अमेय डबली ने 'कैडेंस म्यूजिक फेस्टिवल' में आध्यात्मिकता का महत्व बताया
सारांश
Key Takeaways
- अमेय डबली ने भजन क्लबिंग के महत्व पर जोर दिया।
- 'कैडेंस म्यूजिक फेस्टिवल' में युवाओं की भागीदारी बढ़ रही है।
- संगीत के बोल संस्कृति को प्रभावित नहीं करते।
- आध्यात्मिकता का बढ़ावा भजन क्लबिंग से मिलता है।
- सभी को अपने सर्वश्रेष्ठ रूप में रहने की प्रेरणा दी।
मुंबई, 1 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। भजन क्लबिंग के प्रसिद्ध कलाकार अमेय डबली ने हाल ही में सुभाष घई के एक्टिंग स्कूल 'व्हिस्लिंग वुड्स इंस्टीट्यूट' के 'कैडेंस म्यूजिक फेस्टिवल' में भाग लिया। इस कार्यक्रम में उन्होंने आध्यात्मिकता और भजन क्लबिंग के महत्व पर प्रकाश डाला।
अमेय ने राष्ट्र प्रेस से बातचीत करते हुए कहा कि आज की युवा पीढ़ी भी इस दिशा में रुचि ले रही है। उन्होंने कहा, "'कैडेंस म्यूजिक फेस्टिवल' हमारे देश के छात्रों के लिए सबसे बेहतरीन म्यूजिक फेस्टिवल में से एक है। मुझे यहाँ आकर छात्रों से जुड़ने का अवसर मिला है।"
अमेय डबली ने भजन क्लबिंग में युवा पीढ़ी की भागीदारी पर खुशी जाहिर करते हुए कहा, "भजन क्लबिंग एक सकारात्मक प्रवृत्ति है। यह हमारे देश में कई वर्षों से चल रही है। मैं स्वयं पिछले 20 वर्षों से इसे कर रहा हूँ। सुभाष घई जैसे व्यक्तित्व और कई संगठन इसे आगे बढ़ा रहे हैं, जो प्रेरणादायक है।"
जब राष्ट्र प्रेस ने उनसे पूछा कि युवा पश्चिमी संगीत और रैप को अधिक पसंद करते हैं, तो उन्होंने उत्तर दिया, "अगर संगीत के बोल अच्छे हैं, तो हमारी संस्कृति पर कोई नकारात्मक प्रभाव नहीं पड़ता। संगीत के विभिन्न प्रकार होते हैं। पश्चिमी और भारतीय संगीत दोनों की अपनी विशेषताएँ हैं। भजन क्लबिंग आध्यात्मिकता को बढ़ावा देती है, और यह एक आवश्यक बात है।"
राष्ट्र प्रेस ने पूछा, "जब आप राष्ट्रपति भवन और द्रौपदी मुर्मू जैसे महत्वपूर्ण व्यक्तियों के सामने प्रदर्शन करते हैं, तो आपकी स्थिति कैसी होती है?" उन्होंने उत्तर दिया, "एक कलाकार के रूप में जब राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री, मंत्री, व्यवसायी या छात्र आपकी सराहना करते हैं, तो यह आपको और बेहतर करने के लिए प्रेरित करता है।"
अमेय डबली ने सभी को संदेश देते हुए कहा, "आप अपने सर्वश्रेष्ठ रूप में रहें। यही मेरा संदेश है। आप यूट्यूब पर मेरे चैनल पर ‘भजन क्लबिंग’ का ‘हनुमान चालीसा’ मिक्स सुन सकते हैं। हनुमान जयंती की शुभकामनाएँ।"