जयपुर: राजस्थान पुलिस मुख्यालय के गेट नंबर 4 के पास दो कारों में भड़की आग, कोई हताहत नहीं
सारांश
मुख्य बातें
जयपुर में राजस्थान पुलिस मुख्यालय (PHQ) के गेट नंबर 4 के बाहर 2 नवंबर 2026 की सुबह करीब 11 बजे खड़ी दो कारों में अचानक आग भड़क उठी, जिससे आसपास के लोगों में अफरा-तफरी मच गई। दमकल विभाग ने समय रहते मौके पर पहुँचकर आग पर काबू पाया और सौभाग्य से किसी के हताहत होने की खबर नहीं है।
घटनाक्रम: कैसे भड़की आग
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार सबसे पहले एक महिंद्रा थार एसयूवी से धुआँ उठता देखा गया, जो देखते-देखते भीषण आग में तब्दील हो गया। पास में खड़ी एक सफेद टाटा हैरियर भी इस आग की चपेट में आ गई। पुलिस मुख्यालय के भीतर ड्यूटी पर तैनात कई पुलिसकर्मी आग की लपटें देखकर तुरंत बाहर निकल आए।
मौके पर जमा हुए लोगों ने दमकल विभाग को सूचना दी। दमकल गाड़ियाँ शीघ्र पहुँचीं और आग पर काबू पाया गया, लेकिन तब तक दोनों वाहन बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो चुके थे।
वाहन मालिकों का ब्योरा
पुलिस के अनुसार जली हुई महिंद्रा थार एक राष्ट्रीयकृत बैंक के कर्मचारी शुभम की है, जिन्होंने यह एसयूवी 2022 में धनतेरस के दौरान खरीदी थी। वहीं, दूसरी क्षतिग्रस्त गाड़ी टाटा हैरियर सरकारी बैंक कर्मचारी राहुल की है, जिन्होंने इसे 2025 में खरीदा था। आग फैलने की आशंका से आसपास खड़े अन्य वाहन मालिक भी अपनी गाड़ियाँ सुरक्षित स्थानों पर हटाने लगे।
पुलिस की प्रतिक्रिया और जाँच
एसीपी (अशोक नगर) पूनम ने बताया कि पुलिस मुख्यालय के गेट नंबर 4 के बाहर खड़ी महिंद्रा थार में अज्ञात कारणों से आग लगी और पास खड़ी सफेद कार भी इसकी चपेट में आई। उन्होंने पुष्टि की कि दमकल कर्मियों को तत्काल बुलाया गया और स्थिति पर काबू पा लिया गया, तथा कोई व्यक्ति घायल नहीं हुआ।
ज्योति नगर पुलिस स्टेशन आग लगने के सटीक कारण का पता लगाने के लिए मामले की जाँच कर रहा है। कथित तौर पर शॉर्ट सर्किट से आग लगने की आशंका जताई जा रही है, हालाँकि अधिकारियों के अनुसार विस्तृत जाँच के बाद ही सटीक कारण स्पष्ट हो सकेगा।
आम जनता पर असर
घटना राज्य पुलिस मुख्यालय के ठीक बाहर घटित होने के कारण इलाके में खासी दहशत फैल गई। मौके पर जमा लोगों ने जलते वाहनों के वीडियो बनाए, जो बाद में सोशल मीडिया पर प्रसारित हुए और घटना की ओर व्यापक ध्यान आकर्षित किया।
गौरतलब है कि पुलिस मुख्यालय जैसी संवेदनशील सरकारी इमारत के समीप इस तरह की घटना से सुरक्षा व्यवस्था और पार्किंग प्रबंधन पर भी सवाल उठते हैं। फिलहाल जाँच जारी है और आगे की कार्रवाई जाँच के निष्कर्षों पर निर्भर करेगी।