10 अगस्त 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

मध्य प्रदेश में एलपीजी और पेट्रोल-डीजल की आपूर्ति में कोई कमी नहीं: इंडियन ऑयल

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
मध्य प्रदेश में एलपीजी और पेट्रोल-डीजल की आपूर्ति में कोई कमी नहीं: इंडियन ऑयल

सारांश

मध्य प्रदेश में एलपीजी गैस और डीजल-पेट्रोल की निरंतर आपूर्ति हो रही है। इंडियन ऑयल कॉर्पोरेशन ने इस बात की पुष्टि की है कि उपलब्धता पूरी तरह से पर्याप्त है।

मुख्य बातें

मध्य प्रदेश में एलपीजी गैस की आपूर्ति स्थिर है।
रोजाना 2.20 लाख सिलेंडर वितरित किए जा रहे हैं।
छोटे सिलेंडर भी उपलब्ध हैं।
पेट्रोल-डीजल की पर्याप्त मात्रा में सप्लाई हो रही है।
कालाबाजारी की रोकथाम के लिए सख्त कदम उठाए गए हैं।

भोपाल, 6 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। मध्य प्रदेश में एलपीजी गैस और डीजल-पेट्रोल की निरंतर आपूर्ति हो रही है और यह पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध है। यह जानकारी इंडियन ऑयल कॉर्पोरेशन द्वारा दी गई है।

इंडियन ऑयल कॉरपोरेशन लिमिटेड भोपाल के मुख्य महा प्रबंधक एवं राज्य प्रमुख अजय कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि वर्तमान वैश्विक परिस्थितियों के बावजूद, सरकारी तेल कंपनियां (इंडियन ऑयल, बीपीसीएल और एचपीसीएल) मध्य प्रदेश में एलपीजी और पेट्रोल-डीजल की आपूर्ति को निरंतर बनाए रख रही हैं। राज्य में घरेलू एलपीजी की सप्लाई को प्राथमिकता दी जा रही है और गैस सिलेंडर की डिलीवरी सामान्य रूप से चल रही है।

वर्तमान में मध्य प्रदेश में प्रतिदिन लगभग 2.20 लाख एलपीजी सिलेंडर वितरित किए जा रहे हैं, जो सामान्य दिनों के समान है। उन्होंने आगे बताया कि घरेलू एलपीजी के साथ-साथ व्यावसायिक गैस की आपूर्ति भी निर्धारित नियमों के अनुसार की जा रही है। कम गैस का उपयोग करने वाले या जिनके पास स्थानीय पता नहीं है (जैसे छात्र, प्रवासी श्रमिक आदि) के लिए पांच किलो वाले छोटे सिलेंडर भी उपलब्ध कराए जा रहे हैं।

इस हेतु मंडीदीप, पीथमपुर, गोविंदपुरा, मालनपुर, देवास, सिंगरौली जैसे औद्योगिक क्षेत्रों में विशेष कैंप आयोजित किए जा रहे हैं। मध्य प्रदेश में कुल 13 बॉटलिंग प्लांट (इंडियन ऑयल- छह, बीपीसीएल- तीन और एचपीसीएल- चार) कार्यरत हैं, जिनमें पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध है। इन प्लांट्स से राज्यभर में 1552 गैस एजेंसियों के माध्यम से उपभोक्ताओं को सप्लाई की जा रही है। वर्तमान में लगभग 95 प्रतिशत बुकिंग ऑनलाइन हो रही है। डिलीवरी के समय ओटीपी के जरिए सही ग्राहक को सिलेंडर प्रदान किया जा रहा है।

कुछ स्थानों पर गड़बड़ी और कालाबाजारी की शिकायतों के मद्देनजर कंपनियों ने सख्ती बढ़ाई है। जांच के लिए विशेष टीमें गठित की गई हैं। मध्य प्रदेश में अब तक 2485 छापे मारे गए हैं, 10 एफआईआर दर्ज की गई हैं और 3561 सिलेंडर जब्त किए गए हैं।

अजय कुमार श्रीवास्तव ने भरोसा दिलाया है कि देश में एलपीजी की कोई कमी नहीं है। उन्हें घबराकर गैस की बुकिंग या स्टॉक नहीं करना चाहिए और अफवाहों पर ध्यान नहीं देना चाहिए। पेट्रोल और डीजल की बात करें तो राज्य में कुल 7147 पेट्रोल पंप हैं, जिनमें से 649 निजी कंपनियों के हैं। राज्य में चार टर्मिनल और 13 डिपो के माध्यम से पर्याप्त स्टोरेज और सप्लाई व्यवस्था बनी हुई है। वर्तमान में मध्य प्रदेश में प्रतिदिन लगभग 8000 किलोलीटर पेट्रोल और 16000 किलोलीटर डीजल की आपूर्ति हो रही है, जो जरूरत के अनुसार पर्याप्त है। सभी पेट्रोल पंपों पर ईंधन उपलब्ध है, खासकर खेती के मौसम में कोई कमी नहीं है।

संपादकीय दृष्टिकोण

खासकर वर्तमान वैश्विक परिवेश में।
RashtraPress
10 अगस्त 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

क्या मध्य प्रदेश में एलपीजी की कमी है?
नहीं, इंडियन ऑयल कॉर्पोरेशन के अनुसार, मध्य प्रदेश में एलपीजी की कोई कमी नहीं है।
राज्य में रोजाना कितने एलपीजी सिलेंडर वितरित किए जा रहे हैं?
मध्य प्रदेश में प्रतिदिन लगभग 2.20 लाख एलपीजी सिलेंडर वितरित किए जा रहे हैं।
क्या छोटे सिलेंडर भी उपलब्ध हैं?
हाँ, कम गैस उपयोग करने वालों के लिए पांच किलो वाले छोटे सिलेंडर भी उपलब्ध कराए जा रहे हैं।
मध्य प्रदेश में पेट्रोल-डीजल की स्थिति क्या है?
राज्य में पेट्रोल और डीजल की आपूर्ति सामान्य रूप से हो रही है, और सभी पेट्रोल पंपों पर ईंधन उपलब्ध है।
क्या कंपनियों ने कालाबाजारी रोकने के लिए कुछ किया है?
हाँ, कंपनियों ने सख्ती बढ़ाई है और विशेष टीमें जांच के लिए गठित की गई हैं।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 2 महीने पहले
  2. 2 महीने पहले
  3. 4 महीने पहले
  4. 4 महीने पहले
  5. 4 महीने पहले
  6. 4 महीने पहले
  7. 4 महीने पहले
  8. 5 महीने पहले