायक होगा।

चंडीगढ़, 28 अक्टूबर (राष्ट्र प्रेस)। हरियाणा राज्य महिला आयोग ने महिलाओं की सुरक्षा और सुविधा को ध्यान में रखते हुए एक महत्वपूर्ण कदम उठाया है। आयोग ने हरियाणा स्पोर्ट्स डिपार्टमेंट के प्रिंसिपल सेक्रेटरी को एक पत्र लिखकर यह कहा है कि राज्य के सभी जिम और फिटनेस सेंटर्स में महिला ट्रेनर्स की नियुक्ति अनिवार्य की जाए।

महिला आयोग ने पत्र में यह भी अनुरोध किया है कि सभी को आवश्यक निर्देश जारी किए जाएं ताकि सार्वजनिक और निजी दोनों फिटनेस संस्थानों में इस आवश्यकता का अनुपालन शीघ्रता से सुनिश्चित किया जा सके।

आयोग ने कहा है कि महिलाओं की सुरक्षा केवल सार्वजनिक स्थानों पर ही नहीं, बल्कि फिटनेस सेंटरों जैसे निजी स्थलों पर भी उतनी ही महत्वपूर्ण है।

आयोग ने यह भी बताया कि महिलाओं के लिए जिम में एक सुरक्षित और सहज माहौल होना बेहद आवश्यक है, ताकि वे बिना किसी डर या झिझक के फिटनेस से जुड़ी गतिविधियों में भाग ले सकें।

महिला आयोग ने कहा कि उसे कई शिकायतें और सुझाव प्राप्त हुए हैं, जिनमें उल्लेख किया गया है कि कई जिम और फिटनेस सेंटर्स में महिला प्रशिक्षक न होने के कारण महिलाएं असहज महसूस करती हैं। कई बार उन्हें गलत व्यवहार या असुविधाजनक स्थितियों का सामना करना पड़ता है, जिससे वे अक्सर जिम जाने या एक्सरसाइज करने से हिचकिचाती हैं, जो उनके स्वास्थ्य और आत्मविश्वास के लिए हानिकारक है।

इसी को ध्यान में रखते हुए आयोग ने कहा है कि हर सरकारी और निजी जिम में कम से कम एक योग्य महिला जिम ट्रेनर की नियुक्ति अवश्य की जाए। इससे न केवल महिलाओं को सुरक्षा का एहसास होगा, बल्कि उन्हें एक फ्रेंडली माहौल मिलेगा, जहां वे खुलकर फिटनेस पर ध्यान केंद्रित कर सकें।

आयोग का कहना है कि यह कदम महिलाओं की फिटनेस में भागीदारी बढ़ाने और उन्हें आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण साबित होगा। इसके साथ ही, यह 'फिट इंडिया मूवमेंट' और 'महिला सशक्तिकरण' जैसी राष्ट्रीय योजनाओं को भी मजबूत करेगा।

संपादकीय दृष्टिकोण

बल्कि उन्हें फिटनेस में भागीदारी के लिए प्रोत्साहित भी करता है। आयोग का यह प्रयास न केवल राज्य, बल्कि पूरे देश में महिलाओं के आत्मनिर्भरता और सशक्तिकरण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
RashtraPress
16 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

महिला ट्रेनर्स की नियुक्ति का क्या महत्व है?
महिला ट्रेनर्स की नियुक्ति महिलाओं को एक सुरक्षित और सहायक वातावरण प्रदान करती है, जिससे वे जिम में बिना किसी डर के अपनी फिटनेस पर ध्यान केंद्रित कर सकें।
क्या यह केवल सरकारी जिम के लिए है?
नहीं, आयोग ने सभी निजी और सरकारी जिम में महिला ट्रेनर्स की नियुक्ति की मांग की है।
महिला आयोग ने यह कदम क्यों उठाया है?
महिला आयोग ने महिलाओं की सुरक्षा और आत्मविश्वास को बढ़ाने के उद्देश्य से यह कदम उठाया है।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 3 महीने पहले
  2. 3 महीने पहले
  3. 3 महीने पहले
  4. 7 महीने पहले
  5. 8 महीने पहले
  6. 10 महीने पहले
  7. 11 महीने पहले
  8. 11 महीने पहले