क्या तेलुगु न्यूज चैनल के दो पत्रकारों को मानहानिकारक खबर प्रसारित करने के आरोप में गिरफ्तार किया गया?
सारांश
Key Takeaways
- एनटीवी के दो पत्रकारों की गिरफ्तारी
- मानहानिकारक खबर प्रसारित करने का आरोप
- पुलिस की कार्रवाई जारी
- एसआईटी द्वारा जांच हो रही है
- पत्रकारिता की स्वतंत्रता और जिम्मेदारी का मामला
हैदराबाद, 14 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। तेलंगाना पुलिस ने बुधवार को तेलुगु टेलीविजन न्यूज चैनल एनटीवी के दो पत्रकारों को एक मंत्री और एक महिला आईएएस अधिकारी के बारे में कथित तौर पर मानहानिकारक खबर प्रसारित करने के आरोप में गिरफ्तार किया।
हैदराबाद के पुलिस आयुक्त सीवी सज्जनार ने कहा कि एक रिपोर्टर को बैंकॉक भागने की कोशिश करते समय गिरफ्तार किया गया। दूसरे रिपोर्टर को पुलिस ने पूछताछ के लिए बुलाया था, लेकिन उसने अपना फोन बंद कर लिया था, इसलिए उसे भी हिरासत में ले लिया गया।
जांच कर रही विशेष जांच टीम (एसआईटी) के प्रमुख सज्जनार ने मीडिया से कहा कि आरोपियों को पुलिस की जांच में सहयोग करना चाहिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि जिन पत्रकारों के खिलाफ मामला है, उन्हें कहीं भी छुपने नहीं दिया जाएगा।
जिन लोगों को पुलिस ने समन भेजा है, उन्हें पेश होना अनिवार्य है। पुलिस आयुक्त ने बताया कि एक टीवी चैनल का सीईओ पुलिस के बुलाने पर नहीं आया।
सज्जनार ने सवाल किया कि रिपोर्टर भागने की कोशिश क्यों कर रहे हैं। उन्होंने बताया कि एक रिपोर्टर ने फ्लाइट टिकट बुक कर बैंकॉक जाने की तैयारी की थी, जिसे गिरफ्तार कर लिया गया।
उन्होंने कहा कि पुलिस कानून के अनुसार कार्रवाई कर रही है और जल्द ही इस मामले से जुड़ी सभी जानकारियाँ सामने आएंगी। उन्होंने कहा, “कानून अपना काम करेगा।”
पुलिस आयुक्त ने कहा कि सार्वजनिक जीवन में आलोचना सामान्य है, लेकिन किसी महिला अधिकारी पर व्यक्तिगत हमला करते हुए झूठी खबरें दिखाना कभी भी उचित नहीं हो सकता।
उन्होंने बताया कि एसआईटी दो मामलों की जांच कर रही है। दूसरा मामला नारायणपेट जिले में दर्ज किया गया है, जिसमें मुख्यमंत्री की एक “अश्लील और अपमानजनक” तस्वीर व्हाट्सएप ग्रुप में साझा करने का आरोप है।
हैदराबाद पुलिस ने एक मंत्री और एक महिला आईएएस अधिकारी से संबंधित झूठी ख़बरें दिखाने और फैलाने के मामले में कई मीडिया और सोशल मीडिया प्लेटफार्मों के खिलाफ मामला दर्ज किया है।
एनटीवी के इनपुट एडिटर डोंथु रमेश और रिपोर्टर सुधीर को मेडिकल जांच के लिए किंग कोटी अस्पताल ले जाया गया। उन्हें मजिस्ट्रेट के सामने पेश किए जाने की संभावना है।
इस बीच, एसआईटी ने एनटीवी के दफ्तर में भी तलाशी ली। करीब दो घंटे चली इस कार्रवाई में कंप्यूटर और हार्ड डिस्क जब्त किए जाने की खबर है। चैनल ने पुलिस पर मनमानी कार्रवाई करने का आरोप लगाया है।
यह मामला एनटीवी, टी न्यूज और कई अन्य न्यूज चैनलों के साथ-साथ कुछ यूट्यूब चैनलों और सोशल मीडिया अकाउंट्स के खिलाफ दर्ज किया गया है। यह शिकायत आईएएस ऑफिसर्स एसोसिएशन की ओर से विशेष मुख्य सचिव जयेश रंजन ने दर्ज कराई थी।
तेलंगाना आईएएस ऑफिसर्स एसोसिएशन के सचिव जयेश रंजन ने अपनी शिकायत में कहा कि 8 जनवरी को एनटीवी ने एक महिला आईएएस अधिकारी को लेकर जो खबर प्रकाशित और प्रसारित की, वह पूरी तरह से झूठी, गढ़ी हुई और बेबुनियाद थी।
शिकायत में कहा गया है कि एक कार्यरत महिला आईएएस अधिकारी के खिलाफ बिना किसी सबूत के आरोप लगाए गए और उनके एक राजनीतिक व्यक्ति के साथ कथित निजी संबंधों का इशारा करते हुए उनकी पोस्टिंग को इन झूठे दावों से जोड़ने की कोशिश की गई।