बाबिल खान ने मेडिटेशन का महत्व समझाया, कहा- 'इसे आदत नहीं, जीवन का हिस्सा बनाएं'

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बाबिल खान ने मेडिटेशन का महत्व समझाया, कहा- 'इसे आदत नहीं, जीवन का हिस्सा बनाएं'

सारांश

बाबिल खान ने मेडिटेशन को जीवन का एक आवश्यक हिस्सा मानते हुए इसे केवल एक क्रियाकलाप न समझने की बात कही है। उन्होंने खुद को स्वीकार करने और मानसिक शांति पाने के महत्व पर जोर दिया है।

Key Takeaways

  • मेडिटेशन केवल एक क्रिया नहीं, बल्कि जीवन का एक तरीका है।
  • खुद को स्वीकार करना मानसिक शांति का पहला कदम है।
  • बाबिल खान का मानना है कि मेडिटेशन को दिनभर अपनाना चाहिए।
  • अपने दर्शकों को गर्व महसूस कराना उनका उद्देश्य है।
  • बाबिल ने फिल्म इंडस्ट्री में कठिनाइयों का सामना किया है।

मुंबई, 8 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। आज के इस व्यस्त जीवन में जहां तनाव और भागदौड़ तेजी से बढ़ रहे हैं, मेडिटेशन को लोग एक आवश्यक अभ्यास के रूप में अपनाने लगे हैं। इस संदर्भ में अभिनेता बाबिल खान ने अपने विचार साझा किए। उन्होंने कहा कि यह सिर्फ एक क्रिया नहीं, बल्कि जीने का तरीका होना चाहिए।

दिवंगत अभिनेता इरफान खान के बेटे बाबिल खान ने बताया, ''मेडिटेशन को एक काम के रूप में नहीं करना चाहिए। हमें अपने दिमाग और शरीर को इस तरह से तैयार करना चाहिए कि ध्यान पूरे दिन अपने आप चलता रहे। यदि हम ध्यान को केवल एक समय-सीमा में सीमित करते हैं, तो इसका असली लाभ नहीं मिल पाता। वास्तव में, यह एक ऐसा मानसिकता है जिसे हमें हर पल अपने साथ रखना चाहिए।''

उन्होंने आगे कहा, ''मेडिटेशन का सबसे महत्वपूर्ण हिस्सा है खुद को स्वीकार करना। हमें अपने आप से लड़ने की आवश्यकता नहीं है, बल्कि हमें स्वयं को वैसे ही अपनाना चाहिए जैसे हम हैं। जब एक व्यक्ति खुद को स्वीकार करता है, तभी वह आत्मविश्वास महसूस करता है और दिनभर सकारात्मक ऊर्जा के साथ आगे बढ़ता है। खुद से प्यार करना और अपनी कमियों को समझना, मानसिक शांति पाने का पहला कदम है।''

बाबिल खान इन दिनों अपने काम को लेकर चर्चा में हैं। वह हाल ही में अपने नए प्रोजेक्ट की शूटिंग के लिए सेट पर लौटे हैं, जिसकी शूटिंग भोपाल में चल रही है। उन्होंने अपने सोशल मीडिया पर एक वीडियो साझा किया, जिसमें वह वैनिटी वैन में नजर आए। उन्होंने लिखा कि वह फिर से काम पर लौट आए हैं और अपने दर्शकों को गर्व महसूस कराना चाहते हैं। हालांकि, इस प्रोजेक्ट से जुड़ी अधिक जानकारी अभी सामने नहीं आई है।

अगर उनके करियर की बात करें तो बाबिल खान ने फिल्म इंडस्ट्री में अपनी शुरुआत एक कैमरा असिस्टेंट के रूप में की थी। इसके बाद उन्होंने अभिनय की दुनिया में कदम रखा और 2022 में फिल्म 'कला' से डेब्यू किया। इस फिल्म में उनके साथ तृप्ति डिमरी नजर आई थीं। इसके बाद बाबिल 'फ्राइडे नाइट प्लान' में दिखाई दिए, जहां उन्होंने जूही चावला के बेटे का किरदार निभाया। हालांकि, उन्हें सबसे ज्यादा पहचान वेब सीरीज 'द रेलवे मैन' से मिली, जो भोपाल गैस त्रासदी पर आधारित थी।

हालांकि, करियर के बीच बाबिल ने एक कठिन दौर भी देखा। कुछ समय पहले उन्होंने 6 महीने का ब्रेक लिया था और सोशल मीडिया से दूरी बना ली थी। उस दौरान वह काफी भावुक नजर आए थे और उन्होंने बताया कि फिल्म इंडस्ट्री में कभी-कभी उन्हें अकेलापन महसूस होता है।

Point of View

जो आज के तनावपूर्ण जीवन में मानसिक स्वास्थ्य के लिए बहुत महत्वपूर्ण है। वे इसे केवल एक अभ्यास के रूप में देखने के खिलाफ हैं और इसे एक मानसिकता के रूप में अपनाने की सलाह देते हैं।
NationPress
15/04/2026

Frequently Asked Questions

मेडिटेशन का असली लाभ क्या है?
मेडिटेशन का असली लाभ तब मिलता है जब इसे एक समय-सीमा में सीमित न किया जाए, बल्कि इसे जीवन का हिस्सा बनाया जाए।
बाबिल खान ने मेडिटेशन के बारे में क्या कहा?
बाबिल खान ने कहा कि मेडिटेशन को केवल एक क्रिया के रूप में नहीं देखना चाहिए, बल्कि इसे जीने का तरीका बनाना चाहिए।
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