क्या मध्य प्रदेश में अंग दान पर 'गार्ड ऑफ ऑनर' समाज की कृतज्ञता का प्रतीक है?

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क्या मध्य प्रदेश में अंग दान पर 'गार्ड ऑफ ऑनर' समाज की कृतज्ञता का प्रतीक है?

सारांश

मध्य प्रदेश में अंगदान को प्रोत्साहित करने के लिए राज्य सरकार द्वारा गार्ड ऑफ ऑनर दिया जा रहा है, जो समाज की कृतज्ञता का प्रतीक है। विदिशा के अरविंद कुमार जैन को यह सम्मान प्रदान किया गया। यह पहल चिकित्सा क्षेत्र में एक नई उम्मीद जगाती है।

मुख्य बातें

अंगदान को बढ़ावा देने के लिए राज्य सरकार सक्रिय है।
D ेहदान और अंगदान करने वालों को गार्ड ऑफ ऑनर मिलता है।
राजेन्द्र शुक्ल ने अंगदान को जीवनदान बताया है।
अंगदान चिकित्सा छात्रों के लिए महत्वपूर्ण है।
यह पहल समाज में अंगदान के प्रति जागरूकता बढ़ाती है।

भोपाल, 10 अगस्त (राष्ट्र प्रेस)। मध्य प्रदेश सरकार देहदान और अंगदान को बढ़ावा देने के लिए सक्रिय है और देहदान तथा अंगदान करने वालों को राज्य सरकार की तरफ से गार्ड ऑफ ऑनर भी प्रदान किया जाता है। विदिशा के निवासी अरविंद कुमार जैन का उपचार के दौरान निधन हो गया और उन्होंने मेडिकल कॉलेज विदिशा में अंग दान किया। इस अवसर पर उन्हें भी गार्ड ऑफ ऑनर प्रदान किया गया।

राज्य के उपमुख्यमंत्री राजेंद्र शुक्ल ने कहा है कि अंगदान करने वाले व्यक्तियों को गार्ड ऑफ ऑनर देना समाज की ओर से कृतज्ञता व्यक्त करने का एक तरीका है। विदिशा निवासी अरविंद कुमार जैन का हाल ही में स्वास्थ्य बिगड़ा था और उनका उपचार भोपाल के एक निजी अस्पताल में चल रहा था, जहाँ उनका रविवार की शाम निधन हो गया। निधन के बाद उनकी पार्थिव देह को विदिशा के अटल बिहारी वाजपेयी शासकीय चिकित्सालय लाया गया, जहाँ अंगदान के बाद उन्हें गार्ड ऑफ ऑनर देकर अंतिम विदाई दी गई।

राज्य सरकार अंगदान को बढ़ावा देने की दिशा में दिवंगत अंगदाताओं को गार्ड ऑफ ऑनर देकर सम्मानित कर रही है। विदिशा जिले में यह सम्मान पहली बार दिया गया है। उपमुख्यमंत्री राजेंद्र शुक्ल ने कहा कि अंगदान वास्तव में जीवनदान है। विदिशा के दिवंगत अंगदाता अरविंद कुमार जैन को गार्ड ऑफ ऑनर देकर सम्मानित करना, उनके अमूल्य योगदान के प्रति समाज की कृतज्ञता का प्रतीक है। राज्य सरकार इस परंपरा को निरंतर आगे बढ़ाने का प्रयास कर रही है।

अटल बिहारी वाजपेयी चिकित्सा महाविद्यालय विदिशा के चिकित्सकों का कहना है कि अंगदान इस समय की एक आवश्यकता है, जहाँ एक व्यक्ति के अंग दूसरे को नया जीवन देते हैं। इसके साथ ही संबंधित की यादें भी जीवित रहती हैं। जब किसी की देह दान की जाती है, तो यह चिकित्सा जगत के लिए अत्यधिक महत्वपूर्ण होता है। इससे चिकित्सा छात्रों को उनके प्रायोगिक कार्यों में मदद मिलती है, जिससे वे सक्षम चिकित्सक बनते हैं। इस प्रकार, एक देहदान कई चिकित्सा छात्रों के लिए लाभकारी होता है और वे समाज को बेहतर उपचार प्रदान करते हैं।

संपादकीय दृष्टिकोण

मृतक के प्रति कृतज्ञता और उनके योगदान की पहचान बनते हैं। यह पहल न केवल अंगदान को प्रोत्साहित करती है, बल्कि चिकित्सा क्षेत्र में भी महत्वपूर्ण योगदान देती है।
RashtraPress
13 मई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

मध्य प्रदेश में गार्ड ऑफ ऑनर किसके लिए दिया जाता है?
यह गार्ड ऑफ ऑनर उन व्यक्तियों को दिया जाता है जिन्होंने अंगदान या देहदान किया है।
अंगदान का समाज पर क्या प्रभाव पड़ता है?
अंगदान से कई लोगों को नया जीवन मिल सकता है और यह चिकित्सा क्षेत्र में भी महत्वपूर्ण होता है।
राज्य सरकार अंगदान को कैसे प्रोत्साहित कर रही है?
राज्य सरकार दिवंगत अंगदाताओं को गार्ड ऑफ ऑनर देकर और अन्य जागरूकता कार्यक्रमों के माध्यम से अंगदान को प्रोत्साहन दे रही है।
राष्ट्र प्रेस
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