भाजपा सांसद प्रवीण खंडेलवाल की अपील: दिल्ली के स्थानीय बाज़ारों में खरीदारी करें, व्यापारियों को सहयोग दें
सारांश
मुख्य बातें
भारतीय जनता पार्टी (BJP) के सांसद प्रवीण खंडेलवाल ने 4 नवंबर 2026 को दिल्ली के व्यापारियों के समर्थन में पार्टी कार्यकर्ताओं और आम उपभोक्ताओं से स्थानीय बाज़ारों में खरीदारी करने की अपील की। उनका कहना है कि पिछले एक महीने के दौरान हुए विरोध-प्रदर्शनों के कारण दिल्ली के छोटे व्यापारियों, कारीगरों और स्थानीय निर्माताओं को भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ा है।
स्थानीय व्यापारियों को समर्थन की पुकार
चांदनी चौक लोकसभा क्षेत्र से सांसद प्रवीण खंडेलवाल ने विशेष रूप से अपने संसदीय क्षेत्र के बाज़ारों का उल्लेख करते हुए कहा कि पार्टी कार्यकर्ताओं को बड़ी संख्या में स्थानीय बाज़ारों में पहुँचना चाहिए और छोटे व्यापारियों से सामान खरीदकर उनका मनोबल बढ़ाना चाहिए। उन्होंने कहा कि यह केवल एक राजनीतिक अपील नहीं, बल्कि एक सामाजिक जिम्मेदारी है।
खंडेलवाल ने कहा कि आम उपभोक्ताओं को भी इस प्रयास में सहभागी बनना चाहिए, ताकि स्थानीय कारोबार को ठोस समर्थन मिल सके। उनके अनुसार विरोध-प्रदर्शनों की वजह से दिल्ली के बाज़ारों में ग्राहकों की आवाजाही कम हुई, जिससे छोटे व्यापारियों पर प्रतिकूल असर पड़ा।
कांग्रेस पर हमला
कांग्रेस पर सीधे निशाना साधते हुए खंडेलवाल ने आरोप लगाया कि पार्टी के कुछ नेता, जो पेशे से वकील हैं, सर्वोच्च न्यायालय में आतंकवादियों का प्रतिनिधित्व करते हैं। उन्होंने कहा कि जब-जब देश को बाँटने की कोशिश होती है, कांग्रेस के नेता कथित तौर पर ऐसी ताकतों के साथ दिखाई देते हैं।
गौरतलब है कि खंडेलवाल के ये आरोप पार्टी की ओर से की जाने वाली नियमित राजनीतिक आलोचना का हिस्सा हैं और कांग्रेस की तरफ से इस पर तत्काल कोई प्रतिक्रिया उपलब्ध नहीं है।
राहुल गांधी की विदेश यात्राओं पर सवाल
कांग्रेस नेता राहुल गांधी की विदेश यात्राओं पर सवाल उठाते हुए खंडेलवाल ने कहा कि देश को यह जानने का अधिकार है कि इन दौरों के दौरान किन लोगों से मुलाकातें होती हैं। उन्होंने पारदर्शिता की माँग करते हुए आरोप लगाया कि इन यात्राओं को लेकर जानकारी सार्वजनिक नहीं की जाती। ये आरोप खंडेलवाल के अपने बयान हैं और इन्हें स्वतंत्र रूप से सत्यापित नहीं किया गया है।
सीआरपीएफ की उपलब्धि पर सराहना
भाजपा सांसद ने केंद्रीय रिज़र्व पुलिस बल (CRPF) द्वारा लगातार 12 महीनों तक शून्य ऑपरेशनल कैज़ुअल्टी का रिकॉर्ड बनाने पर बल के जवानों और अधिकारियों की प्रशंसा की। उन्होंने दावा किया कि यह उपलब्धि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह की कार्यशैली का परिणाम है।
खंडेलवाल के अनुसार इस अवधि में नक्सलवाद से लड़ाई के साथ-साथ सीआरपीएफ को कई विरोध-प्रदर्शनों और आंदोलनों को भी सँभालना पड़ा, फिर भी बल ने बिना किसी ऑपरेशनल कैज़ुअल्टी के पूरे वर्ष का संचालन किया। यह दावा खंडेलवाल का अपना वक्तव्य है; सरकारी आँकड़ों से इसकी स्वतंत्र पुष्टि अभी नहीं हुई है।
आने वाले दिनों में देखना होगा कि खंडेलवाल की यह अपील दिल्ली के बाज़ारों में ग्राहकों की वापसी में कितनी भूमिका निभाती है और क्या अन्य भाजपा नेता भी इस मुहिम से जुड़ते हैं।