फीफा वर्ल्ड कप 2026: यूट्यूब पर 1.7 अरब यूनिक दर्शक, लाइफटाइम व्यूज 200 अरब पार — सुंदर पिचाई
सारांश
मुख्य बातें
गूगल के मुख्य कार्यकारी अधिकारी सुंदर पिचाई ने 22 जुलाई 2026 को खुलासा किया कि फीफा वर्ल्ड कप 2026 से जुड़े वीडियो को यूट्यूब पर 1.7 अरब से अधिक यूनिक दर्शकों ने देखा, जिससे इस टूर्नामेंट से संबंधित वीडियो के कुल लाइफटाइम व्यूज बढ़कर 200 अरब से अधिक हो गए। पिचाई ने एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर पोस्ट करते हुए इसे यूट्यूब के इतिहास का सबसे अधिक देखा गया फीफा विश्व कप करार दिया।
यूट्यूब पर दर्शकों की रिकॉर्ड संख्या
पिचाई ने एक्स पर लिखा, 'यह अब तक का हमारा सबसे ज्यादा देखा गया फीफा विश्व कप था। इससे संबंधित कंटेंट के कुल लाइफटाइम व्यूज 200 अरब से अधिक हो गए हैं।' उन्होंने यूट्यूब के सीईओ नील मोहन की पोस्ट को साझा करते हुए दर्शकों से जुड़े अतिरिक्त आँकड़े भी सामने रखे।
नील मोहन ने बताया कि यूट्यूब के पहले क्रिएटर कप को 1 करोड़ से अधिक लाइव व्यूज मिले। उन्होंने यह भी कहा कि क्रिएटर समूह द्वारा पूरे टूर्नामेंट के दौरान दी गई कमेंट्री और विभिन्न दृष्टिकोणों को 25 लाख से अधिक व्यूज प्राप्त हुए।
मोहन ने एक्स पर लिखा, 'स्पेन को शानदार चैंपियनशिप जीतने पर बधाई! साथ ही हमारे साझेदारों, क्रिएटर्स और यूट्यूब की टीमों का बड़ा धन्यवाद, जिन्होंने प्रशंसकों को पहले से बिल्कुल अलग और यादगार अनुभव दिया।'
स्टेडियमों में भी टूटे सारे रिकॉर्ड
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि टूर्नामेंट के दौरान 65 लाख से अधिक दर्शकों ने स्टेडियमों में मैच देखे, जो पिछले दो फीफा विश्व कपों की संयुक्त दर्शक संख्या से भी अधिक है। ट्रंप ने इस आयोजन को 'शायद दुनिया के इतिहास का सबसे सफल खेल आयोजन' बताया।
यह टूर्नामेंट अमेरिका, कनाडा और मेक्सिको के 16 शहरों में खेला गया, जिसमें 104 मैचों में 200 देशों के प्रशंसकों ने भाग लिया। गौरतलब है कि यह पहला फीफा विश्व कप था जिसमें तीन देशों ने संयुक्त रूप से मेज़बानी की।
कार्यस्थलों पर आर्थिक असर
रिपोर्टों के अनुसार, फीफा विश्व कप के कारण अमेरिका के कार्यस्थलों पर भी गहरा असर पड़ा। मैच देखने के लिए लाखों कर्मचारियों द्वारा अपने कामकाजी समय में बदलाव करने से देश की उत्पादकता में लगभग 11.7 अरब डॉलर तक की कमी आने का अनुमान है।
यूकेजी के आँकड़ों के अनुसार, टूर्नामेंट का वैश्विक आर्थिक प्रभाव लगभग 17 अरब डॉलर रहा। इसकी वजह प्रतियोगिता के दौरान कर्मचारियों की अनुपस्थिति, देर से कार्यालय पहुँचना और समय से पहले काम छोड़कर जाना रही।
अमेरिकी टीम के बाहर होने पर सबसे अधिक व्यवधान
वर्कप्लेस प्लेटफॉर्म एनवॉय के आँकड़ों से पता चला कि सबसे अधिक कार्यस्थल व्यवधान उस दिन दर्ज हुआ जब अमेरिकी पुरुष फुटबॉल टीम टूर्नामेंट से बाहर हुई। 7 जुलाई को कार्यालयों में उपस्थिति 26 प्रतिशत घट गई, जबकि कर्मचारियों की एंट्री 11.5 प्रतिशत कम दर्ज की गई।
यह ऐसे समय में आया है जब डिजिटल स्ट्रीमिंग प्लेटफॉर्म पारंपरिक प्रसारण को चुनौती दे रहे हैं — और फीफा 2026 के ये आँकड़े बताते हैं कि यूट्यूब जैसे प्लेटफॉर्म अब वैश्विक खेल आयोजनों की दर्शक संख्या में केंद्रीय भूमिका निभा रहे हैं।