इजरायली राष्ट्रपति हर्जोग का कैप्टन स्मित मच्छार को सलाम, बोले 'इजरायल आपका आभारी है'
सारांश
मुख्य बातें
इजरायल के राष्ट्रपति इसाक हर्जोग ने 1 अक्टूबर 2026 को भारतीय मूल के पायलट कैप्टन स्मित मच्छार की असाधारण वीरता को सार्वजनिक रूप से सराहा और उनके शीघ्र स्वास्थ्य लाभ की कामना की। हर्जोग ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक विस्तृत पोस्ट में लिखा, 'इजरायल देश आपका बहुत आभारी है।' यह प्रशंसा 30 सितंबर को दुबई से तेल अवीव जा रहे विमान में हाइजैक की कोशिश को नाकाम करने के बाद आई है।
क्या हुआ था उस रात
30 सितंबर की रात दुबई से तेल अवीव जा रहे विमान के कॉकपिट में उस वक्त दहशत फैल गई जब एक पायलट ने अपने साथी कैप्टन स्मित मच्छार पर ताबड़तोड़ हमला कर दिया। कैप्टन मच्छार खून से लथपथ हो गए, फिर भी उन्होंने हिम्मत नहीं हारी। घायल अवस्था में ही उन्होंने अपनी आखिरी ताकत लगाकर कॉकपिट का दरवाजा खोला और यात्रियों को स्थिति से अवगत कराया। इसके बाद अन्य साहसी यात्रियों और वैकल्पिक पायलटों की मदद से विमान को सऊदी अरब के तबूक एयरपोर्ट पर सुरक्षित उतारा गया।
राष्ट्रपति हर्जोग का संदेश
राष्ट्रपति हर्जोग ने अपनी पोस्ट में कैप्टन स्मित मच्छार के साथ-साथ अन्य साहसी नागरिकों की भी प्रशंसा की। उन्होंने लिखा, 'ताली मैन्स, जिन्होंने कॉकपिट से आवाज़ें सुनकर सबका ध्यान खींचा; वैकल्पिक पायलट जो कॉकपिट में गए और लैंडिंग पूरी की; और भारतीय पायलट कैप्टन स्मित मच्छर, जिन्होंने अपनी आखिरी ताकत लगाकर कॉकपिट का दरवाजा खोला और आतंकवादी को काबू करने में मदद की — उन सभी का बहुत-बहुत धन्यवाद।'
हर्जोग ने यह भी घोषणा की कि यिनोन हायोन, ज्विका मैन्स, असाफ़ रेगुआन और डॉ. शोता मोसियाश्विली को 'नागरिक वीरता के लिए राष्ट्रपति पदक' से नवाज़ा जाएगा। उन्होंने कैप्टन मच्छार के प्रति विशेष कृतज्ञता जताते हुए लिखा, 'आपकी बहादुरी, दृढ़ संकल्प और उन कार्यों के लिए दिल से धन्यवाद जिनसे कई जानें बचीं।'
नेतन्याहू भी कर चुके हैं तारीफ
इससे पहले इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने भी एक्स पर पोस्ट कर कैप्टन स्मित मच्छार को 'सच्चा हीरो' बताया था। नेतन्याहू ने लिखा, 'भारतीय पायलट कैप्टन स्मित मच्छार की असाधारण बहादुरी को मेरा सलाम।' उन्होंने स्पष्ट किया कि कैप्टन मच्छार की वीरता के चलते इजरायली नागरिकों और अन्य देशों के यात्रियों समेत कुल 174 लोगों की जान बचाई जा सकी।
भारत की प्रतिक्रिया और व्यापक महत्व
यह घटना ऐसे समय में सामने आई है जब भारत-इजरायल संबंध कूटनीतिक दृष्टि से महत्वपूर्ण मोड़ पर हैं। कैप्टन मच्छार की बहादुरी ने न केवल इजरायल में बल्कि भारत में भी व्यापक प्रशंसा बटोरी है। गौरतलब है कि किसी विदेशी पायलट को इजरायल के राष्ट्रपति और प्रधानमंत्री दोनों द्वारा सार्वजनिक रूप से सम्मानित किया जाना अत्यंत असामान्य घटना है।
फिलहाल कैप्टन स्मित मच्छार का उपचार जारी है और दोनों देशों के शीर्ष नेताओं ने उनके शीघ्र और पूर्ण स्वास्थ्य लाभ की कामना की है। आने वाले दिनों में उन्हें औपचारिक सम्मान दिए जाने की भी संभावना जताई जा रही है।