13 अक्टूबर 2026
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GHADC चुनाव जल्द कराने पर CM कॉनराड संगमा का भरोसा, परिसीमन पूरा होते ही होगी प्रक्रिया

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GHADC चुनाव जल्द कराने पर CM कॉनराड संगमा का भरोसा, परिसीमन पूरा होते ही होगी प्रक्रिया

सारांश

मेघालय के CM कॉनराड संगमा ने साफ किया कि GHADC चुनाव छह महीने के विस्तारित कार्यकाल के भीतर होंगे — लेकिन इसके लिए परिसीमन और राज्यपाल द्वारा अनुमोदित अलग मतदाता सूची पहले जरूरी है। राजनीतिक देरी के आरोपों को उन्होंने सिरे से नकारा।

मुख्य बातें

मेघालय CM कॉनराड के.
संगमा ने 13 अक्टूबर 2026 को कहा कि GHADC चुनाव छह महीने के बढ़ाए गए कार्यकाल के भीतर कराए जाएंगे।
चुनाव से पहले परिसीमन और स्पेशल इंटेंसिव रिविजन (SIR) के जरिए अलग मतदाता सूची तैयार करना अनिवार्य है।
परिसीमन समिति आगे तभी बढ़ेगी जब राज्यपाल अलग मतदाता सूची को मंजूरी दे दें।
संगमा ने चुनाव जानबूझकर टालने के राजनीतिक आरोपों को खारिज किया।
GHADC संविधान की छठी अनुसूची के तहत स्थापित है और गारो क्षेत्र में भूमि, वन व पारंपरिक कानूनों का प्रबंधन करती है।

मेघालय के मुख्यमंत्री कॉनराड के. संगमा ने 13 अक्टूबर 2026 को स्पष्ट किया कि गारो हिल्स ऑटोनॉमस डिस्ट्रिक्ट काउंसिल (GHADC) के चुनाव यथाशीघ्र कराए जाएंगे और राज्य सरकार का लक्ष्य काउंसिल के छह महीने के बढ़ाए गए कार्यकाल के भीतर ही पूरी चुनाव प्रक्रिया संपन्न करना है। उन्होंने कहा कि परिसीमन और अलग मतदाता सूची की तैयारी पूरी होने तक चुनाव की घोषणा संभव नहीं है।

परिसीमन क्यों है ज़रूरी

मुख्यमंत्री संगमा ने विस्तार से समझाया कि GHADC चुनाव कराने से पहले कई अनिवार्य प्रक्रियाएं पूरी करनी होंगी। उन्होंने कहा, 'परिसीमन के बिना चुनाव नहीं हो सकते और स्पेशल इंटेंसिव रिविजन (SIR) तथा अलग मतदाता सूची के बिना परिसीमन का काम पूरा नहीं हो सकता।' यह एक तीन-स्तरीय प्रक्रिया है जिसमें प्रत्येक चरण अगले पर निर्भर है।

संगमा ने बताया कि परिसीमन समिति अपने अंतिम चरण में तभी आगे बढ़ सकती है जब राज्यपाल की ओर से अलग मतदाता सूची को आधिकारिक मंजूरी मिल जाए। अलग मतदाता सूची तैयार करने की प्रक्रिया में प्रगति होने के साथ राज्य सरकार को उम्मीद है कि बढ़ाई गई अवधि के भीतर सभी शेष औपचारिकताएं पूरी हो जाएंगी।

राजनीतिक आरोपों पर सफाई

कुछ वर्गों से यह आरोप लगाए जा रहे थे कि काउंसिल का कार्यकाल राजनीतिक कारणों से बढ़ाया गया और चुनाव जानबूझकर टाले जा रहे हैं। मुख्यमंत्री संगमा ने इन आरोपों को सिरे से खारिज करते हुए कहा, 'हम किसी और मकसद से चुनाव में देरी करने की कोशिश नहीं कर रहे हैं।' उन्होंने जोर दिया कि कार्यकाल विस्तार केवल तकनीकी एवं प्रशासनिक आवश्यकताओं के कारण किया गया है।

गौरतलब है कि गारो हिल्स क्षेत्र के मतदाता लंबे समय से अपने प्रतिनिधियों को चुनने के अवसर की प्रतीक्षा में हैं, और इस विलंब को लेकर स्थानीय स्तर पर चिंता व्याप्त है।

GHADC का संवैधानिक महत्व

GHADC मेघालय की तीन स्वायत्त जिला परिषदों में से एक है, जिन्हें भारतीय संविधान की छठी अनुसूची के अंतर्गत स्थापित किया गया है। यह अनुसूची पूर्वोत्तर भारत के आदिवासी बहुल क्षेत्रों में स्वायत्त शासन सुनिश्चित करती है।

यह परिषद अपने अधिकार क्षेत्र में पारंपरिक कानूनों, भूमि, वन एवं अन्य महत्वपूर्ण मामलों का प्रबंधन संवैधानिक एवं विधिक प्रावधानों के अधीन करती है। इस प्रकार GHADC के चुनाव केवल एक प्रशासनिक प्रक्रिया नहीं, बल्कि गारो समुदाय के लोकतांत्रिक अधिकार का प्रश्न भी हैं।

आगे क्या होगा

परिसीमन और मतदाता सूची की तैयारी पूरी होते ही GHADC चुनाव की समय-सीमा निर्धारित होने की उम्मीद है। राज्य सरकार ने स्पष्ट किया है कि वह बढ़ाए गए छह महीने के कार्यकाल के भीतर यह प्रक्रिया संपन्न कराने के लिए प्रतिबद्ध है। चुनाव की तारीखें घोषित होने पर गारो हिल्स क्षेत्र में लंबे समय से रुकी हुई लोकतांत्रिक प्रक्रिया फिर से गतिमान हो सकेगी।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन 'जल्द से जल्द' जैसे वाक्यांश बिना तारीख के जवाबदेही को कमज़ोर करते हैं। छठी अनुसूची परिषदों में चुनाव विलंब पूर्वोत्तर में कोई नई बात नहीं — यह एक दोहराता हुआ पैटर्न है जो आदिवासी स्वशासन के प्रति केंद्र और राज्य दोनों की प्राथमिकता पर सवाल उठाता है। परिसीमन-मतदाता सूची-राज्यपाल अनुमोदन की त्रि-स्तरीय निर्भरता प्रशासनिक जटिलता को दर्शाती है, पर यह भी पूछना उचित है कि यह प्रक्रिया पहले से क्यों नहीं शुरू की गई। गारो हिल्स के मतदाताओं को ठोस समय-सीमा का इंतजार है, आश्वासनों का नहीं।
RashtraPress
13 अक्टूबर 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

GHADC चुनाव कब होंगे?
मेघालय CM कॉनराड संगमा के अनुसार GHADC चुनाव काउंसिल के छह महीने के बढ़ाए गए कार्यकाल के भीतर कराए जाएंगे। सटीक तारीख परिसीमन और अलग मतदाता सूची पर राज्यपाल की मंजूरी मिलने के बाद तय होगी।
GHADC चुनाव में देरी क्यों हो रही है?
CM संगमा ने बताया कि चुनाव से पहले परिसीमन अनिवार्य है, जो स्वयं SIR प्रक्रिया द्वारा तैयार और राज्यपाल द्वारा अनुमोदित अलग मतदाता सूची पर निर्भर है। ये तकनीकी एवं प्रशासनिक आवश्यकताएं पूरी होने तक चुनाव प्रक्रिया आगे नहीं बढ़ सकती।
GHADC क्या है और इसका महत्व क्यों है?
गारो हिल्स ऑटोनॉमस डिस्ट्रिक्ट काउंसिल (GHADC) मेघालय की तीन स्वायत्त जिला परिषदों में से एक है, जो भारतीय संविधान की छठी अनुसूची के तहत गठित है। यह गारो हिल्स क्षेत्र में पारंपरिक कानूनों, भूमि और वन प्रबंधन जैसे विषयों पर स्वायत्त शासन सुनिश्चित करती है।
क्या GHADC का कार्यकाल राजनीतिक कारणों से बढ़ाया गया?
CM संगमा ने इस आरोप को पूरी तरह नकारा है। उन्होंने कहा कि कार्यकाल विस्तार केवल परिसीमन और मतदाता सूची जैसी प्रशासनिक प्रक्रियाओं को पूरा करने के लिए किया गया है, किसी राजनीतिक उद्देश्य से नहीं।
परिसीमन प्रक्रिया में राज्यपाल की भूमिका क्या है?
GHADC के संदर्भ में परिसीमन समिति अपने अंतिम चरण में तभी आगे बढ़ सकती है जब राज्यपाल द्वारा अलग मतदाता सूची को औपचारिक मंजूरी दी जाए। यह मंजूरी मिलने के बाद ही पूरी चुनाव प्रक्रिया गति पकड़ेगी।
राष्ट्र प्रेस
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