24 जुलाई 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

चौंकाने वाला खुलासा: अक्षय कुमार की 13 साल की बेटी से ऑनलाइन मांगी गईं अश्लील तस्वीरें, आरोपी गिरफ्तार

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
चौंकाने वाला खुलासा: अक्षय कुमार की 13 साल की बेटी से ऑनलाइन मांगी गईं अश्लील तस्वीरें, आरोपी गिरफ्तार

सारांश

अक्षय कुमार की 13 वर्षीय बेटी को ऑनलाइन गेमिंग के दौरान अश्लील तस्वीरें मांगने वाले अज्ञात व्यक्ति को महाराष्ट्र साइबर विभाग ने गिरफ्तार किया। मुंबई के आर.डी. नेशनल कॉलेज में साइबर जागरूकता सत्र के दौरान यह चौंकाने वाला खुलासा हुआ।

मुख्य बातें

अक्षय कुमार की 13 वर्षीय बेटी को ऑनलाइन गेमिंग के दौरान एक अज्ञात व्यक्ति ने अश्लील तस्वीरें मांगने वाला संदेश भेजा।
महाराष्ट्र साइबर विभाग ने तकनीकी विश्लेषण से आरोपी की पहचान कर उसे गिरफ्तार किया।
यह खुलासा मुंबई के आर.डी.
नेशनल कॉलेज में 24 अप्रैल को आयोजित साइबर सुरक्षा जागरूकता सत्र में हुआ।
सत्र में छात्रों को फिशिंग , साइबर बुलिंग , ऑनलाइन वित्तीय धोखाधड़ी और सोशल मीडिया सुरक्षा पर जानकारी दी गई।
महाराष्ट्र साइबर विभाग के प्रमुख यशस्वी यादव ने नागरिकों से किसी भी साइबर अपराध की सूचना साइबर हेल्पलाइन 1930 पर देने की अपील की।
ऑनलाइन गेमिंग प्लेटफॉर्म पर नाबालिगों को निशाना बनाने की बढ़ती प्रवृत्ति पॉक्सो अधिनियम और IT अधिनियम के तहत गंभीर अपराध है।

मुंबई, 24 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। बॉलीवुड अभिनेता अक्षय कुमार की 13 वर्षीय बेटी को ऑनलाइन गेमिंग के दौरान एक अज्ञात व्यक्ति ने अश्लील संदेश भेजकर न्यूड तस्वीरें मांगी थीं। महाराष्ट्र साइबर विभाग ने तत्परता से कार्रवाई करते हुए आरोपी की पहचान कर उसे गिरफ्तार कर लिया। यह चौंकाने वाला खुलासा मुंबई के आर.डी. नेशनल कॉलेज में आयोजित एक साइबर सुरक्षा जागरूकता सत्र के दौरान हुआ।

साइबर जागरूकता सत्र का आयोजन

देशभर में तेजी से बढ़ते साइबर अपराधों को देखते हुए आर.डी. नेशनल कॉलेज, मुंबई में महाराष्ट्र साइबर विभाग के सहयोग से एक विशेष जागरूकता सत्र का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम का नेतृत्व महाराष्ट्र साइबर विभाग के प्रमुख यशस्वी यादव ने किया।

सत्र में छात्रों को ऑनलाइन वित्तीय धोखाधड़ी, सोशल मीडिया सुरक्षा, फिशिंग अटैक और साइबर बुलिंग जैसे गंभीर विषयों पर विस्तृत जानकारी दी गई। विशेषज्ञों ने बताया कि साइबर अपराधी किस प्रकार अलग-अलग हथकंडे अपनाकर लोगों को अपना शिकार बनाते हैं।

अक्षय कुमार की बेटी के साथ हुई घटना का खुलासा

यशस्वी यादव ने सत्र के दौरान बताया कि बॉलीवुड के जाने-माने अभिनेता अक्षय कुमार ने स्वयं महाराष्ट्र साइबर विभाग से संपर्क कर एक गंभीर शिकायत दर्ज कराई थी। उनकी 13 वर्षीय बेटी जब ऑनलाइन गेम खेल रही थी, उस दौरान एक अज्ञात व्यक्ति ने उसे आपत्तिजनक संदेश भेजा और उससे अश्लील तस्वीरें मांगी।

यह मामला बाल यौन शोषण और साइबर क्राइम दोनों की श्रेणी में आता है, जो इसकी गंभीरता को और बढ़ा देता है। ऑनलाइन गेमिंग प्लेटफॉर्म पर नाबालिगों को इस तरह निशाना बनाना एक खतरनाक प्रवृत्ति को दर्शाता है।

महाराष्ट्र साइबर विभाग की त्वरित कार्रवाई

शिकायत मिलते ही महाराष्ट्र साइबर विभाग ने मामले को अत्यंत गंभीरता से लिया और तत्काल जांच शुरू की। तकनीकी विश्लेषण और डिजिटल फोरेंसिक की मदद से आरोपी की पहचान की गई और उसे शीघ्र गिरफ्तार कर लिया गया।

अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि ऐसे मामलों में तेज कार्रवाई न केवल पीड़ित को न्याय दिलाती है, बल्कि अन्य संभावित पीड़ितों की सुरक्षा भी सुनिश्चित करती है। यशस्वी यादव ने कहा कि साइबर सुरक्षा केवल एक तकनीकी विषय नहीं, बल्कि यह हर नागरिक की व्यक्तिगत जिम्मेदारी भी है।

व्यापक परिप्रेक्ष्य: नाबालिगों पर बढ़ता साइबर खतरा

यह घटना किसी एक परिवार की नहीं, बल्कि पूरे देश की समस्या की ओर इशारा करती है। राष्ट्रीय अपराध रिकॉर्ड ब्यूरो (NCRB) के आंकड़ों के अनुसार, भारत में साइबर अपराधों की संख्या हर वर्ष तेजी से बढ़ रही है और इनमें नाबालिगों को निशाना बनाने के मामले विशेष रूप से चिंताजनक हैं। ऑनलाइन गेमिंग प्लेटफॉर्म, जहां बच्चे अजनबियों से संपर्क में आते हैं, साइबर शिकारियों के लिए एक आसान अड्डा बनते जा रहे हैं।

गौरतलब है कि भारत में पॉक्सो अधिनियम और सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम के तहत ऐसे अपराधों के लिए कड़े दंड का प्रावधान है, फिर भी अपराधी डिजिटल गुमनामी का फायदा उठाकर बच निकलने की कोशिश करते हैं। अक्षय कुमार जैसे प्रभावशाली व्यक्ति के साइबर विभाग से संपर्क करने और त्वरित न्याय मिलने की यह घटना आम नागरिकों के लिए भी एक संदेश है कि शिकायत दर्ज कराने पर कार्रवाई संभव है।

छात्रों और अभिभावकों के लिए जरूरी सुझाव

यशस्वी यादव ने छात्रों से अपील की कि वे इंटरनेट का उपयोग करते समय सतर्क रहें। किसी भी संदिग्ध लिंक पर क्लिक न करें, अपनी निजी जानकारी किसी अजनबी के साथ साझा न करें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत साइबर हेल्पलाइन 1930 पर दें।

आयोजनकर्ताओं के अनुसार, यह जागरूकता सत्र छात्रों के लिए अत्यंत उपयोगी रहा और इसने उन्हें डिजिटल सुरक्षा के महत्व को व्यावहारिक उदाहरणों के माध्यम से समझने में मदद की। आने वाले समय में ऐसे और सत्रों के आयोजन की योजना है ताकि अधिक से अधिक युवाओं तक साइबर सुरक्षा की जानकारी पहुंचाई जा सके।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन आम परिवारों की शिकायतें अक्सर महीनों तक फाइलों में दबी रहती हैं — यह असमानता हमारी साइबर न्याय प्रणाली की सबसे बड़ी कमजोरी है। ऑनलाइन गेमिंग प्लेटफॉर्म पर बच्चों की सुरक्षा के लिए न तो पर्याप्त तकनीकी सुरक्षा उपाय हैं और न ही कड़ा नियामक ढांचा। सरकार और डिजिटल प्लेटफॉर्म दोनों को मिलकर बच्चों के लिए सुरक्षित डिजिटल वातावरण बनाना होगा, अन्यथा जागरूकता सत्र केवल औपचारिकता बनकर रह जाएंगे।
RashtraPress
24 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

अक्षय कुमार की बेटी के साथ ऑनलाइन क्या हुआ था?
अक्षय कुमार की 13 वर्षीय बेटी ऑनलाइन गेम खेल रही थी, तब एक अज्ञात व्यक्ति ने उसे आपत्तिजनक संदेश भेजकर अश्लील तस्वीरें मांगीं। अक्षय कुमार ने इसकी शिकायत महाराष्ट्र साइबर विभाग में दर्ज कराई और आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया।
महाराष्ट्र साइबर विभाग ने आरोपी को कैसे पकड़ा?
महाराष्ट्र साइबर विभाग ने तकनीकी विश्लेषण और डिजिटल फोरेंसिक की मदद से आरोपी की पहचान की। शिकायत मिलते ही त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया।
आर.डी. नेशनल कॉलेज में साइबर सुरक्षा सत्र में क्या जानकारी दी गई?
इस सत्र में छात्रों को ऑनलाइन वित्तीय धोखाधड़ी, सोशल मीडिया सुरक्षा, फिशिंग अटैक और साइबर बुलिंग के बारे में जानकारी दी गई। विशेषज्ञों ने संदिग्ध लिंक से बचने और निजी जानकारी साझा न करने की सलाह दी।
ऑनलाइन गेमिंग के दौरान बच्चों को साइबर खतरे से कैसे बचाएं?
बच्चों को अजनबियों से ऑनलाइन बात न करने की सीख दें और गेमिंग प्लेटफॉर्म पर प्राइवेसी सेटिंग्स मजबूत रखें। किसी भी संदिग्ध संदेश की सूचना तुरंत साइबर हेल्पलाइन 1930 पर दें।
साइबर क्राइम की शिकायत कहां और कैसे करें?
साइबर अपराध की शिकायत के लिए राष्ट्रीय साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर कॉल करें या cybercrime.gov.in पर ऑनलाइन शिकायत दर्ज करा सकते हैं। महाराष्ट्र में महाराष्ट्र साइबर विभाग से भी सीधे संपर्क किया जा सकता है।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 1 सप्ताह पहले
  2. 1 महीना पहले
  3. 2 महीने पहले
  4. 3 महीने पहले
  5. 3 महीने पहले
  6. 3 महीने पहले
  7. 6 महीने पहले
  8. 10 महीने पहले