न्यू एज फाइबर पर राष्ट्रीय संगोष्ठी: गिरिराज सिंह बोले — अगले 5 साल में 1 लाख मीट्रिक टन उत्पादन का लक्ष्य
सारांश
मुख्य बातें
केंद्रीय वस्त्र मंत्री गिरिराज सिंह ने 19 मई 2026 को नई दिल्ली में 'न्यू एज फाइबर्स — इनोवेशन, रिसर्च एंड द रोड अहेड' विषय पर आयोजित राष्ट्रीय संगोष्ठी का उद्घाटन किया। उन्होंने घोषणा की कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में वस्त्र मंत्रालय ने टिकाऊ और नवाचारी फाइबर को बढ़ावा देने का संकल्प लिया है, और अगले पाँच वर्षों में न्यू एज फाइबर का उत्पादन 1 लाख मीट्रिक टन तक पहुँचाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।
संगोष्ठी और प्रदर्शनी का आयोजन
इस संगोष्ठी में देशभर के प्रमुख संस्थानों, स्टार्टअप्स और उद्योग प्रतिनिधियों ने भाग लिया। गिरिराज सिंह ने प्रदर्शनी का अवलोकन किया, जहाँ न्यू एज फाइबर पर आधारित नवाचार और तकनीकी समाधान प्रदर्शित किए गए। मंत्री ने कहा कि यह मंच उद्योग, शोधकर्ताओं और नीति-निर्माताओं को एक साथ लाकर भारत के टेक्सटाइल इकोसिस्टम को भविष्य के लिए तैयार करने की दिशा में अहम भूमिका निभाएगा।
10 चुनिंदा फाइबर और 'वेस्ट टू वेल्थ' नीति
मंत्री ने बताया कि मंत्रालय ने 10 विशेष फाइबर चिह्नित किए हैं — जिनमें मिल्कवीड, रेमी, फ्लैक्स (लिनेन), सिसल, नैचुरल बैंबू फाइबर, मैकेनिकल पाइनएपल, बनाना फाइबर, रिसाइकिल्ड कॉटन और रिसाइकिल्ड पीईटी बोतल्स शामिल हैं। उन्होंने कहा कि 'वेस्ट टू वेल्थ' की नीति के तहत केले और अनानास के कृषि अवशेषों को उच्च-गुणवत्ता वाले फाइबर में परिवर्तित किया जा रहा है, जिससे किसानों की आय में वृद्धि होगी और पर्यावरणीय कार्बन फुटप्रिंट में कमी आएगी।
गौरतलब है कि मिल्कवीड को वैश्विक टेक्सटाइल उद्योग में एक क्रांतिकारी फाइबर के रूप में देखा जा रहा है — यह हल्का, टिकाऊ और पूरी तरह पर्यावरण-अनुकूल है। मंत्रालय इसे आधुनिक टिकाऊ वस्त्रों के लिए एक प्रमुख विकल्प के रूप में विकसित कर रहा है।
ग्लोबल वार्मिंग और भारत की भूमिका
गिरिराज सिंह ने कहा कि पूरी दुनिया ग्लोबल वार्मिंग की चुनौती से जूझ रही है और वैश्विक बाज़ार में सस्टेनेबल फाइबर की माँग तेज़ी से बढ़ रही है। उन्होंने याद दिलाया कि प्रधानमंत्री मोदी ने 2014 में सत्ता संभालते ही सोलर एनर्जी को प्राथमिकता दी थी और भारत को उस क्षेत्र में वैश्विक नेता बनाने का संकल्प लिया था। उसी दृष्टिकोण के विस्तार के रूप में अब वस्त्र मंत्रालय न्यू एज फाइबर के क्षेत्र में वैश्विक नेतृत्व का दावा कर रहा है।
किसानों की आय और आत्मनिर्भरता
मंत्री ने स्पष्ट किया कि वस्त्र मंत्रालय के सभी कार्यक्रमों में किसानों को केंद्र में रखा गया है। उन्होंने कहा कि नई मशीनों और तकनीक की मदद से कृषि-आधारित फाइबर उत्पादन को बढ़ावा देकर किसानों की आय दोगुनी करने के प्रधानमंत्री मोदी के लक्ष्य को साकार किया जाएगा। मंत्रालय ने इसके लिए एक कॉन्सेप्ट नोट भी जारी किया है, जिसमें उद्योग, शोधकर्ताओं और स्टार्टअप्स की सहभागिता सुनिश्चित की गई है।
आगे की राह
यह संगोष्ठी ऐसे समय में आई है जब वैश्विक फैशन और वस्त्र उद्योग तेज़ी से सस्टेनेबिलिटी की ओर स्थानांतरित हो रहा है। गिरिराज सिंह ने कहा कि अगर दुनिया को न्यू एज फाइबर देने की क्षमता किसी देश में है, तो वह भारत है। उद्योग और शोध संस्थानों की साझेदारी से यह क्षेत्र आने वाले वर्षों में भारत के निर्यात और रोज़गार दोनों में महत्वपूर्ण योगदान दे सकता है।