IMD का 27 जुलाई को भारी बारिश का अलर्ट: हिमाचल, उत्तराखंड, ओडिशा समेत 10+ राज्यों में अगले 14 घंटे कठिन
सारांश
मुख्य बातें
भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने 27 जुलाई 2025 को देशभर के कई राज्यों में भारी से अत्यंत भारी बारिश, आंधी-तूफान, बिजली गिरने और तेज हवाओं को लेकर कड़ी चेतावनी जारी की है। विभाग के ताज़ा बुलेटिन के अनुसार, अगले 14 घंटे उत्तर, पूर्व और पश्चिम भारत के अनेक राज्यों के लिए मौसम की दृष्टि से अत्यंत चुनौतीपूर्ण रहने वाले हैं।
मुख्य चेतावनियाँ और खतरे
IMD ने आगाह किया है कि कुछ इलाकों में हवा की रफ्तार 80 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुँच सकती है। इससे पेड़ उखड़ने, बिजली आपूर्ति बाधित होने, यातायात में व्यवधान और निचले इलाकों में जलभराव का खतरा बना हुआ है। किसानों, यात्रियों और नदी-तटीय क्षेत्रों के निवासियों को विशेष रूप से सतर्क रहने की सलाह दी गई है।
पहाड़ी राज्यों में अधिकारियों ने लगातार बारिश के चलते भूस्खलन और नदियों के जलस्तर में अचानक वृद्धि की आशंका जताई है। लोगों से खराब मौसम के दौरान खुले स्थानों पर जाने से बचने की अपील की गई है।
उत्तर भारत में स्थिति
मौसम विभाग के अनुसार, पूरे सप्ताह हिमाचल प्रदेश, जम्मू-कश्मीर, लद्दाख और उत्तराखंड में बेहद भारी वर्षा की संभावना है। सोमवार से पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़, दिल्ली, उत्तर प्रदेश और राजस्थान में भी बारिश की गतिविधियाँ तेज होने का अनुमान है। इस सप्ताह इन राज्यों के कई हिस्सों में भारी से बहुत भारी बारिश दर्ज होने की संभावना जताई गई है।
विशेष रूप से राजस्थान और उत्तराखंड के कुछ हिस्सों में गरज के साथ बारिश, बिजली गिरने और तेज हवाओं की चेतावनी जारी की गई है।
पूर्वी भारत पर मानसून का असर
आने वाले दिनों में पूर्वी भारत में भी मानसून की तीव्र गतिविधियाँ देखने को मिल सकती हैं। IMD के पूर्वानुमान के अनुसार, ओडिशा, गंगीय पश्चिम बंगाल, उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल, सिक्किम, झारखंड और बिहार में भारी वर्षा की आशंका है।
इनमें ओडिशा में सबसे अधिक बारिश का अनुमान है — 27 जुलाई को भारी से बहुत भारी और कुछ स्थानों पर अत्यंत भारी बारिश हो सकती है। झारखंड में भी भारी वर्षा की चेतावनी दी गई है, जबकि इस सप्ताह बिहार में बारिश की तीव्रता बढ़ने का अनुमान है।
प्रशासन और जनता के लिए सलाह
IMD ने राज्य प्रशासन को हाई अलर्ट पर रहने के निर्देश दिए हैं। नागरिकों से अपील की गई है कि वे मौसम विभाग की सलाह का पालन करें, भारी बारिश के दौरान अनावश्यक यात्रा से बचें और बाढ़, जलभराव तथा भूस्खलन की आशंका वाले इलाकों में आवश्यक सावधानी बरतें। यह चेतावनी ऐसे समय में आई है जब मानसून अपने चरम पर है और उत्तर-पूर्व से लेकर पश्चिमी तट तक देश के बड़े हिस्से पहले से ही अत्यधिक वर्षा की चपेट में हैं।