कोलकाता नगर निगम वार्ड परिसीमन: 209 नहीं, 211 वार्ड हो सकते हैं — 45 वार्डों में मतदाता असंतुलन बड़ी वजह
सारांश
मुख्य बातें
पश्चिम बंगाल के नगर मामलों और शहरी विकास विभाग द्वारा इस सप्ताह जारी परिसीमन मसौदे में कोलकाता नगर निगम (KMC) के वार्डों की संख्या 144 से बढ़ाकर 209 करने का प्रस्ताव है, लेकिन विभाग के अधिकारियों के अनुसार यह संख्या और बढ़कर 211 तक जा सकती है। 45 वार्डों में मतदाताओं की संख्या निर्धारित सीमा 16,000 से अधिक या कम रहने के कारण यह संशोधन अपरिहार्य माना जा रहा है। नवंबर 2026 में होने वाले KMC चुनावों से पहले यह परिसीमन प्रक्रिया निर्णायक मोड़ पर है।
मसौदे में क्या है प्रस्ताव
परिसीमन मसौदे के अनुसार KMC में वार्डों की संख्या मौजूदा 144 से बढ़ाकर 209 करने की योजना है। राज्य सरकार का स्पष्ट निर्देश था कि प्रत्येक वार्ड में मतदाताओं की अधिकतम संख्या 16,000 तक सीमित रखी जाए, ताकि विकास निधि का समान वितरण सुनिश्चित हो सके। हालांकि, मसौदे में यह लक्ष्य पूरी तरह हासिल नहीं हो पाया है।
45 वार्डों में मतदाता असंतुलन की समस्या
नगर मामलों और शहरी विकास विभाग के एक अधिकारी ने बताया, 'प्रत्येक वार्ड में मतदाताओं की संख्या में संतुलन बनाए रखने और अधिकतम संख्या 16,000 तक सीमित करने के निर्देश के बावजूद 45 वार्डों में इस दिशा-निर्देश का पालन नहीं किया जा सका। विकास निधि के समान वितरण के लिए यह संतुलन अनिवार्य है, इसलिए पूरी संभावना है कि KMC में वार्डों की संख्या को और बढ़ाकर 211 करना पड़ सकता है।'
मध्य कोलकाता के एक वार्ड में मतदाताओं की संख्या 32,000 दर्ज की गई है — निर्धारित सीमा से दोगुनी। इसी तरह 12 वार्डों में औसत मतदाता संख्या 18,000 और 32 वार्डों में यह घटकर मात्र 13,000 रह गई है। यह विषमता विकास निधि के न्यायसंगत वितरण के सरकारी लक्ष्य के सामने सीधी चुनौती है।
प्रक्रिया पर उठे सवाल
कई शिकायतें दर्ज की गई हैं जिनमें आरोप लगाया गया है कि परिसीमन मसौदा तैयार करने की प्रक्रिया जल्दबाजी में की गई। आलोचकों का कहना है कि 45 वार्डों में मतदाता असंतुलन इसी हड़बड़ी का परिणाम है। गौरतलब है कि KMC देश की सबसे पुरानी नगर निगमों में से एक है, और इसके परिसीमन की प्रक्रिया पर पूरे राज्य की नज़र है।
हावड़ा नगर निगम में भी बदलाव
KMC से सटे हावड़ा नगर निगम (HMC) में भी नवंबर 2026 में चुनाव होने हैं। परिसीमन मसौदे के अनुसार HMC में वार्डों की संख्या मौजूदा 50 से बढ़कर 68 हो जाएगी। दोनों निगमों में एक साथ होने वाले इन चुनावों से पहले परिसीमन प्रक्रिया का अंतिम रूप लेना राजनीतिक दृष्टि से भी महत्वपूर्ण है।
आगे क्या होगा
अधिकारियों के अनुसार मतदाता असंतुलन को दूर करने के लिए मसौदे में संशोधन किया जा सकता है और अंतिम सूची में वार्डों की संख्या 211 तक पहुँच सकती है। यह ऐसे समय में आया है जब नवंबर चुनावों की तैयारियाँ तेज़ हो रही हैं और राज्य निर्वाचन आयोग की समय-सीमाएँ करीब आ रही हैं। परिसीमन की अंतिम अधिसूचना के बाद ही उम्मीदवारों और दलों की रणनीति स्पष्ट होगी।