पीएम स्वनिधि: लखनपुर बनेगा स्ट्रीट फूड हब, जितेंद्र सिंह ने किया वेंडर्स मार्केट का दौरा
सारांश
मुख्य बातें
केंद्रीय मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह ने शुक्रवार, 17 जुलाई को लखनपुर वेंडर्स मार्केट का दौरा किया, जहाँ स्थानीय स्ट्रीट फूड विक्रेताओं और व्यापारियों ने उनका उत्साहपूर्वक स्वागत किया। यह दौरा भारत सरकार के उस निर्णय के बाद हुआ जिसमें लखनपुर को पीएम स्वनिधि पहल के अंतर्गत देशभर के 50 चयनित शहरों में शामिल किया गया है, जहाँ 'स्ट्रीट फूड हब' विकसित किए जाएंगे। मंत्री ने इस अवसर पर महाराजा गुलाब सिंह की प्रतिमा का उद्घाटन भी किया।
पीएम स्वनिधि और लखनपुर का चयन
डॉ. जितेंद्र सिंह ने कहा कि देश के इतिहास में पहली बार किसी विशेष सरकारी पहल के माध्यम से स्ट्रीट वेंडर्स की भलाई को केंद्र में रखा गया है। उन्होंने कहा कि स्ट्रीट वेंडर्स पिछली सरकारों की नीतिगत प्राथमिकताओं से बाहर रहे, लेकिन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की संवेदनशीलता ने यह सुनिश्चित किया कि समाज के उपेक्षित वर्गों को ऐसी योजनाओं के ज़रिये मुख्यधारा में लाया जाए जो उन्हें सम्मान, वित्तीय सहायता और आजीविका के स्थायी अवसर प्रदान करें। स्ट्रीट फूड हब पहल के पहले चरण में लखनपुर का चयन छोटे विक्रेताओं को सशक्त बनाने तथा संगठित, स्वच्छ और पर्यटक-अनुकूल वेंडिंग स्थान निर्मित करने की सरकार की प्रतिबद्धता को दर्शाता है।
प्रस्तावित हब की संरचना और विशेषताएँ
मंत्रालय को 32 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों से 126 प्रस्ताव प्राप्त हुए हैं, जिनमें 106 शहरी स्थानीय निकाय और 7 जनगणना शहर शामिल हैं। लखनपुर में प्रस्तावित स्ट्रीट फूड हब को दो क्लस्टरों में विकसित किया जाएगा — एक पुराने बस स्टैंड के निकट और दूसरा सेल्स टैक्स ऑफिस के पास। 1,754.25 वर्ग मीटर में फैला यह हब आधुनिक वेंडिंग इंफ्रास्ट्रक्चर से सुसज्जित होगा और डोगरा व्यंजनों सहित अन्य स्थानीय खाद्य परंपराओं को बढ़ावा देगा।
पठानकोट से जम्मू-कश्मीर के प्रवेश द्वार और श्री माता वैष्णो देवी मार्ग पर स्थित होने के कारण यह स्थान रणनीतिक दृष्टि से अत्यंत महत्त्वपूर्ण है — यहाँ प्रतिदिन बड़ी संख्या में पर्यटक, तीर्थयात्री और पारगमन यात्री आते हैं। डॉ. जितेंद्र सिंह ने कहा कि यह परियोजना स्थानीय उद्यमिता को मज़बूत करेगी और लखनपुर को महज एक ट्रांजिट पॉइंट से एक प्रसिद्ध खाद्य गंतव्य में रूपांतरित करेगी।
गेटवे स्मारक और सौंदर्यीकरण
केंद्रीय मंत्री ने घोषणा की कि जम्मू-कश्मीर के प्रवेश द्वार को एक अनूठे गेटवे स्मारक और व्यापक सौंदर्यीकरण कार्यों के ज़रिये एक आकर्षक प्रवेश बिंदु के रूप में विकसित किया जाएगा, जिस पर लगभग ₹1.5 करोड़ से अधिक का व्यय अनुमानित है। उन्होंने बताया कि परियोजना का आकलन तैयार हो चुका है और धनराशि सांसद स्थानीय क्षेत्र विकास योजना (MPLADS) तथा अन्य उपलब्ध स्रोतों से जुटाई जाएगी। इसी अवसर पर मंत्री ने महाराजा गुलाब सिंह की प्रतिमा का उद्घाटन किया, जो जम्मू-कश्मीर के प्रवेश द्वार पर इस क्षेत्र की सांस्कृतिक एवं ऐतिहासिक पहचान का प्रतीक बनेगी।
क्षेत्र में अन्य विकास परियोजनाएँ
डॉ. जितेंद्र सिंह ने बताया कि शाहपुर कंडी परियोजना, जो लगभग चार दशकों से अटकी हुई थी, अब चालू हो गई है। इसके साथ ही उझ बहुउद्देशीय परियोजना — जो करीब एक शताब्दी से लंबित थी — भी अब अंतिम स्वीकृति के चरण में है। ये दोनों परियोजनाएँ कठुआ, सांबा और जम्मू जिले के कुछ हिस्सों में सिंचाई सुविधाओं में उल्लेखनीय सुधार लाएंगी। उन्होंने यह भी बताया कि कठुआ रेलवे स्टेशन का नामकरण शहीद कैप्टन सुनील शर्मा के नाम पर किए जाने की स्वीकृति मिल चुकी है और औपचारिक प्रक्रिया शीघ्र पूर्ण होगी।
वाहन फिटनेस परीक्षण सुविधा को कठुआ से सांबा स्थानांतरित किए जाने के प्रश्न पर मंत्री ने स्पष्ट किया कि सांबा में एक आधुनिक, प्रौद्योगिकी-चालित स्वचालित परीक्षण सुविधा स्थापित करने की आवश्यकता के कारण यह अस्थायी कदम उठाया गया है और कठुआ में भी ऐसी ही अत्याधुनिक सुविधा स्थापित करने का प्रस्ताव संबंधित अधिकारियों के विचाराधीन है।
स्थानीय विक्रेताओं की प्रतिक्रिया
लखनपुर के स्थानीय स्ट्रीट फूड विक्रेताओं और नागरिकों ने केंद्रीय मंत्री को पीएम स्वनिधि स्ट्रीट फूड हब दिलाने के लिए धन्यवाद दिया। विक्रेताओं ने कहा कि इस पहल से उन्हें कार्य करने का स्वच्छ, व्यवस्थित और सम्मानजनक वातावरण मिलेगा, साथ ही तीर्थयात्रियों, पर्यटकों और अन्य आगंतुकों के लिए सुविधाएँ भी बढ़ेंगी। यह परियोजना लखनपुर की आर्थिक पहचान को नया आयाम देने की दिशा में एक महत्त्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।