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ईएसआईसी लाभ के लिए आधार लिंकिंग अनिवार्य, श्रम मंत्रालय ने 8 सितंबर को जारी किया आदेश

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ईएसआईसी लाभ के लिए आधार लिंकिंग अनिवार्य, श्रम मंत्रालय ने 8 सितंबर को जारी किया आदेश

सारांश

श्रम मंत्रालय ने 8 सितंबर को ईएसआईसी लाभार्थियों के लिए आधार-सीडिंग अनिवार्य कर दी है। सामाजिक सुरक्षा संहिता 2020 की धारा 142 के तहत जारी इस आदेश से ₹21,000 तक वेतन पाने वाले लाखों कर्मचारियों और उनके परिवारों को ईएसआईसी सेवाओं का लाभ लेने के लिए आधार लिंक करना होगा।

मुख्य बातें

श्रम और रोजगार मंत्रालय ने 8 सितंबर 2026 को ईएसआईसी लाभार्थियों के लिए आधार लिंकिंग अनिवार्य करने का आदेश जारी किया।
यह आदेश सामाजिक सुरक्षा संहिता, 2020 की धारा 142 के तहत लागू किया गया है।
आमतौर पर ₹21,000 प्रति माह तक वेतन पाने वाले कर्मचारी ईएसआईसी के दायरे में आते हैं; विकलांग व्यक्तियों के लिए सीमा ₹25,000 प्रति माह है।
लाभार्थी ईएसआईसी की आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर OTP-आधारित प्रमाणीकरण से आधार सीडिंग पूरी कर सकते हैं।
आधार से पंजीकृत मोबाइल नंबर का सक्रिय होना अनिवार्य है, अन्यथा OTP प्रक्रिया पूरी नहीं होगी।

श्रम और रोजगार मंत्रालय ने 8 सितंबर 2026 को आदेश जारी कर स्पष्ट किया कि कर्मचारी राज्य बीमा निगम (ईएसआईसी) के सभी लाभार्थियों को सामाजिक सुरक्षा योजना के तहत मिलने वाली सुविधाओं का निर्बाध लाभ उठाने के लिए अपना आधार अपने ईएसआईसी पहचान कार्ड से अनिवार्य रूप से लिंक करना होगा। यह निर्देश सामाजिक सुरक्षा संहिता, 2020 की धारा 142 के अंतर्गत जारी किया गया है।

आधार लिंकिंग क्यों अनिवार्य की गई

मंत्रालय के अनुसार, आधार-आधारित प्रमाणीकरण से लाभार्थियों की पहचान सुनिश्चित करने और ईएसआईसी सेवाओं तक पहुँच को सरल बनाने में मदद मिलेगी। यह कदम ऐसे समय में आया है जब सरकार सामाजिक सुरक्षा योजनाओं में फर्जी लाभार्थियों की समस्या को डिजिटल माध्यम से दूर करने की दिशा में लगातार प्रयास कर रही है। गौरतलब है कि आधार-सीडिंग की अनिवार्यता केंद्र सरकार की व्यापक 'डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर' नीति का हिस्सा है।

कौन हैं ईएसआईसी के लाभार्थी

ईएसआईसी योजना के अंतर्गत पंजीकृत कारखानों और प्रतिष्ठानों में कार्यरत पात्र कर्मचारी और उनके परिवार सामाजिक सुरक्षा एवं स्वास्थ्य देखभाल सुविधाओं के हकदार होते हैं। आमतौर पर ₹21,000 प्रति माह तक वेतन पाने वाले कर्मचारी इस योजना के दायरे में आते हैं, जबकि विकलांग व्यक्तियों के लिए यह वेतन सीमा ₹25,000 प्रति माह निर्धारित है।

आधार लिंकिंग की प्रक्रिया

लाभार्थी आधिकारिक ईएसआईसी वेबसाइट के माध्यम से अपना आधार ईएसआईसी रिकॉर्ड से जोड़ सकते हैं। इसके लिए उन्हें वेबसाइट पर जाकर 'बीमित व्यक्ति और लाभार्थी' अनुभाग का चयन करना होगा और अपने यूजर आईडी व पासवर्ड से लॉग इन करना होगा। इसके बाद 'आईपी के लिए आधार सीडिंग' विकल्प चुनकर सूची में अपना नाम खोजा जा सकता है और लिंकिंग की प्रक्रिया शुरू की जा सकती है।

प्रक्रिया के अगले चरण में लाभार्थी को अपना आधार नंबर दर्ज करना होगा और आधार से पंजीकृत मोबाइल नंबर पर भेजे गए वन-टाइम पासवर्ड (OTP) से प्रमाणीकरण पूरा करना होगा। अनुरोध सबमिट होने के बाद एक रेफरेंस नंबर जनरेट होता है और सत्यापन प्रक्रिया पूरी होते ही आधार को ईएसआईसी रिकॉर्ड से जोड़ दिया जाता है।

मंत्रालय की सलाह

मंत्रालय ने सभी लाभार्थियों को सलाह दी है कि वे यह सुनिश्चित करें कि उनके आधार से पंजीकृत मोबाइल नंबर सक्रिय और उपयोग योग्य हो, क्योंकि OTP-आधारित प्रमाणीकरण के लिए इसकी अनिवार्य आवश्यकता होती है। बिना सक्रिय मोबाइल नंबर के लिंकिंग प्रक्रिया पूरी नहीं हो सकेगी।

आगे क्या होगा

आधार-सीडिंग पूरी न करने वाले लाभार्थियों को ईएसआईसी सेवाओं तक पहुँच में बाधा आ सकती है। सरकार का लक्ष्य इस प्रक्रिया को जल्द से जल्द पूरा कराना है ताकि योजना का लाभ केवल वास्तविक पात्र लाभार्थियों तक पहुँचे और सामाजिक सुरक्षा तंत्र को और अधिक पारदर्शी बनाया जा सके।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन असली चुनौती उन लाखों असंगठित क्षेत्र के कर्मचारियों के लिए है जिनके आधार से मोबाइल नंबर अभी भी पंजीकृत नहीं हैं। OTP-आधारित प्रक्रिया तकनीकी रूप से सुलभ लगती है, पर ग्रामीण और अर्ध-शहरी क्षेत्रों में डिजिटल साक्षरता और नेटवर्क की कमी इसे व्यावहारिक रूप से कठिन बना सकती है। सरकार को केवल आदेश जारी करने के बजाय लिंकिंग शिविर और सहायता केंद्र स्थापित करने की दिशा में भी ठोस कदम उठाने होंगे, ताकि वास्तविक लाभार्थी सेवाओं से वंचित न हों।
RashtraPress
9 सितंबर 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

ईएसआईसी के लिए आधार लिंकिंग क्यों अनिवार्य की गई है?
श्रम और रोजगार मंत्रालय ने सामाजिक सुरक्षा संहिता, 2020 की धारा 142 के तहत यह अनिवार्यता लागू की है ताकि लाभार्थियों की पहचान सुनिश्चित हो और ईएसआईसी सेवाओं तक पहुँच आसान हो। इससे फर्जी लाभार्थियों को रोकने और योजना को अधिक पारदर्शी बनाने में मदद मिलेगी।
ईएसआईसी आधार सीडिंग की प्रक्रिया क्या है?
लाभार्थी को ईएसआईसी की आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर 'बीमित व्यक्ति और लाभार्थी' अनुभाग में लॉग इन करना होगा, 'आईपी के लिए आधार सीडिंग' विकल्प चुनना होगा और आधार नंबर दर्ज कर OTP से प्रमाणीकरण पूरा करना होगा। अनुरोध सबमिट होने के बाद एक रेफरेंस नंबर जनरेट होता है।
ईएसआईसी में कौन से कर्मचारी शामिल होते हैं?
आमतौर पर ₹21,000 प्रति माह तक वेतन पाने वाले कर्मचारी ईएसआईसी योजना के दायरे में आते हैं। विकलांग व्यक्तियों के लिए यह वेतन सीमा ₹25,000 प्रति माह है।
आधार लिंकिंग के लिए मोबाइल नंबर क्यों जरूरी है?
OTP-आधारित प्रमाणीकरण के लिए आधार से पंजीकृत मोबाइल नंबर का सक्रिय और उपयोग योग्य होना अनिवार्य है। मंत्रालय ने सलाह दी है कि लाभार्थी लिंकिंग प्रक्रिया शुरू करने से पहले यह सुनिश्चित करें।
आधार लिंक न करने पर क्या होगा?
आधार-सीडिंग पूरी न करने वाले लाभार्थियों को ईएसआईसी सेवाओं और सामाजिक सुरक्षा लाभों तक पहुँच में बाधा आ सकती है। सरकार ने सभी पात्र लाभार्थियों से जल्द से जल्द यह प्रक्रिया पूरी करने की अपील की है।
राष्ट्र प्रेस
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