नायब सिंह सैनी का भगवंत मान पर वार: 'AAP के 56 वादे कहाँ गए, चुनाव में 4 महीने बचे'
सारांश
मुख्य बातें
हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने 31 जुलाई 2026 को सनौर में आयोजित शहीद सरदार उधम सिंह के 87वें शहादत दिवस समारोह में पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान पर सीधा निशाना साधा और पूछा कि आम आदमी पार्टी (AAP) सरकार ने 2022 के पंजाब विधानसभा चुनावों में किए गए 56 वादों में से कितने पूरे किए हैं। उन्होंने कहा कि अगले विधानसभा चुनाव में मात्र चार महीने शेष हैं और पंजाब की जनता को इसका जवाब जानने का पूरा हक है।
मुख्य आरोप और सवाल
मुख्यमंत्री सैनी ने कहा कि किसी राज्य का विकास नारों से नहीं, बल्कि इरादे और प्रतिबद्धता से होता है। उन्होंने पंजाब सरकार से यह भी पूछा कि क्या वह बचे हुए समय में शेष वादे पूरे कर पाएगी। उनकी यह टिप्पणी ऐसे समय में आई है जब पंजाब में चुनावी सरगर्मियाँ तेज हो रही हैं।
एक्साइज भर्ती विवाद पर प्रहार
सैनी ने एक्साइज इंस्पेक्टरों की भर्ती में कथित गड़बड़ियों को लेकर भी पंजाब सरकार की कड़ी आलोचना की। उन्होंने इसे प्रतिभाशाली युवाओं के साथ 'घोर अन्याय' करार दिया। गौरतलब है कि यह मुद्दा पंजाब में पहले से ही विवादास्पद बना हुआ है।
हरियाणा की उपलब्धियों का ब्यौरा
अपनी सरकार की कार्यक्षमता को रेखांकित करते हुए सीएम सैनी ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने हरियाणा में 217 संकल्प लिए थे, जिनमें से 70 को महज डेढ़ साल में पूरा किया जा चुका है और शेष 147 संकल्पों को भी शीघ्र लागू किया जाएगा। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में हरियाणा सरकार किसानों, महिलाओं और युवाओं के कल्याण के लिए निरंतर काम कर रही है।
शहीद उधम सिंह को श्रद्धांजलि और राजनीतिक संदेश
सनौर को 'देशभक्ति की पवित्र भूमि' बताते हुए सैनी ने कहा कि यह धरती इतिहास का हिस्सा नहीं, बल्कि इतिहास बनाने वाली भूमि है। उन्होंने कहा कि भारत को आज़ादी विरासत में नहीं मिली, बल्कि गुरुओं की तपस्या, बहादुर योद्धाओं के शौर्य और अनगिनत शहीदों के सर्वोच्च बलिदान से मिली है।
पंजाब की जनता से शहीद उधम सिंह के आदर्शों का अनुसरण करने का आग्रह करते हुए सैनी ने दावा किया कि BJP ही एकमात्र ऐसी राजनीतिक पार्टी है जो राष्ट्रीय महापुरुषों का सम्मान करने के साथ-साथ एक विकसित और सांस्कृतिक रूप से समृद्ध भारत के निर्माण की दिशा में कार्य कर रही है।
आगे की राजनीतिक तस्वीर
सैनी के इस हमले को पंजाब में आगामी विधानसभा चुनावों से पहले BJP की रणनीतिक तैयारी के रूप में देखा जा रहा है। यह ऐसे समय में आया है जब AAP और BJP दोनों दल पंजाब की जनता को लुभाने की कोशिश में जुटे हैं। आने वाले हफ्तों में इस राजनीतिक बहस के और तीखे होने की संभावना है।