आंध्र प्रदेश स्थानीय निकाय चुनाव: जगन मोहन रेड्डी ने एमिकस क्यूरी और केंद्रीय बलों की माँग की, TDP पर धांधली का आरोप
सारांश
मुख्य बातें
वाईएसआर कांग्रेस पार्टी (YSRCP) के अध्यक्ष और आंध्र प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री वाईएस जगन मोहन रेड्डी ने 23 अक्टूबर 2026 को ताडेपल्ली में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में राज्य की एनडीए सरकार पर स्थानीय निकाय चुनावों के संचालन में सर्वोच्च न्यायालय के निर्देशों की अवहेलना करने का आरोप लगाया। उन्होंने चुनाव प्रक्रिया की निष्पक्ष निगरानी के लिए एमिकस क्यूरी की नियुक्ति, केंद्रीय बलों की तैनाती और सीसीटीवी कवरेज की माँग की। जगन के अनुसार, तेलुगू देशम पार्टी (TDP) के नेतृत्व वाला गठबंधन लोकतांत्रिक प्रक्रिया को विफल करने के लिए व्यापक स्तर पर हिंसा और धोखाधड़ी का सहारा ले रहा है।
मुख्य आरोप और घटनाक्रम
जगन मोहन रेड्डी ने आरोप लगाया कि YSRCP उम्मीदवारों — जिनमें महिला प्रत्याशी भी शामिल थीं — पर हमले किए गए, उन्हें धमकाया गया, और उनके नामांकन पत्र छीनकर फाड़ दिए गए। उनका कहना था कि ये घटनाएँ ZPTC और MPTC नामांकन तथा शहरी स्थानीय निकाय चुनावों, दोनों में हुई हैं। उन्होंने यह भी दावा किया कि TDP ने YSRCP की ओर से फर्जी नामांकन पत्र दाखिल किए, उम्मीदवारों के हस्ताक्षर जाली किए, और नाम वापसी की झूठी घोषणाएँ कीं।
साक्ष्य और कानूनी कदम
पूर्व मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर 'पचामूकला दादुलु' (पीली भीड़ द्वारा हमले) नामक एक पुस्तक का विमोचन किया, जिसमें हमलों के सचित्र साक्ष्य संकलित हैं। उन्होंने बताया कि पुस्तक का QR कोड लोकतंत्र की रक्षा करने वालों के लिए उपलब्ध कराया जाएगा और इसे न्यायालयों में भी प्रस्तुत किया जाएगा। जगन ने कहा, 'हम सभी घटनाओं की जानकारी संबंधित अधिकारियों को दे रहे हैं और अदालतों का रुख भी करेंगे क्योंकि मौजूदा अराजकता से लोकतंत्र खतरे में है।'
राज्य चुनाव आयोग पर सवाल
जगन मोहन रेड्डी ने राज्य चुनाव आयोग (SEC) पर भी निशाना साधा। उनका आरोप था कि आयोग सर्वोच्च न्यायालय के निर्देशों की अनदेखी करते हुए केवल चुनिंदा केंद्रों — तिरुपति, कडप्पा, राजमपेटा और मैदुकुर के कुछ वार्डों — को पुनः नामांकन की अनुमति दे रहा है, जबकि YSRCP ने 19 नगरपालिकाओं में बाधा डालने की शिकायत दर्ज की थी। उन्होंने SEC की निष्पक्षता पर सवाल उठाते हुए इसे पक्षपातपूर्ण करार दिया।
नेताओं पर हमलों का उल्लेख
पूर्व मुख्यमंत्री ने बताया कि सांसद वाईएस अविनाश रेड्डी को कडप्पा स्थित पार्टी कार्यालय से गिरफ्तार किया गया और पूर्व उपमुख्यमंत्री नारायण स्वामी पर चित्तूर में हमला किया गया। उन्होंने आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री चंद्रबाबू नायडू अपने चुनावी वादों को पूरा करने में विफल रहने के कारण परिणामों से भयभीत हैं और परदे के पीछे से इन सभी घटनाओं को नियंत्रित कर रहे हैं।
माँगें और आगे की राह
जगन मोहन रेड्डी ने सर्वोच्च न्यायालय से आग्रह किया कि वह चुनाव की निगरानी के लिए एमिकस क्यूरी नियुक्त करे, केंद्रीय बलों की तैनाती का आदेश दे, संपूर्ण चुनाव प्रक्रिया की वीडियो रिकॉर्डिंग सुनिश्चित करे और सभी प्रत्याशियों को सुरक्षा प्रदान की जाए। उन्होंने YSRCP कार्यकर्ताओं की प्रशंसा करते हुए चेतावनी दी कि आने वाले दिनों में सभी दोषी अधिकारियों को इसके परिणाम भुगतने होंगे।