भारत-न्यूजीलैंड FTA से बाज़ार में तेज़ी, सेंसेक्स 639 अंक उछला; निफ्टी 24,092 पर बंद
सारांश
Key Takeaways
- बीएसई सेंसेक्स 27 अप्रैल 2026 को 639.42 अंक (0.83%25) की बढ़त के साथ 77,303.63 पर बंद हुआ।
- एनएसई निफ्टी50 194.75 अंक (0.81%25) चढ़कर 24,092.70 पर पहुँचा; तीन दिनों की गिरावट का सिलसिला टूटा।
- भारत-न्यूजीलैंड FTA पर हस्ताक्षर; 100%25 भारतीय निर्यात को टैरिफ छूट, 95%25 न्यूजीलैंड आयात पर भी राहत।
- समझौता 16 मार्च 2025 से शुरू होकर रिकॉर्ड नौ महीनों में पूरा हुआ।
- निफ्टी स्मॉलकैप 100 में 1.90%25 और निफ्टी मिडकैप 100 में 1.47%25 की बढ़त; निफ्टी रियल्टी, आईटी, फार्मा, मीडिया, मेटल में 2%25+ तेज़ी।
बीएसई सेंसेक्स सोमवार, 27 अप्रैल 2026 को 639.42 अंक (0.83 प्रतिशत) की बढ़त के साथ 77,303.63 पर बंद हुआ, जबकि एनएसई निफ्टी50 194.75 अंक (0.81 प्रतिशत) चढ़कर 24,092.70 पर पहुँचा। भारत-न्यूजीलैंड के बीच ऐतिहासिक फ्री ट्रेड एग्रीमेंट (FTA) पर हस्ताक्षर और वैश्विक भू-राजनीतिक माहौल में सुधार ने पिछले लगातार तीन कारोबारी दिनों की गिरावट के बाद घरेलू बाज़ार को मज़बूती दी।
मुख्य बाज़ार प्रदर्शन
दिन के कारोबार में सेंसेक्स 76,856.05 पर खुलकर 77,420.04 के इंट्राडे उच्चतम स्तर तक पहुँचा। निफ्टी50 23,945.45 पर खुला और दिन के दौरान 24,130.70 तक चढ़ा। व्यापक बाज़ारों ने बेंचमार्क सूचकांकों से बेहतर प्रदर्शन किया — निफ्टी स्मॉलकैप 100 में 1.90 प्रतिशत और निफ्टी मिडकैप 100 में 1.47 प्रतिशत की बढ़त दर्ज की गई।
सेक्टरवार तेज़ी और कमज़ोरी
निफ्टी रियल्टी, निफ्टी आईटी, निफ्टी फार्मा, निफ्टी मीडिया और निफ्टी मेटल — इन सभी सेक्टरों में 2 प्रतिशत से अधिक की बढ़त दर्ज की गई। निफ्टी ऑटो, निफ्टी ऑयल एंड गैस और निफ्टी एफएमसीजी ने भी बेहतर प्रदर्शन किया। दूसरी ओर, निफ्टी प्राइवेट बैंक और निफ्टी फाइनेंशियल सर्विसेज का प्रदर्शन बेंचमार्क इंडेक्स से कमज़ोर रहा।
निफ्टी50 के टॉप गेनर्स में सन फार्मा, टेक महिंद्रा, विप्रो, अदाणी पोर्ट्स, एनटीपीसी, एसबीआई लाइफ, जेएसडब्ल्यू स्टील, एचसीएल टेक, एमएंडएम और टीसीएस शामिल रहे। जबकि श्रीराम फाइनेंस, एक्सिस बैंक, बीईएल, टाटा कंज्यूमर, ट्रेंट, आईसीआईसीआई बैंक, इटरनल और नेस्ले इंडिया के शेयरों में सर्वाधिक गिरावट रही।
भारत-न्यूजीलैंड FTA: ऐतिहासिक समझौते का ब्यौरा
सोमवार को वाणिज्य मंत्री पीयूष गोयल और उनके न्यूजीलैंड समकक्ष टॉड मैक्ले की उपस्थिति में इस मुक्त व्यापार समझौते पर हस्ताक्षर किए गए। इस FTA के तहत न्यूजीलैंड को होने वाले 100 प्रतिशत भारतीय निर्यात पर टैरिफ छूट मिलेगी, जबकि न्यूजीलैंड से भारत आने वाले 95 प्रतिशत सामान पर टैरिफ में छूट दी गई है या उसे कम किया गया है।
गौरतलब है कि यह समझौता 16 मार्च 2025 को शुरू हुई वार्ताओं के बाद रिकॉर्ड नौ महीनों में संपन्न हुआ। इसके तहत भारत को सभी टैरिफ उत्पादों पर तत्काल 100 प्रतिशत शुल्क-मुक्त पहुँच प्राप्त होगी — जो दोनों देशों के आर्थिक संबंधों में एक नया अध्याय है।
बाज़ार की रिकवरी का संदर्भ
यह ऐसे समय में आया है जब पश्चिम एशिया में भू-राजनीतिक तनाव के कारण वैश्विक बाज़ारों में अनिश्चितता बनी हुई थी। FTA की घोषणा ने निवेशकों की धारणा को सकारात्मक दिशा दी और घरेलू बाज़ार ने लगातार तीन सत्रों की गिरावट का सिलसिला तोड़ा। विश्लेषकों के अनुसार, व्यापक बाज़ारों में स्मॉलकैप और मिडकैप की मज़बूती यह संकेत देती है कि खुदरा निवेशकों का भरोसा भी लौट रहा है।