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ममता बनर्जी और अभिषेक 8 जून को इंडिया ब्लॉक की बैठक में होंगे शामिल, उसी दिन CID पूछताछ भी

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ममता बनर्जी और अभिषेक 8 जून को इंडिया ब्लॉक की बैठक में होंगे शामिल, उसी दिन CID पूछताछ भी

सारांश

बंगाल चुनाव नतीजों के बाद ममता बनर्जी 8 जून को इंडिया ब्लॉक की दिल्ली बैठक में पहुँचकर भाजपा-विरोधी राष्ट्रीय अभियान का खाका खींचने जा रही हैं। उसी दिन अभिषेक बनर्जी को विधायकों के हस्ताक्षर विवाद में CID की पूछताछ का भी सामना करना है — कानूनी दबाव और विपक्षी एकजुटता दोनों एक साथ टकराते दिख रहे हैं।

मुख्य बातें

ममता बनर्जी और अभिषेक बनर्जी 8 जून को नई दिल्ली में इंडिया ब्लॉक की बैठक में शामिल होंगे।
उसी दिन अभिषेक को विधायकों के हस्ताक्षर में कथित गड़बड़ी पर CID मुख्यालय में पूछताछ के लिए तलब किया गया है।
पहले 1 जून को पेश होने का नोटिस मिला था, जिसके बाद अभिषेक ने 15 दिन का समय माँगा था।
30 मई को सोनारपुर में अभिषेक पर हुए कथित हमले के बाद राहुल गांधी, खड़गे, अखिलेश यादव, केजरीवाल और हेमंत सोरेन ने समर्थन जताया था।
4 मई को बंगाल चुनाव नतीजों के बाद ममता ने भाजपा के ख़िलाफ़ राष्ट्रीय स्तर पर नया आंदोलन छेड़ने की बात कही थी।

तृणमूल कांग्रेस (TMC) प्रमुख और पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी तथा पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव अभिषेक बनर्जी 8 जून को नई दिल्ली में होने वाली इंडिया ब्लॉक की बैठक में हिस्सा लेंगे। यह बैठक पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के नतीजों के बाद विपक्षी गठबंधन की पहली बड़ी राष्ट्रीय जुटान मानी जा रही है।

मुख्य घटनाक्रम

दिलचस्प बात यह है कि उसी दिन, यानी 8 जून को, अभिषेक बनर्जी को पश्चिम बंगाल पुलिस के अपराध जाँच विभाग (CID) मुख्यालय में पूछताछ के लिए भी तलब किया गया है। यह पूछताछ TMC के कुछ विधायकों के हस्ताक्षर में कथित गड़बड़ी से जुड़े मामले में होनी है।

इससे पहले अभिषेक को 1 जून को CID कार्यालय में पेश होने का नोटिस दिया गया था, लेकिन उन्होंने उपस्थित होने के बजाय 15 दिन का अतिरिक्त समय माँगा था। उनके अनुसार, 30 मई को दक्षिण 24 परगना ज़िले के सोनारपुर में उन पर हुए कथित हमले के कारण उनकी तबीयत ठीक नहीं थी। इसके बाद 1 जून की शाम CID ने दूसरा नोटिस जारी कर 8 जून की तारीख तय कर दी।

ममता का राष्ट्रीय दाँव

TMC के एक विधायक ने नाम न छापने की शर्त पर बताया कि 4 मई को विधानसभा चुनाव नतीजों के बाद ममता बनर्जी ने भाजपा के ख़िलाफ़ नए आंदोलन का संकेत दिया था। उनके अनुसार, यह आंदोलन सिर्फ़ राज्य तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि राष्ट्रीय स्तर पर इंडिया ब्लॉक के सहयोग से चलाया जाएगा।

विधायक के मुताबिक़, 8 जून की बैठक में ममता की उपस्थिति इसी रणनीति का पहला बड़ा क़दम होगी। गौरतलब है कि बंगाल चुनाव के बाद ममता का दिल्ली दौरा पार्टी की राष्ट्रीय सक्रियता को नए सिरे से परिभाषित कर सकता है।

विपक्ष की एकजुटता

30 मई को सोनारपुर में अभिषेक बनर्जी पर हुए कथित हमले के बाद इंडिया ब्लॉक के लगभग सभी प्रमुख नेताओं ने सोशल मीडिया पर प्रतिक्रिया देते हुए उनके साथ खड़े होने का संदेश दिया था। समर्थन जताने वालों में कांग्रेस नेता राहुल गांधी, कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे, समाजवादी पार्टी प्रमुख अखिलेश यादव, आम आदमी पार्टी (AAP) के संयोजक अरविंद केजरीवाल और झारखंड मुक्ति मोर्चा नेता हेमंत सोरेन शामिल थे।

अभिषेक ने भी सोशल मीडिया पर इन नेताओं का धन्यवाद किया था। TMC विधायक का कहना है कि संकट के समय दिखी यह एकजुटता 8 जून की बैठक में और मज़बूत हो सकती है।

क्या होगा आगे

यदि अभिषेक बनर्जी CID पूछताछ के साथ-साथ दिल्ली बैठक में भी पहुँचते हैं, तो यह कानूनी और राजनीतिक दोनों मोर्चों पर TMC की रणनीति की परीक्षा होगी। बैठक के एजेंडे में बंगाल चुनाव से उभरे विपक्षी समीकरण और भाजपा-विरोधी अभियान का राष्ट्रीय खाका तय किया जा सकता है।

संपादकीय दृष्टिकोण

संदेश है। TMC इसे विपक्षी एकजुटता बनाम 'राजनीतिक उत्पीड़न' की कथा में बदलने की कोशिश करेगी, ठीक वैसे ही जैसे ED-CBI नोटिसों के दौर में किया गया था। लेकिन असली सवाल यह है कि बंगाल चुनाव के बाद ममता का राष्ट्रीय दाँव क्या कांग्रेस के साथ सीटों के तालमेल तक पहुँचेगा, या 2024 की तरह फिर 'अकेले लड़ने' के बयानों पर अटक जाएगा। विधायकों के हस्ताक्षर का मामला भी टीएमसी के अंदरूनी अनुशासन पर सवाल खड़े करता है, जिसे पार्टी राष्ट्रीय शोर में दबाने की कोशिश कर सकती है।
RashtraPress
20 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

8 जून को इंडिया ब्लॉक की बैठक में क्या होगा?
नई दिल्ली में होने वाली इस बैठक में विपक्षी गठबंधन के प्रमुख नेता बंगाल चुनाव के बाद की रणनीति और भाजपा-विरोधी राष्ट्रीय अभियान पर चर्चा करेंगे। TMC प्रमुख ममता बनर्जी और अभिषेक बनर्जी की उपस्थिति इसे और महत्वपूर्ण बनाती है।
अभिषेक बनर्जी को CID ने क्यों तलब किया है?
अभिषेक बनर्जी को TMC के कुछ विधायकों के हस्ताक्षर में कथित गड़बड़ी से जुड़े मामले में पूछताछ के लिए बुलाया गया है। पहले 1 जून का नोटिस था, जिसे टालने के बाद अब 8 जून की तारीख तय की गई है।
सोनारपुर में अभिषेक बनर्जी पर क्या हुआ था?
30 मई को दक्षिण 24 परगना ज़िले के सोनारपुर में अभिषेक बनर्जी पर कथित हमला हुआ था, जिसके बाद उनकी तबीयत बिगड़ने का हवाला देकर उन्होंने CID से समय माँगा था। इस घटना पर इंडिया ब्लॉक के कई नेताओं ने समर्थन जताया था।
ममता बनर्जी का राष्ट्रीय आंदोलन क्या है?
4 मई को बंगाल विधानसभा चुनाव के नतीजों के बाद ममता बनर्जी ने भाजपा के ख़िलाफ़ नए आंदोलन का संकेत दिया था, जिसे केवल राज्य तक सीमित न रखकर इंडिया ब्लॉक के सहयोग से राष्ट्रीय स्तर पर चलाने की बात कही गई थी।
अभिषेक बनर्जी को किन-किन नेताओं का समर्थन मिला?
सोनारपुर हमले के बाद राहुल गांधी, मल्लिकार्जुन खड़गे, अखिलेश यादव, अरविंद केजरीवाल और हेमंत सोरेन सहित इंडिया ब्लॉक के कई नेताओं ने सोशल मीडिया पर समर्थन जताया था। अभिषेक ने भी सार्वजनिक रूप से इनका धन्यवाद किया था।
राष्ट्र प्रेस
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