सीएम योगी का जनता दर्शन: 150 लोगों की समस्याएं सुनीं, लापरवाह अधिकारियों पर कड़ी कार्रवाई की चेतावनी
सारांश
मुख्य बातें
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने 29 सितंबर 2026 को गोरखपुर स्थित गोरखनाथ मंदिर परिसर में आयोजित 'जनता दर्शन' कार्यक्रम में विभिन्न जिलों से पहुँचे करीब 150 लोगों से सीधे मुलाकात की और उनकी समस्याएं सुनीं। उन्होंने अधिकारियों को स्पष्ट चेतावनी दी कि जन-समस्याओं के निस्तारण में किसी भी स्तर पर शिथिलता या लापरवाही पाई गई तो संबंधित अधिकारी के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
जनता दर्शन का स्वरूप
महंत दिग्विजयनाथ स्मृति भवन के सामने आयोजित इस कार्यक्रम में मुख्यमंत्री स्वयं कुर्सियों पर बैठे लोगों के पास पहुँचे और एक-एक कर सबकी बात सुनी। यह गोरखनाथ मंदिर में नियमित रूप से आयोजित होने वाला जनसेवा प्रकल्प है, जिसके तहत योगी आदित्यनाथ प्रत्यक्ष रूप से आमजन से संवाद करते हैं। उन्होंने प्रत्येक फरियादी को आश्वस्त किया कि उनकी समस्या का समाधान सुनिश्चित कराया जाएगा।
अधिकारियों को सख्त निर्देश
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अधिकारियों से कहा कि जनता की समस्याओं का निस्तारण गुणवत्तापूर्ण, पारदर्शी और संतुष्टिपरक होना चाहिए। उन्होंने यह भी कहा कि किसी के साथ अन्याय नहीं होना चाहिए और हर पीड़ित के साथ संवेदनशील व्यवहार अपनाया जाए। सभी फरियादियों के प्रार्थना पत्रों को संबंधित अधिकारियों को सौंपते हुए त्वरित निस्तारण के आदेश दिए गए।
भूमि अतिक्रमण और कमजोरों की सुरक्षा
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को विशेष रूप से निर्देश दिया कि किसी की भूमि पर अवैध कब्जा करने वाले और कमज़ोरों को उजाड़ने वाले तत्वों को किसी भी परिस्थिति में नहीं बख्शा जाए। उनके विरुद्ध कड़ी कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। गौरतलब है कि भूमि विवाद और अवैध कब्जे उत्तर प्रदेश में जनता दर्शन में आने वाली सबसे आम समस्याओं में से एक हैं।
स्वास्थ्य सहायता की माँग
जनता दर्शन में कई लोग गंभीर बीमारियों के इलाज के लिए आर्थिक सहायता की गुहार लेकर पहुँचे थे। मुख्यमंत्री ने उनके प्रार्थना पत्र अधिकारियों को सौंपते हुए निर्देश दिया कि इलाज से जुड़ी एस्टीमेट प्रक्रिया को शीघ्र पूर्ण कराकर शासन को उपलब्ध कराया जाए। उन्होंने स्पष्ट किया कि गंभीर बीमारियों के उपचार में सरकार भरपूर सहायता प्रदान करेगी।
गोशाला में गोसेवा
गोरखनाथ मंदिर प्रवास के दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मंदिर की गोशाला में जाकर गोसेवा भी की। उन्होंने गायों, गोवंश और नंदी को स्नेह दिया, गुड़ खिलाया और गोशाला के कार्यकर्ताओं को गोवंश की समुचित देखभाल के निर्देश दिए। यह कार्यक्रम गोरखनाथ मंदिर में उनके नियमित प्रवास का अभिन्न हिस्सा है। आने वाले दिनों में यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि जनता दर्शन में मिले प्रार्थना पत्रों पर प्रशासनिक कार्रवाई कितनी तत्परता से होती है।