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तेजस्वी यादव का आरोप: नीतीश कुमार का राज्यसभा जाना राजनीतिक दबाव का परिणाम

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तेजस्वी यादव का आरोप: नीतीश कुमार का राज्यसभा जाना राजनीतिक दबाव का परिणाम

सारांश

तेजस्वी यादव ने नीतीश कुमार पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि उनका राज्यसभा जाना राजनीतिक दबाव का नतीजा है। उन्होंने बिहार की बिगड़ती स्थिति और बेरोजगारी के मुद्दों पर भी चिंता जताई।

मुख्य बातें

नीतीश कुमार का राज्यसभा जाना राजनीतिक दबाव का परिणाम है।
बिहार में अपराध और बेरोजगारी की स्थिति चिंताजनक है।
राज्य सरकार पर सत्ता बनाए रखने का आरोप है।

पटना, 10 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। बिहार विधानसभा में विपक्ष के नेता तेजस्वी यादव ने नीतीश कुमार के राज्यसभा सदस्य के रूप में शपथ लेने के बाद उन पर तीखा हमला किया। उन्होंने इसे एक औपचारिकता बताते हुए कहा कि यह कोई नई बात नहीं है।

राजनीतिक हलचल पर कटाक्ष करते हुए तेजस्वी यादव ने पूछा, "क्या नीतीश कुमार ने प्रधानमंत्री पद की शपथ ली है?" और इस पूरे घटनाक्रम को लेकर उठ रहे सवालों पर भी चिंता व्यक्त की।

उन्होंने दावा किया कि मुख्यमंत्री का राज्यसभा जाना स्वैच्छिक नहीं था, बल्कि यह भारी राजनीतिक दबाव का परिणाम है।

तेजस्वी ने मिश्रित आलोचना और सहानुभूति के स्वर में कहा कि नीतीश कुमार इस समय काफी दबाव में हैं।

उन्होंने कहा, "मैंने पहले ही कहा था कि उन्हें शांतिपूर्वक काम नहीं करने दिया जाएगा।" उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि नीतीश कुमार की राज्यसभा जाने की कोई व्यक्तिगत इच्छा नहीं थी।

उन्होंने समय को लेकर भी सवाल उठाए और कहा कि मुख्यमंत्री बनने के कुछ ही महीनों बाद ऐसा निर्णय लेना कई गंभीर सवाल खड़े करता है।

मुख्यमंत्री के कथित सार्वजनिक अपमान पर चिंता व्यक्त करते हुए तेजस्वी ने आरोप लगाया कि नीतीश कुमार की सत्ता और अधिकार को कमजोर किया जा रहा है।

हाल की घटनाओं और कथित वीडियो क्लिप का हवाला देते हुए उन्होंने कहा कि भाषणों के दौरान व्यवधान और कार्यवाही रोकना उनके प्रति अनादर को दर्शाता है।

विपक्षी नेता ने राज्य सरकार पर बड़ा हमला करते हुए कहा कि बिहार की स्थिति तेजी से खराब हो रही है।

उन्होंने यह भी कहा कि अपराध बढ़ रहे हैं और शिक्षास्वास्थ्य जैसे क्षेत्र लगातार गिरावट में हैं।

उनके अनुसार, सरकार केवल सत्ता बनाए रखने पर ध्यान दे रही है, शासन पर नहीं।

बेरोजगारी के मुद्दे पर तेजस्वी ने आरोप लगाया कि शिक्षकों की भर्ती में जानबूझकर देरी की जा रही है, जिससे हजारों अभ्यर्थी प्रभावित हो रहे हैं।

उन्होंने अपने सोशल मीडिया पोस्ट का हवाला देते हुए कहा कि रोजगार के वादों का इस्तेमाल केवल समय टालने के लिए किया जा रहा है।

अंत में, तेजस्वी ने कहा कि बिहार का शासन अब पटना से नहीं बल्कि नई दिल्ली से नियंत्रित हो रहा है।

उन्होंने आरोप लगाया कि अगला मुख्यमंत्री जनता की इच्छा से नहीं बल्कि ऊपर से तय किया जाएगा।

तेजस्वी यादव के इन बयानों के बाद बिहार की राजनीति में नई बहस छिड़ गई है और राज्य का राजनीतिक माहौल और अधिक गर्म हो गया है।

संपादकीय दृष्टिकोण

बल्कि राज्य की वर्तमान स्थिति को भी दर्शाता है।
RashtraPress
26 जून 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

तेजस्वी यादव ने नीतीश कुमार पर क्या आरोप लगाए?
तेजस्वी यादव ने आरोप लगाया कि नीतीश कुमार का राज्यसभा जाना राजनीतिक दबाव का परिणाम है।
बिहार में वर्तमान स्थिति कैसी है?
तेजस्वी यादव ने कहा कि बिहार की स्थिति तेजी से खराब हो रही है, अपराध बढ़ रहे हैं और शिक्षा व स्वास्थ्य क्षेत्रों में गिरावट आ रही है।
क्या नीतीश कुमार की राज्यसभा जाने की कोई व्यक्तिगत इच्छा थी?
तेजस्वी यादव के अनुसार, नीतीश कुमार की राज्यसभा जाने की कोई व्यक्तिगत इच्छा नहीं थी।
राष्ट्र प्रेस
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