बोरिंग अस्पताल दीवार हादसा: कर्नाटक सरकार ने राज्यभर के अस्पतालों का सुरक्षा ऑडिट आदेश दिया, एक हफ्ते में माँगी रिपोर्ट
सारांश
Key Takeaways
बेंगलुरु के बोरिंग एंड लेडी कर्जन अस्पताल में 30 अप्रैल 2025 की रात भारी बारिश, ओलावृष्टि और आंधी के दौरान कंपाउंड दीवार गिरने से 7 लोगों की मौत हो गई और 7 अन्य घायल हो गए। इस दर्दनाक हादसे के बाद कर्नाटक सरकार ने गुरुवार को पूरे राज्य के अस्पताल परिसरों का सुरक्षा ऑडिट कराने का आदेश जारी किया, जिसमें बेंगलुरु के सरकारी अस्पतालों पर विशेष ध्यान दिया जाएगा।
हादसे का विवरण
अधिकारियों के अनुसार, यह हादसा उस समय हुआ जब लोग भारी बारिश से बचने के लिए अस्पताल की कंपाउंड दीवार के पास खड़े थे और दीवार अचानक उनके ऊपर गिर गई। मृतकों में एक बच्ची और केरल के दो पर्यटक शामिल हैं। घायलों में 5 महिलाएँ भी शामिल हैं, जिन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
सरकार की प्रतिक्रिया और सुरक्षा ऑडिट
चिकित्सा शिक्षा और कौशल विकास मंत्री शरण प्रकाश पाटिल ने घटना स्थल का दौरा कर घायलों से मुलाकात की। उन्होंने बताया कि राज्य के सभी सरकारी अस्पतालों में सुरक्षा जाँच के निर्देश दिए गए हैं। बेंगलुरु के बोवरिंग अस्पताल, विक्टोरिया अस्पताल, केसी जनरल अस्पताल और सीवी रमन नगर अस्पताल समेत सभी सरकारी अस्पतालों की इमारतों और कंपाउंड दीवारों की गुणवत्ता की विशेष जाँच की जाएगी।
मंत्री ने अधिकारियों को एक सप्ताह के भीतर जाँच पूरी कर रिपोर्ट सौंपने के निर्देश दिए हैं। इस संबंध में उन्होंने संबंधित विभागों के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ बैठक कर मामले को गंभीरता से लेने को कहा।
मुख्यमंत्री का बयान और मुआवज़ा
मुख्यमंत्री सिद्दारमैया ने इस घटना पर गहरा दुख जताया। उन्होंने मृतकों के परिजनों को ₹5 लाख की आर्थिक सहायता देने की घोषणा की और घायलों के मुफ्त इलाज के निर्देश दिए। साथ ही उन्होंने अधिकारियों से सवाल किया कि ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए क्या कदम उठाए गए थे और लापरवाही पर नाराजगी जताई।
राजनीतिक प्रतिक्रिया
कर्नाटक भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने भी इस घटना पर गहरा दुख व्यक्त किया। केंद्रीय मंत्री एचडी कुमारस्वामी ने हादसे पर शोक जताया। BJP एमएलसी सीटी रवि ने कहा,