पुतिन-ट्रंप फोन वार्ता: अमेरिकी स्वतंत्रता दिवस पर यूक्रेन और द्विपक्षीय संबंधों पर चर्चा
सारांश
मुख्य बातें
रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने 5 जुलाई 2025 को अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के साथ टेलीफोन पर बातचीत की — यह वार्ता अमेरिका के 250वें स्थापना दिवस के अवसर पर हुई। क्रेमलिन के विदेश नीति सहयोगी यूरी उशाकोव के अनुसार, इस साल दोनों नेताओं के बीच यह चौथी टेलीफोन बातचीत थी, जिसमें यूक्रेन संघर्ष और रूस-अमेरिका द्विपक्षीय संबंधों पर विस्तृत चर्चा हुई।
वार्ता का स्वरूप और एजेंडा
उशाकोव ने इस बातचीत को महज औपचारिक प्रोटोकॉल से परे बताया। उनके अनुसार, 'यह बातचीत जाहिर है कि सिर्फ एक रूटीन प्रोटोकॉल वाली बातचीत नहीं थी, बल्कि व्यवसाय पर केंद्रित और बहुत रचनात्मक थी।' दोनों नेताओं ने सैन्य-राजनीतिक और आर्थिक मोर्चों पर निरंतर संवाद बनाए रखने की आवश्यकता पर सहमति जताई। पुतिन ने ट्रंप को उनके देश के स्थापना दिवस पर बधाई भी दी।
यूक्रेन युद्ध पर रूस का पक्ष
वार्ता के दौरान पुतिन ने युद्धक्षेत्र की स्थिति का ब्यौरा देते हुए दावा किया कि रूसी सैनिक पूरे संपर्क मोर्चे (फ्रंटलाइन) पर आगे बढ़ रहे हैं। उशाकोव ने यह भी कहा कि यूरोपीय देश जमीनी परिस्थितियों का सही आकलन करने में विफल हैं और संपर्क रेखा पर वास्तविक हालात को लेकर उनकी धारणा त्रुटिपूर्ण है। उन्होंने कीव और उसके यूरोपीय सहयोगियों पर संघर्ष को बढ़ावा देने और नागरिकों के विरुद्ध आतंकवाद पर निर्भर रहने का आरोप भी लगाया — यह रूस का एकतरफा दृष्टिकोण है, जिसे यूक्रेन और पश्चिमी देश खारिज करते रहे हैं।
पुतिन ने यूक्रेन के हाल के लंबी दूरी के हमलों का भी उल्लेख किया, जो कथित तौर पर रूस के तेल उद्योग से जुड़े ठिकानों पर केंद्रित थे। रूस का दावा है कि इन हमलों के बाद कई क्षेत्रों में ईंधन की किल्लत उत्पन्न हुई।
ट्रंप की शर्त: पहले युद्धविराम
उशाकोव के अनुसार, राष्ट्रपति ट्रंप ने स्पष्ट किया कि यूक्रेन संघर्ष का शीघ्र समाधान दोनों देशों के बीच व्यापक सहयोग शुरू करने की एक अनिवार्य पूर्वशर्त होगी। यह बयान संकेत देता है कि वाशिंगटन मॉस्को के साथ आर्थिक और सामरिक सहयोग को युद्ध की समाप्ति से जोड़कर देख रहा है। गौरतलब है कि ट्रंप प्रशासन पहले भी यूक्रेन में त्वरित शांति की वकालत करता रहा है।
जेलेंस्की-पुतिन मुलाकात की संभावना
इस वार्ता के समानांतर, क्रेमलिन के प्रेस सचिव दिमित्री पेसकोव ने शनिवार को कहा कि यूक्रेनी राष्ट्रपति वोलोडिमिर जेलेंस्की पुतिन से मुलाकात के लिए मॉस्को आ सकते हैं। रूसी सरकारी रेडियो से बात करते हुए पेसकोव ने कोस्टियनटिनिव्का में बैठक के जेलेंस्की के प्रस्ताव पर टिप्पणी की और कहा कि पुतिन ने अपने यूक्रेनी समकक्ष का मॉस्को में स्वागत करने की इच्छा जताई थी। पेसकोव ने यह भी स्पष्ट किया कि रूस की राजधानी मॉस्को है, न कि कोस्टियनटिनिव्का।
आगे क्या
यह वार्ता ऐसे समय में हुई है जब यूक्रेन युद्ध के तीन वर्षों से अधिक बाद भी कोई ठोस शांति समझौता नहीं हो पाया है। दोनों पक्षों के बीच इस वर्ष बातचीत की बढ़ती आवृत्ति — यह 2025 में चौथी वार्ता है — को कुछ विश्लेषक कूटनीतिक सक्रियता के संकेत के रूप में देखते हैं, हालांकि जमीन पर युद्ध जारी है। जेलेंस्की-पुतिन संभावित मुलाकात पर अंतरराष्ट्रीय समुदाय की नजर बनी रहेगी।