तिरंगा थामे राजद कार्यकर्ताओं का लोकभवन मार्च, भाई वीरेंद्र ने बिहार सरकार पर साधा निशाना
सारांश
मुख्य बातें
पटना में बुधवार, 19 अगस्त को राष्ट्रीय जनता दल (राजद) के कार्यकर्ता बड़ी संख्या में जेपी गोलंबर के पास एकत्रित हुए और लोकभवन की ओर मार्च निकाला। इस बार पार्टी के झंडों की जगह कार्यकर्ताओं के हाथों में तिरंगा नज़र आया — एक प्रतीकात्मक संदेश कि यह आंदोलन दलीय नहीं, बल्कि संवैधानिक मूल्यों की रक्षा के लिए है। मार्च का नेतृत्व विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव को करना था।
मार्च का उद्देश्य और राज्यपाल को ज्ञापन
राजद विधायक भाई वीरेंद्र ने मीडिया से बातचीत में स्पष्ट किया कि पार्टी का प्रतिनिधिमंडल राज्यपाल को ज्ञापन सौंपने जा रहा है। उन्होंने कहा कि हाल के घटनाक्रमों में जिन निहत्थे लोगों पर गोली चलाने, लाठीचार्ज और हत्या के आरोप हैं, उनके संदर्भ में सरकार को जवाब देना चाहिए। भाई वीरेंद्र ने मृतकों के आश्रितों को सरकारी नौकरी और मुआवजा देने की माँग रखी।
एनकाउंटर और मुआवजे पर सरकार को घेरा
भाई वीरेंद्र ने आरोप लगाया कि एनकाउंटर के नाम पर कथित तौर पर बेगुनाह लोगों को गलत तरीके से मारा गया है। उन्होंने कहा कि जिन परिवारों ने अपने सदस्य खोए हैं, उन्हें अब तक मुआवजा नहीं मिला है। उनके अनुसार, सरकार ने नौकरी देने का वादा किया है, इसलिए एनकाउंटर में मारे गए कथित बेगुनाह लोगों के परिजनों को भी समान लाभ मिलना चाहिए।
भाजपा पर दोहरे रवैये का आरोप
राजद विधायक ने भारतीय जनता पार्टी (BJP) पर छात्रों और युवाओं के मुद्दे पर दोहरा रवैया अपनाने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि यदि भाजपा वास्तव में छात्रों के साथ होती, तो बिहार और दिल्ली के जंतर-मंतर पर छात्रों पर लाठियाँ नहीं चलतीं। भाई वीरेंद्र ने भाजपा को 'बड़का झूठा पार्टी' करार देते हुए कहा कि बेरोज़गारी, महँगाई और युवाओं के भविष्य को लेकर छात्र और नौजवान लगातार सड़कों पर उतर रहे हैं।
तिरंगे के साथ मार्च का संदेश
तिरंगा लेकर मार्च करने पर उठ रहे सवालों का जवाब देते हुए भाई वीरेंद्र ने कहा कि राष्ट्रीय ध्वज थामकर पार्टी यह संदेश देना चाहती है कि वे सबसे पहले भारतीय हैं। उन्होंने कहा कि राजद लोकतंत्र और संविधान की रक्षा के लिए संघर्षरत है, और यह आंदोलन पूरी तरह लोकतांत्रिक एवं शांतिपूर्ण रहेगा।
सुरक्षा व्यवस्था और आगे की राह
पटना में मार्च को देखते हुए सुरक्षा के पुख्ता प्रबंध किए गए। भाई वीरेंद्र ने कहा कि पुलिस जहाँ भी रोकने का प्रयास करेगी, वे वहीं रुकेंगे और प्रतिनिधिमंडल राज्यपाल से मुलाकात कर ज्ञापन सौंपेगा। राजद ने स्पष्ट किया कि बेरोज़गारी, महँगाई और युवाओं से जुड़े मुद्दों पर पार्टी का संघर्ष जारी रहेगा।