लुधियाना के किचलू नगर में 5 दिन में दूसरी बार धंसी सड़क, रवनीत बिट्टू ने AAP सरकार को घेरा
सारांश
मुख्य बातें
भारतीय जनता पार्टी (BJP) के नेता और पूर्व केंद्रीय राज्यमंत्री रवनीत सिंह बिट्टू ने 6 अगस्त को लुधियाना के किचलू नगर में महज पाँच दिनों के भीतर दूसरी बार सड़क धंसने की घटना को लेकर पंजाब में सत्तारूढ़ आम आदमी पार्टी (AAP) की सरकार पर कड़ा प्रहार किया। बिट्टू ने आरोप लगाया कि बारिश के मौसम में लुधियाना की सड़कें और बुनियादी ढाँचा पूरी तरह चरमरा गए हैं, जिससे स्थानीय निवासियों के घरों की नींव तक खतरे में पड़ गई है।
मुख्य घटनाक्रम
रवनीत सिंह बिट्टू ने एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर धंसी सड़क में फँसी ट्रॉली की तस्वीर साझा करते हुए लिखा कि किचलू नगर में पिछले पाँच दिनों में यह दूसरी बार सड़क धंसने की घटना हुई है और इससे स्थानीय लोगों के घरों तक खतरा पहुँच गया है। उन्होंने सवाल उठाया, 'अगर बिना भारी बारिश के सड़कों का यह हाल है, तो आने वाले दिनों में क्या होगा?' बिट्टू ने आरोप लगाया कि टैक्स देने वाली जनता अपने घरों में भी सुरक्षित नहीं है और प्रशासन 'गहरी नींद में सोया हुआ है।'
पहले भी उठाते रहे हैं मुद्दा
यह पहली बार नहीं है जब बिट्टू ने लुधियाना के बुनियादी ढाँचे को लेकर पंजाब सरकार पर निशाना साधा हो। 3 अगस्त को उन्होंने सड़क पर भरे पानी में बाइक सवार के डूबने का वीडियो साझा करते हुए सरकार पर 'दिखावा ज्यादा, काम कुछ नहीं' का आरोप लगाया था। इससे पहले 30 जुलाई को उन्होंने एक गड्ढे में कार फँसने और जलभराव का वीडियो एक्स पर पोस्ट करते हुए लुधियाना को 'तथाकथित स्मार्ट सिटी' करार दिया था।
सरकार पर लगाए गंभीर आरोप
बिट्टू ने अपनी पोस्ट में कई गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि पंजाब की सड़कों और सीवेज सिस्टम के लिए तय फंड को 'दूसरे राज्यों में प्रचार अभियानों पर बर्बाद किया जा रहा है।' उन्होंने जलालाबाद में भी जलजमाव और गड्ढों का उल्लेख करते हुए कहा कि इससे सरकार के 'बदलाव' के दावों की पोल खुल गई है। बिट्टू ने यह भी कहा कि 'पंजाब के लोगों ने ऐसे डूबते पंजाब के लिए वोट नहीं दिया था।'
आम जनता पर असर
किचलू नगर के निवासियों के लिए सड़क का बार-बार धंसना सीधे सुरक्षा का संकट बन गया है। बिट्टू के अनुसार स्थानीय लोगों के घरों की नींव खतरे में है। लुधियाना जैसे प्रमुख औद्योगिक शहर में बारिश के बाद इस तरह की स्थिति बुनियादी ढाँचे की गुणवत्ता पर गंभीर सवाल खड़े करती है। गौरतलब है कि लुधियाना को स्मार्ट सिटी मिशन के तहत विकसित किए जाने का दावा किया जाता रहा है।
क्या होगा आगे
बिट्टू ने माँग की है कि पंजाब सरकार तुरंत जवाबदेही तय करे और बुनियादी ढाँचे की मरम्मत के लिए ठोस कदम उठाए। अभी तक पंजाब सरकार या लुधियाना प्रशासन की ओर से इन आरोपों पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। बारिश का मौसम जारी रहने के साथ आने वाले हफ्तों में यह मुद्दा और गहराने की आशंका है।