ईरान के न्यूक्लियर प्लांट के निकट हमले की पुष्टि, आईएईए ने दी जानकारी
सारांश
Key Takeaways
- आईएईए ने ईरान के बुशहर न्यूक्लियर एनर्जी प्लांट के पास हुए हमले की पुष्टि की है।
- हमला 75 मीटर की दूरी पर हुआ, लेकिन प्लांट को कोई नुकसान नहीं हुआ।
- ग्रॉसी ने सैन्य गतिविधियों के खतरों के बारे में चेतावनी दी है।
- ईरान ने जारी हमलों की निंदा करने की प्रवृत्ति को मौन के समान बताया है।
- सभी पक्षों को परमाणु सुरक्षा के लिए जरूरी कदम उठाने की आवश्यकता है।
जिनेवा, 6 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। अंतरराष्ट्रीय परमाणु ऊर्जा एजेंसी (आईएईए) ने ईरान के बुशहर न्यूक्लियर एनर्जी प्लांट के निकट हुए हमले की पुष्टि की है। यह जानकर संतोष होता है कि इस हमले से प्लांट को वर्तमान में कोई सीधा नुकसान नहीं हुआ है। एजेंसी के अनुसार, हमला केवल 75 मीटर की दूरी पर हुआ।
आईएईए ने सैटेलाइट चित्रों और तकनीकी डेटा के आधार पर यह जानकारी दी। एजेंसी ने अपने आधिकारिक एक्स हैंडल पर डीजी रफेल ग्रॉसी के हवाले से इसे साझा किया।
पोस्ट में उल्लेख किया गया है कि एजेंसी यह पुष्टि करती है कि ईरान के बुशहर न्यूक्लियर पावर प्लांट (बीएनपीपी) के आस-पास एक सैन्य हमला हुआ। इनमें से एक हमला प्लांट की सीमा से केवल 75 मीटर दूर हुआ था। 5 अप्रैल की तस्वीरों के आईएईए के विश्लेषण से यह स्पष्ट होता है कि बीएनपीपी को कोई सीधा नुकसान नहीं हुआ है।
ग्रॉसी ने चेतावनी दी है कि बीएनपीपी—जो कि भारी मात्रा में परमाणु ईंधन वाला एक सक्रिय प्लांट है—के निकट लगातार चल रही सैन्य गतिविधियाँ गंभीर रेडियोलॉजिकल रिसाव का कारण बन सकती हैं, जिसके परिणाम मानवता और पर्यावरण के लिए अत्यंत खतरनाक हो सकते हैं।
डीजी ग्रॉसी के अनुसार, चाहे लक्ष्यों की प्रकृति क्या भी हो, ऐसे हमले परमाणु सुरक्षा के लिए एक बड़ा खतरा हैं और इन्हें तुरंत रोकना चाहिए।
ग्रॉसी ने एक बार फिर सभी पक्षों से संघर्ष के दौरान परमाणु सुरक्षा और संरक्षा सुनिश्चित करने वाले 7 अनिवार्य स्तंभों का सम्मान करने की अपील की।
यह उल्लेखनीय है कि इससे पहले ईरान ने इस मामले में आईएईए को एक पत्र लिखा था, जिसमें चेतावनी दी गई थी कि अगर ऐसे हमले जारी रहे, तो इससे रेडियोएक्टिव रिसाव का खतरा बढ़ सकता है, जो न केवल ईरान बल्कि पूरे क्षेत्र के लिए विनाशकारी सिद्ध हो सकता है। तेहरान ने हमलों की केवल निंदा करने की प्रवृत्ति को मौन के समान बताया है। उन्होंने कहा कि आपकी चुप्पी हमलावरों को प्रोत्साहित कर रही है और उनके हौसले को बढ़ा रही है।