31 जुलाई 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

क्या मथुरा-वृंदावन भक्ति में साल के आखिरी दिन श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ी है?

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
क्या मथुरा-वृंदावन भक्ति में साल के आखिरी दिन श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ी है?

सारांश

मथुरा-वृंदावन में नए साल के स्वागत के लिए श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ पड़ी है। यहां भगवान श्रीकृष्ण की लीला स्थली पर भक्ति का अनोखा माहौल है। सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं। जानें इस धार्मिक नगरी की स्थिति।

मुख्य बातें

मथुरा-वृंदावन में नए साल का स्वागत धूमधाम से हो रहा है।
सुरक्षा व्यवस्था के कड़े इंतजाम किए गए हैं।
श्रद्धालुओं का उत्साह देखने लायक है।

मथुरा, 31 दिसंबर (राष्ट्र प्रेस)। नए साल 2025 के स्वागत से पूर्व मथुरा-वृंदावन की आस्था जगमगा रही है। यहां भगवान श्रीकृष्ण की जन्मभूमि और लीला स्थली पर देश-विदेश से आए श्रद्धालुओं की भारी संख्या है, जहां मंदिरों में दर्शन, भजन-कीर्तन और जयकारों से पूरा वातावरण भक्तिमय बना हुआ है।

झारखंड के धनबाद के निवासी सूरज सिंह ने कहा कि यह उनका पहला अनुभव है और वृंदावन में रहकर उन्हें बहुत खुशी मिल रही है।

सोनम सोनार ने भी अपने अनुभव साझा करते हुए कहा कि यह उनका पहला दर्शन है, जो उनके लिए बहुत सकारात्मक रहा है।

बांके बिहारी मंदिर के सेवक रजत गोस्वामी ने कहा कि इस नए साल के लिए कोई विशेष तैयारी नहीं की गई है, क्योंकि हिंदू संस्कृति में नया साल आमतौर पर चैत्र नवरात्रि के बाद आता है। हालांकि, भारी भीड़ को देखते हुए आवश्यक सुरक्षा इंतजाम किए गए हैं।

नववर्ष के अवसर पर मथुरा-वृंदावन और अन्य प्रमुख स्थलों पर सुरक्षा व्यवस्था की कड़ी समीक्षा की गई है। मथुरा के एसएसपी श्लोक कुमार ने बताया कि श्रद्धालुओं की संख्या लाखों में है।

सभी प्रमुख मंदिरों पर सुरक्षा व्यवस्था के कड़े इंतजाम किए गए हैं। पुलिस की तैनाती की गई है और कई स्थानों पर पार्किंग की व्यवस्था भी की गई है, ताकि श्रद्धालुओं को कोई कठिनाई न हो।

संपादकीय दृष्टिकोण

ताकि हर श्रद्धालु का अनुभव सुखद रहे।
RashtraPress
31 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

मथुरा-वृंदावन में नववर्ष पर क्या विशेष तैयारी की गई है?
इस बार कोई विशेष तैयारी नहीं की गई है, लेकिन भीड़ को देखते हुए सुरक्षा इंतजाम किए गए हैं।
श्रद्धालुओं की संख्या कितनी है?
मथुरा और वृंदावन में लाखों श्रद्धालुओं की संख्या उमड़ी हुई है।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 7 महीने पहले
  2. 7 महीने पहले
  3. 7 महीने पहले
  4. 8 महीने पहले
  5. 11 महीने पहले
  6. 11 महीने पहले
  7. 11 महीने पहले
  8. 11 महीने पहले