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क्या राहुल गांधी की विचारधारा से बिहार विधानसभा चुनाव में जीत संभव है? - पप्पू यादव

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क्या राहुल गांधी की विचारधारा से बिहार विधानसभा चुनाव में जीत संभव है? - पप्पू यादव

सारांश

क्या राहुल गांधी की विचारधारा बिहार विधानसभा चुनाव में इंडिया ब्लॉक को जीत दिला सकती है? पप्पू यादव ने इस पर अपने विचार साझा किए हैं, जिसमें उन्होंने राहुल गांधी की सामाजिक न्याय और विकास की सोच को रेखांकित किया है। जानें उनके विचार और बिहार की राजनीति में संभावित बदलाव।

मुख्य बातें

राहुल गांधी की विचारधारा पर इंडिया ब्लॉक को जीत मिल सकती है।
विकास और सामाजिक न्याय पर ध्यान केंद्रित करना आवश्यक है।
सीट बंटवारे को समय पर अंतिम रूप दिया जाना चाहिए।
नीतीश कुमार की विश्वसनीयता पर सवाल उठाए गए हैं।
महागठबंधन में सभी दलों का सम्मान महत्वपूर्ण है।

नई दिल्ली, 6 अगस्त (राष्ट्र प्रेस)। बिहार के पूर्णिया लोकसभा क्षेत्र से सांसद राजेश रंजन उर्फ पप्पू यादव ने बिहार विधानसभा चुनाव को लेकर यह दावा किया है कि कांग्रेस सांसद राहुल गांधी की विचारधारा पर इंडिया ब्लॉक को जीत प्राप्त होगी। उनके अनुसार, राहुल गांधी संविधान, लोकतांत्रिक मूल्यों, और सामाजिक न्याय की रक्षा के लिए सबसे प्रभावशाली आवाज हैं।

बुधवार को राष्ट्र प्रेस से बातचीत के दौरान उन्होंने कहा कि राहुल गांधी का दृष्टिकोण गरीबी उन्मूलन, विकास, और बिहार को आत्मनिर्भर बनाने पर केंद्रित है। उनकी पांच गारंटी और छात्र-केंद्रित सुधार (जैसे यूपीएससी-बीपीएससी) युवाओं के लिए प्रेरणा का स्रोत हैं। जीत किसी व्यक्ति विशेष के चेहरे पर नहीं, बल्कि राहुल गांधी की विचारधारा और गठबंधन की एकता पर निर्भर करेगी।

तेजस्वी यादव के मुख्यमंत्री चेहरे के दावे पर पप्पू यादव ने टिप्पणी करते हुए कहा कि हर पार्टी का कार्यकर्ता अपने शीर्ष नेता को लीडर के रूप में मानता है, लेकिन अभी मुख्यमंत्री का चेहरा तय करना जल्दबाजी होगी। यह फैसला चुनाव के बाद होना चाहिए। जीत विचारधारा पर आधारित होनी चाहिए, न कि किसी विशेष व्यक्ति पर। उन्होंने कहा कि यह महत्वपूर्ण है कि इंडिया ब्लॉक की जीत हो और नफरत फैलाने वालों की हार हो।

जातिवाद और सांप्रदायिकता की राजनीति को खारिज करते हुए उन्होंने विकास, आर्थिक आजादी और अंबेडकरवादी सोच को बढ़ावा देने की बात की। उनका कहना है कि 24 घंटे हिंदू-मुस्लिम की बात करने के बजाय जनता के बीच विकास और आत्मनिर्भरता के मुद्दों पर ध्यान देना चाहिए।

सीट बंटवारे पर उन्होंने कहा कि महागठबंधन में सीट बंटवारे को कम से कम पांच महीने पहले अंतिम रूप देने की वकालत की। देरी से जनता में गलत संदेश जाता है, भ्रम पैदा होता है, और उम्मीदवारों को तैयारी का समय नहीं मिलता। यह गठबंधन की रणनीति को कमजोर करता है। उनका कहना है कि समय पर सीट बंटवारा न होने से कार्यकर्ताओं और जनता में उत्साह की कमी और भ्रम की स्थिति बनती है।

पप्पू यादव ने नीतीश कुमार पर तीखा हमला करते हुए कहा कि भाजपा ने उन्हें शारीरिक और मानसिक रूप से समाप्त कर दिया है। उन्होंने नीतीश की उम्र और मानसिक स्थिति पर सवाल उठाए, जिससे उनकी विश्वसनीयता पर असर पड़ता है। उनका मानना है कि नीतीश और भाजपा विकास और तरक्की की बात नहीं करते, बल्कि नफरत और विभाजन की राजनीति करते हैं।

महागठबंधन को लेकर उन्होंने कहा कि सीटों की संख्या से ज्यादा सभी दलों का सम्मान महत्वपूर्ण है। कांग्रेस को 70 सीटों पर लड़ने की बात को उन्होंने अस्पष्ट बताया और कहा कि गठबंधन में सभी का सम्मान आवश्यक है। कांग्रेस का सम्मान किए बिना महागठबंधन बड़ी जीत हासिल नहीं कर सकता। उन्होंने अहंकार को हराने और एकता पर जोर देने की बात कही।

संपादकीय दृष्टिकोण

तो विकास और सामाजिक न्याय की बात करना आवश्यक है। यह महागठबंधन की सफलता के लिए एक महत्वपूर्ण संकेत हो सकता है।
RashtraPress
26 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

पप्पू यादव का राहुल गांधी के बारे में क्या कहना है?
पप्पू यादव ने कहा कि राहुल गांधी की विचारधारा पर इंडिया ब्लॉक को जीत मिलेगी और वह सामाजिक न्याय और संविधान की रक्षा के लिए महत्वपूर्ण हैं।
सीट बंटवारे पर पप्पू यादव का क्या विचार है?
पप्पू यादव का कहना है कि महागठबंधन में सीट बंटवारे को समय पर अंतिम रूप दिया जाना चाहिए, ताकि कार्यकर्ताओं में उत्साह बना रहे।
नीतीश कुमार के बारे में पप्पू यादव की टिप्पणी क्या है?
पप्पू यादव ने नीतीश कुमार पर हमला करते हुए कहा कि भाजपा ने उन्हें मानसिक और शारीरिक रूप से खत्म कर दिया है।
राष्ट्र प्रेस
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