भारतीय बाजार आउटलुक: फेड बैठक, अमेरिका-ईरान वार्ता और थोक महंगाई डेटा से तय होगी बाजार की दिशा
सारांश
मुख्य बातें
भारतीय शेयर बाजार के लिए 16 से 20 जून का सप्ताह निर्णायक साबित हो सकता है, क्योंकि अमेरिकी फेडरल रिज़र्व की मौद्रिक नीति बैठक, अमेरिका-ईरान शांति वार्ता की प्रगति और घरेलू आर्थिक आंकड़ों का एक साथ आना बाजार की चाल को निर्धारित करेगा। विश्लेषकों के अनुसार, इन तीनों कारकों का एकसाथ प्रभाव बाजार में उल्लेखनीय उतार-चढ़ाव ला सकता है।
अमेरिका-ईरान शांति वार्ता पर टिकी निगाहें
विदेशी मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, अमेरिका और ईरान के बीच युद्ध विराम समझौते की वार्ता अंतिम चरण में पहुँच चुकी है और जल्द ही कोई ठोस डील सामने आ सकती है। यदि यह वार्ता सफल होती है, तो कच्चे तेल की वैश्विक आपूर्ति में सुधार की उम्मीद बनेगी, जिसका सीधा असर भारतीय बाजार और महंगाई पर पड़ सकता है। गौरतलब है कि भू-राजनीतिक तनाव के कारण कच्चे तेल के दाम पहले से ही उच्च स्तर पर बने हुए हैं।
फेड बैठक: ब्याज दरों पर फैसले का इंतजार
अमेरिकी फेडरल रिज़र्व की नीति बैठक 16-17 जून को प्रस्तावित है। यह बैठक ऐसे समय में हो रही है जब कच्चे तेल के ऊँचे दाम महंगाई को फिर से भड़काने का जोखिम पैदा कर रहे हैं। यदि फेड ब्याज दरों में बढ़ोतरी का संकेत देता है या वास्तव में दरें बढ़ाता है, तो वैश्विक इक्विटी बाजारों पर नकारात्मक दबाव पड़ सकता है और भारतीय बाजार भी इससे अछूता नहीं रहेगा। यह ऐसे समय में आया है जब निवेशक पहले से ही वैश्विक अनिश्चितता के बीच सतर्क रुख अपनाए हुए हैं।
घरेलू आर्थिक आंकड़े: थोक महंगाई से विदेशी मुद्रा भंडार तक
15 से 19 जून के बीच घरेलू मोर्चे पर कई महत्वपूर्ण आँकड़े जारी होंगे। 15 जून को सरकार थोक मूल्य सूचकांक (WPI) आधारित महंगाई के आंकड़े प्रकाशित करेगी। 16 जून को आयात-निर्यात और व्यापार संतुलन (बैलेंस ऑफ ट्रेड) के आंकड़े सामने आएंगे, जबकि 19 जून को विदेशी मुद्रा भंडार का ताज़ा डेटा जारी होगा। ये आंकड़े भारतीय अर्थव्यवस्था की सेहत और रुपये की स्थिति पर महत्वपूर्ण संकेत देंगे।
बीते सप्ताह का प्रदर्शन: बैंकिंग ने संभाला बाजार
बीता सप्ताह भारतीय बाजार के लिए मिला-जुला रहा। सेंसेक्स 1,284.61 अंक यानी 1.73 प्रतिशत की मजबूती के साथ 75,527.95 पर और निफ्टी 256.20 अंक यानी 1.10 प्रतिशत की बढ़त के साथ 23,622.90 पर बंद हुआ। बाजार का नेतृत्व बैंकिंग शेयरों ने किया — निफ्टी बैंक 4.25 प्रतिशत की छलांग के साथ शीर्ष गेनर रहा।
निफ्टी फाइनेंशियल सर्विसेज (3.54%), निफ्टी सर्विसेज (1.97%), निफ्टी एफएमसीजी (1.09%), निफ्टी हेल्थकेयर (0.92%), निफ्टी इन्फ्रा (0.59%), निफ्टी फार्मा (0.54%) और निफ्टी ऑटो (0.49%) भी हरे निशान में बंद हुए। दूसरी ओर, निफ्टी आईटी (4.19%), निफ्टी मेटल (2.78%), निफ्टी एनर्जी (2.73%), निफ्टी कमोडिटीज (2.05%) और निफ्टी पीएसई (1.82%) में गिरावट दर्ज की गई।
आगे क्या होगा
आने वाले सप्ताह में बाजार की दिशा काफी हद तक फेड के रुख और अमेरिका-ईरान वार्ता के नतीजे पर निर्भर करेगी। यदि शांति वार्ता सफल रही और फेड दरें स्थिर रखता है, तो बाजार में तेजी का माहौल बन सकता है। घरेलू आंकड़े यदि अनुमान से बेहतर रहे तो यह सकारात्मक संकेत देगा, अन्यथा अल्पकालिक दबाव बना रह सकता है।