12 जुलाई 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

चेक गणराज्य में रूसी बिशप हिलारियन की गिरफ्तारी पर रूस का कड़ा विरोध, राजनयिक होगा तलब

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
चेक गणराज्य में रूसी बिशप हिलारियन की गिरफ्तारी पर रूस का कड़ा विरोध, राजनयिक होगा तलब

सारांश

चेक गणराज्य के कारलोवी वैरी में रूसी ऑर्थोडॉक्स बिशप हिलारियन अल्फेयेव की गिरफ्तारी ने रूस-चेक राजनयिक तनाव को नई ऊँचाई पर पहुँचा दिया है। रूस ने इसे सुनियोजित उकसावा बताते हुए तत्काल रिहाई की माँग की है और चेक राजनयिक को तलब करने की घोषणा की है।

मुख्य बातें

रूसी ऑर्थोडॉक्स चर्च के सेवानिवृत्त बिशप हिलारियन अल्फेयेव को रविवार को कारलोवी वैरी, चेक गणराज्य में गिरफ्तार किया गया।
चेक पुलिस ने उनकी कार की डिक्की से अज्ञात पदार्थ वाले कंटेनर बरामद करने का दावा किया; ड्रग टेस्ट की रिपोर्ट नेगेटिव रही।
रूसी विदेश मंत्रालय की प्रवक्ता मारिया जखारोवा ने मॉस्को स्थित चेक राजनयिक मिशन प्रमुख को तलब करने की घोषणा की।
रूस ने इस गिरफ्तारी को 'सुनियोजित उकसावा' और 'गढ़ी गई जाँच' बताते हुए हिलारियन की तत्काल और बिना शर्त रिहाई की माँग की।
हिलारियन ने सभी आरोपों से इनकार किया और बताया कि पिछले कई महीनों से उन्हें गुमनाम धमकियाँ मिल रही थीं।

रूस के विदेश मंत्रालय ने 26 मई 2026 को घोषणा की कि वह मॉस्को स्थित चेक गणराज्य के राजनयिक मिशन के प्रमुख को तलब करेगा। यह कदम कारलोवी वैरी में रूसी ऑर्थोडॉक्स चर्च के सेवानिवृत्त बिशप हिलारियन अल्फेयेव की गिरफ्तारी के बाद उठाया जा रहा है। मंत्रालय ने इस गिरफ्तारी को 'झूठे आरोपों पर आधारित सुनियोजित उकसावा' करार दिया है।

गिरफ्तारी का घटनाक्रम

चेक पुलिस ने रविवार को हिलारियन अल्फेयेव को हिरासत में लिया। पुलिस के अनुसार उनकी कार की डिक्की में कुछ कंटेनर मिले जिनमें अज्ञात पदार्थ रखा हुआ था। पुलिस स्टेशन में हिलारियन और उनके ड्राइवर, दोनों की व्यक्तिगत तलाशी ली गई और ड्रग टेस्ट भी कराया गया, जिसकी रिपोर्ट नेगेटिव आई।

हिलारियन कारलोवी वैरी स्थित 'चर्च ऑफ द अपोस्टल्स पीटर एंड पॉल' में सेवारत बताए गए हैं। उन्होंने गैरकानूनी पदार्थ रखने के सभी आरोपों से साफ इनकार किया है और इस गिरफ्तारी को एक साजिश बताया है।

रूसी विदेश मंत्रालय की प्रतिक्रिया

रूसी विदेश मंत्रालय की प्रवक्ता मारिया जखारोवा ने कहा, 'रूसी दूतावास उन्हें हर ज़रूरी मदद देता रहेगा। मॉस्को में चेक राजनयिक मिशन के प्रमुख को जल्द ही रूसी विदेश मंत्रालय में बुलाया जाएगा, जहाँ चेक अधिकारियों की अस्वीकार्य और मनमानी कार्रवाई के खिलाफ कड़ा विरोध दर्ज कराया जाएगा।'

मंत्रालय ने इस घटना को 'सोची-समझी और सुनियोजित उकसावे की कार्रवाई' बताते हुए कहा कि इसका उद्देश्य न केवल मेट्रोपॉलिटन को बदनाम करना है, बल्कि उनके माध्यम से पूरे ऑर्थोडॉक्स धर्म को निशाना बनाना है। रूस ने हिलारियन अल्फेयेव की तत्काल और बिना शर्त रिहाई तथा 'गढ़ी गई जाँच' को बंद करने की माँग की है।

बिशप का पक्ष और धमकियों का दावा

हिलारियन ने अपने टेलीग्राम चैनल पर बताया कि पिछले कई महीनों से उन्हें लगातार गुमनाम धमकियाँ मिल रही थीं, जिनमें शारीरिक हिंसा की चेतावनियाँ भी शामिल थीं। उन्हें कथित तौर पर अपनी सेवा वाली जगह छोड़ने के लिए दबाव डाला जा रहा था।

उन्होंने यह भी कहा कि वे कानून के दायरे में रहकर जाँच में पूरा सहयोग करने को तैयार हैं और अपने नाम, सम्मान व प्रतिष्ठा की रक्षा के लिए सभी उपलब्ध कानूनी रास्ते अपनाएँगे।

व्यापक संदर्भ: रूस-चेक तनाव

यह घटना ऐसे समय में आई है जब रूस और चेक गणराज्य के बीच राजनयिक संबंध पहले से ही तनावपूर्ण हैं। रूसी विदेश मंत्रालय ने आरोप लगाया है कि हाल के समय में चेक गणराज्य में ऑर्थोडॉक्स धर्म पर लगातार हमले हो रहे हैं। गौरतलब है कि यूक्रेन संघर्ष के बाद से रूस और पश्चिमी देशों के बीच राजनयिक घर्षण के मामले बढ़े हैं, जिसमें धार्मिक संस्थाएँ भी कभी-कभी केंद्र में आ जाती हैं।

आगे क्या होगा

रूसी विदेश मंत्रालय द्वारा चेक राजनयिक को तलब किए जाने की प्रक्रिया शीघ्र पूरी होने की उम्मीद है। हिलारियन अल्फेयेव की कानूनी स्थिति और चेक अधिकारियों की आगे की कार्रवाई पर दोनों देशों की नज़र बनी रहेगी।

संपादकीय दृष्टिकोण

एक व्यापक आख्यान का हिस्सा है जिसे मॉस्को यूक्रेन संघर्ष के बाद से पश्चिमी देशों के खिलाफ भुनाता रहा है। चेक पक्ष की जाँच के नतीजे सामने आने से पहले किसी भी निष्कर्ष पर पहुँचना जल्दबाज़ी होगी, लेकिन इस घटना का समय और रूस की तीखी प्रतिक्रिया बताती है कि यह मामला जल्द सुलझने वाला नहीं है।
RashtraPress
12 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

हिलारियन अल्फेयेव कौन हैं और उन्हें क्यों गिरफ्तार किया गया?
हिलारियन अल्फेयेव रूसी ऑर्थोडॉक्स चर्च के सेवानिवृत्त बिशप हैं जो चेक गणराज्य के कारलोवी वैरी में 'चर्च ऑफ द अपोस्टल्स पीटर एंड पॉल' में सेवारत हैं। चेक पुलिस ने उनकी कार की डिक्की से अज्ञात पदार्थ वाले कंटेनर मिलने के बाद उन्हें रविवार को हिरासत में लिया।
रूस ने इस गिरफ्तारी पर क्या प्रतिक्रिया दी?
रूसी विदेश मंत्रालय ने इस गिरफ्तारी को 'सोची-समझी और सुनियोजित उकसावे की कार्रवाई' बताया और मॉस्को स्थित चेक राजनयिक मिशन के प्रमुख को तलब करने की घोषणा की। रूस ने हिलारियन की तत्काल और बिना शर्त रिहाई की माँग भी की है।
ड्रग टेस्ट का नतीजा क्या रहा?
पुलिस स्टेशन में हिलारियन अल्फेयेव और उनके ड्राइवर, दोनों का ड्रग टेस्ट किया गया जिसकी रिपोर्ट नेगेटिव आई। रूसी विदेश मंत्रालय ने इसका हवाला देते हुए आरोपों को 'गढ़ा हुआ' बताया।
हिलारियन ने खुद अपनी गिरफ्तारी के बारे में क्या कहा?
हिलारियन ने अपने टेलीग्राम चैनल पर गैरकानूनी पदार्थ रखने के आरोपों से साफ इनकार किया और इसे एक साजिश बताया। उन्होंने यह भी बताया कि पिछले कई महीनों से उन्हें गुमनाम धमकियाँ मिल रही थीं और उन पर सेवा स्थल छोड़ने का दबाव डाला जा रहा था।
इस घटना का रूस-चेक संबंधों पर क्या असर पड़ेगा?
रूसी विदेश मंत्रालय द्वारा चेक राजनयिक को तलब किए जाने से दोनों देशों के बीच पहले से तनावपूर्ण संबंधों में और खटास आने की आशंका है। रूस ने आरोप लगाया है कि चेक गणराज्य में ऑर्थोडॉक्स धर्म पर लगातार हमले हो रहे हैं, जिससे यह विवाद द्विपक्षीय राजनयिक स्तर पर और गहरा हो सकता है।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 2 महीने पहले
  2. 2 महीने पहले
  3. 2 महीने पहले
  4. 2 महीने पहले
  5. 2 महीने पहले
  6. 3 महीने पहले
  7. 9 महीने पहले
  8. 11 महीने पहले