क्या बिहार के मंत्री लखेंद्र पासवान ने मुर्शिदाबाद में मस्जिद की नींव रखे जाने पर ममता बनर्जी सरकार को घेरा?
सारांश
मुख्य बातें
पटना, 6 दिसंबर (राष्ट्र प्रेस)। बिहार सरकार के मंत्री लखेंद्र पासवान ने पश्चिम बंगाल के मुर्शिदाबाद में 'बाबरी' नाम की मस्जिद की नींव रखे जाने पर तीव्र विरोध व्यक्त किया। उन्होंने ममता बनर्जी पर आरोप लगाया कि उनके लोग हिंदुओं को लक्षित कर रहे हैं।
लखेंद्र पासवान ने कहा, "बंगाल में जिस प्रकार से ममता बनर्जी और उनके समर्थक एक विशेष धर्म या समुदाय को निशाना बना रहे हैं, और कुछ लोगों को बढ़ावा दे रहे हैं जबकि अन्य (हिंदू) का अपमान कर रहे हैं, यह चिंताजनक है।"
उन्होंने राष्ट्र प्रेस से बातचीत करते हुए कहा, "ममता बनर्जी और उनके लोग मानते हैं कि बंगाल भारत से अलग है, लेकिन उन्हें यह समझना होगा कि हमारा देश बाबासाहेब अंबेडकर द्वारा बनाए गए संविधान के अनुसार चलता है। इसलिए, बंगाल भारत का एक हिस्सा है। किसी विशेष समुदाय या मजहब को अपनाकर हिंदू समाज के लोगों का अपमान करना स्वीकार्य नहीं है।"
मंत्री पासवान ने यह भी कहा कि बिहार के बाद अब पश्चिम बंगाल की बारी है। आने वाले दिनों में ममता बनर्जी को बंगाल छोड़ना पड़ेगा।
लखेंद्र पासवान ने शनिवार को कैबिनेट मंत्री दिलीप जायसवाल के साथ बाबासाहेब भीमराव अंबेडकर के महापरिनिर्वाण दिवस पर आयोजित कार्यक्रम में भाग लिया। उन्होंने पटना के चितकोहड़ा अंबेडकर चौक पर भीमराव अंबेडकर की आदमकद प्रतिमा पर माल्यार्पण किया।
इस अवसर पर मंत्री दिलीप जायसवाल ने कहा, "आज यहां बाबासाहेब भीमराव अंबेडकर के महापरिनिर्वाण दिवस पर एक महत्वपूर्ण कार्यक्रम आयोजित किया गया। बिहार सरकार के मंत्री और अनुसूचित जाति समाज के लोग मिलकर इस कार्यक्रम में भीमराव अंबेडकर को श्रद्धांजलि दे रहे हैं।"
उन्होंने कहा कि संविधान के निर्माता बाबासाहेब भीमराव अंबेडकर का सपना था कि लोगों को मुख्यधारा से जोड़ा जाए और हम उस सपने को पूरा करने के लिए कार्य करेंगे। हर गरीब और वंचित को मुख्यधारा से जोड़ा जाएगा।