14 अक्टूबर 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

एसआईआर विवाद: राहुल गांधी के विरोध से त्योहारी कारोबार प्रभावित, व्यापारी संगठनों ने लिखा पत्र

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
एसआईआर विवाद: राहुल गांधी के विरोध से त्योहारी कारोबार प्रभावित, व्यापारी संगठनों ने लिखा पत्र

सारांश

एसआईआर को लेकर 'इंडिया' गठबंधन के विरोध प्रदर्शनों ने एक नया मोर्चा खोल दिया है — इस बार विपक्ष को व्यापारियों का सामना करना पड़ रहा है। नवरात्र-दीवाली के बीच दिल्ली से बेंगलुरु तक के व्यापारी संगठन राहुल गांधी से अपील कर रहे हैं कि राजनीतिक लड़ाई की कीमत उनकी रोजी-रोटी न बने।

मुख्य बातें

भारतीय उद्योग व्यापार मंडल समेत 8 से अधिक व्यापारी संगठनों ने 14 अक्टूबर 2026 को राहुल गांधी को पत्र व ईमेल लिखे।
एसआईआर विवाद पर 'इंडिया' गठबंधन के प्रदर्शनों के कारण नवरात्र, दशहरा और दीवाली के त्योहारी मौसम में कारोबार बाधित हो रहा है।
राष्ट्रीय व्यापारी कल्याण बोर्ड के सदस्य सिराजुद्दीन एल्लाथोडी और अजय गुप्ता ने वीडियो संदेश के जरिए विरोध प्रदर्शन वापस लेने की अपील की।
घनश्याम दास गोयल ने एक्स पर लिखा कि सड़कें बंद होने से आसपास के व्यापारी दिल्ली से माल खरीदने नहीं आ रहे, जिससे छोटे व्यापारियों का काम चौपट हो रहा है।
विपक्ष ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की माँग की है; BJP ने प्रक्रिया का बचाव करते हुए कांग्रेस पर राजनीतिकरण का आरोप लगाया।

लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के नेतृत्व में 'इंडिया' गठबंधन द्वारा मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के विरुद्ध चलाए जा रहे विरोध प्रदर्शनों के बीच देशभर के कई व्यापारी संगठनों ने 14 अक्टूबर 2026 को राहुल गांधी को पत्र और ईमेल लिखे हैं। व्यापारियों का कहना है कि इन प्रदर्शनों और उनसे उपजी पाबंदियों के कारण नवरात्र, दशहरा और दीवाली के त्योहारी मौसम में उनका कारोबार बुरी तरह प्रभावित हो रहा है।

कौन-से व्यापारी संगठन आए सामने

भारतीय उद्योग व्यापार मंडल, न्यू दिल्ली ट्रेडर्स एसोसिएशन, उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार मंडल, दाल एवं बेसन मिलर्स एसोसिएशन दिल्ली, बैंगलोर उलसूर क्लॉक मर्चेंट एसोसिएशन, अनाज-चावल और तिलहन व्यापारी संघ, भारतीय रिकवर्ड पेपर ट्रेडर्स एसोसिएशन और जयपुर व्यापार महासंघ समेत अन्य संगठनों ने अपनी चिंताएँ दर्ज कराई हैं।

इन संगठनों ने राहुल गांधी से अपील की कि वे चुनाव आयोग के खिलाफ जारी प्रदर्शनों के दौरान व्यापारिक समुदाय की कठिनाइयों पर ध्यान दें। उनका तर्क है कि सड़कें बंद होने और भीड़ जमा होने से ग्राहक बाजारों तक नहीं पहुँच पा रहे।

व्यापारियों की प्रमुख आपत्तियाँ

राष्ट्रीय व्यापारी कल्याण बोर्ड के सदस्य सिराजुद्दीन एल्लाथोडी ने एक वीडियो संदेश में कांग्रेस नेता से विरोध प्रदर्शनों पर पुनर्विचार की अपील की। उन्होंने कहा, 'राहुल जी, यह व्यापारियों के समुदाय की ओर से एक अपील है। बहुत से व्यापारी अपने कारोबार के लिए त्योहारों के इस मौसम पर निर्भर रहते हैं। हाल के विरोध प्रदर्शनों का कारोबार पर बहुत बुरा असर पड़ रहा है। हम आपसे अनुरोध करते हैं कि कृपया इस तरह के विरोध प्रदर्शन वापस लें।'

बोर्ड के एक अन्य सदस्य अजय गुप्ता ने भी राहुल गांधी से प्रदर्शन रोकने का आग्रह किया और व्यापारियों तथा कारोबारी समुदाय को हो रही परेशानियों पर विचार करने को कहा।

दिल्ली दाल एवं बेसन मिलर्स एसोसिएशन के सदस्य घनश्याम दास गोयल ने एक्स पर लिखा, 'राहुल गांधी जी, एसआईआर के मुद्दे पर आपके और सहयोगी दलों के विरोध-प्रदर्शनों से व्यापारियों के कारोबार पर संकट खड़ा होना दुर्भाग्यपूर्ण है। राजनीतिक विरोध के नाम पर व्यापारियों की रोजी-रोटी को दांव पर लगाना कहाँ तक उचित है? जनता और व्यापारियों को जवाबदेही चाहिए।'

दिल्ली-बेंगलुरु के व्यापारियों का विशेष दर्द

घनश्याम दास गोयल ने अपने वीडियो संदेश में बताया कि नवरात्र और दीवाली के पहले आसपास के व्यापारी दिल्ली से माल खरीदने आते थे, लेकिन प्रदर्शनों के कारण लोगों ने दिल्ली आना कम कर दिया है। उनका कहना था कि इससे छोटे-छोटे व्यापारियों का काम चौपट हो रहा है।

बैंगलोर उलसूर क्लॉक मर्चेंट एसोसिएशन के सदस्य प्रकाश पिरगल ने भी एक वीडियो संदेश में कहा, 'लंबे समय बाद देश भर के कारोबारियों के लिए अच्छा समय आया है, क्योंकि त्योहारों और शादी-ब्याह का मौसम आने वाला है। ऐसे समय में जब कई सड़कें बंद हैं और रास्ते रोके जा रहे हैं, तो इससे कारोबार पर असर पड़ रहा है।' पिरगल ने राहुल गांधी से अनुरोध किया कि वे बातचीत के ज़रिए मुद्दा सुलझाएँ, 'न कि सड़कों पर उतरकर व्यापारियों के लिए दशहरा और दिवाली का त्योहार खराब करें।'

एसआईआर विवाद की पृष्ठभूमि

कांग्रेस के नेतृत्व वाला 'इंडिया' गठबंधन मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) में कथित अनियमितताओं को लेकर चुनाव आयोग के विरुद्ध देशभर में प्रदर्शन कर रहा है। दोनों समूहों ने इस विवाद को लेकर मुख्य चुनाव आयुक्त (सीईसी) ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की माँग की है।

विपक्षी नेताओं ने मतदाता सूची संशोधन प्रक्रिया में अनियमितताओं का आरोप लगाया है, जबकि भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने इस प्रक्रिया का बचाव करते हुए कांग्रेस पर मुद्दे का राजनीतिकरण करने का आरोप लगाया है। यह ऐसे समय में आया है जब त्योहारी सीजन में खुदरा और थोक बाजारों में सालाना कारोबार का एक बड़ा हिस्सा होता है।

आगे क्या

फिलहाल चल रहे प्रदर्शनों के बीच कई जगहों पर सुरक्षा संबंधी पाबंदियाँ लागू हैं। बाज़ार बंद होने और सड़कें जाम होने से आवाजाही और कारोबारी गतिविधियाँ बाधित हो रही हैं। गौरतलब है कि 'इंडिया' गठबंधन ने अभी तक अपने प्रदर्शनों के कार्यक्रम में कोई बदलाव नहीं किया है। व्यापारी संगठनों की अपील के बाद यह देखना होगा कि विपक्ष अपनी रणनीति में कोई परिवर्तन करता है या नहीं।

संपादकीय दृष्टिकोण

वह वैध जनतांत्रिक सवाल है — लेकिन उसके तरीके पर आर्थिक नुकसान का आरोप लगना विपक्ष की 'जनपक्षधर' छवि को कमज़ोर कर सकता है। यह राजनीतिक विरोध और आर्थिक जिम्मेदारी के बीच के उस नाज़ुक संतुलन को रेखांकित करता है जिसे अक्सर नज़रअंदाज किया जाता है।
RashtraPress
14 अक्टूबर 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

एसआईआर विवाद क्या है और विपक्ष इसका विरोध क्यों कर रहा है?
एसआईआर यानी 'विशेष गहन पुनरीक्षण' मतदाता सूची की एक संशोधन प्रक्रिया है। 'इंडिया' गठबंधन का आरोप है कि इस प्रक्रिया में कथित अनियमितताएँ हो रही हैं और उसने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की माँग की है। BJP ने प्रक्रिया का बचाव करते हुए इसे राजनीतिकरण बताया है।
व्यापारी संगठनों ने राहुल गांधी से क्या माँग की है?
देशभर के आठ से अधिक व्यापारी संगठनों ने राहुल गांधी को पत्र और ईमेल लिखकर चुनाव आयोग के खिलाफ जारी विरोध प्रदर्शन वापस लेने की अपील की है। उनका कहना है कि नवरात्र, दशहरा और दीवाली के त्योहारी मौसम में सड़कें बंद होने से उनका कारोबार बुरी तरह प्रभावित हो रहा है।
कारोबार पर इन प्रदर्शनों का क्या असर पड़ रहा है?
व्यापारियों के अनुसार सड़कें बंद होने और सुरक्षा पाबंदियों से ग्राहक बाज़ारों तक नहीं पहुँच पा रहे। दिल्ली दाल एवं बेसन मिलर्स एसोसिएशन के सदस्य घनश्याम दास गोयल ने बताया कि आसपास के व्यापारी दिल्ली से माल खरीदने आना बंद कर चुके हैं, जिससे छोटे व्यापारियों को सीधा नुकसान हो रहा है।
राष्ट्रीय व्यापारी कल्याण बोर्ड ने इस पर क्या कहा?
बोर्ड के सदस्य सिराजुद्दीन एल्लाथोडी और अजय गुप्ता ने वीडियो संदेश जारी कर राहुल गांधी से प्रदर्शन रोकने का अनुरोध किया है। एल्लाथोडी ने कहा कि त्योहारी सीजन की बिक्री पर निर्भर व्यापारियों के लिए यह प्रदर्शन बहुत नुकसानदेह साबित हो रहे हैं।
BJP और कांग्रेस दोनों का एसआईआर पर क्या रुख है?
कांग्रेस के नेतृत्व वाला 'इंडिया' गठबंधन एसआईआर में कथित अनियमितताओं का आरोप लगाते हुए सीईसी ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की माँग कर रहा है। भारतीय जनता पार्टी ने मतदाता सूची पुनरीक्षण प्रक्रिया का बचाव किया है और कांग्रेस पर इस मुद्दे का राजनीतिकरण करने का आरोप लगाया है।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 5 दिन पहले
  2. 2 सप्ताह पहले
  3. 2 सप्ताह पहले
  4. 10 महीने पहले
  5. 10 महीने पहले
  6. 1 साल पहले
  7. 1 साल पहले
  8. 1 साल पहले