स्वानंद किरकिरे का 'माटी': 12 साल पहले बारिश की शाम में जन्मा शेखर रवजियानी संग सपना अब होगा साकार
सारांश
मुख्य बातें
राष्ट्रीय पुरस्कार विजेता गीतकार और संगीतकार स्वानंद किरकिरे का नया इंडिपेंडेंट म्यूजिकल प्रोजेक्ट 'माटी' महज एक एल्बम नहीं, बल्कि 12 वर्षों की रचनात्मक प्रतीक्षा का परिणाम है। इस प्रोजेक्ट में उन्होंने संगीतकार शेखर रवजियानी के साथ हाथ मिलाया है — एक जोड़ी जिसकी साझेदारी की नींव करीब एक दशक पहले एक बरसाती शाम को पड़ी थी।
बारिश की एक शाम और एक बड़ा सपना
स्वानंद किरकिरे ने बताया कि 'माटी' का बीज आज से करीब 12 साल पहले एक स्टूडियो सेशन के बाद बोया गया था। उन्होंने कहा, 'माटी' की शुरुआत किसी फिल्मी सीन जैसी कहानी से हुई — करीब 12 साल पहले मैं और शेखर एक स्टूडियो में काम कर रहे थे। काम खत्म होने के बाद हम एक कॉफी शॉप में बैठे, उस दिन बारिश हो रही थी। उसी बातचीत में ऐसा म्यूजिक बनाने का ख्याल आया जो लोगों को सीधे भावनाओं से जोड़ सके और आम गानों से अलग हो। इसी पल में 'माटी' का आइडिया जन्मा।
12 साल की रचनात्मक यात्रा
स्वानंद ने बताया कि उस दिन उन्होंने सोचा भी नहीं था कि यह आइडिया एक दशक से अधिक समय तक उनके साथ रहेगा। शेखर रवजियानी के साथ उनकी क्रिएटिव केमिस्ट्री को लेकर उन्होंने कहा, 'शेखर के साथ काम करना हमेशा ऐसी चीज़ रही है जिसका मैं इंतज़ार करता हूँ। जब भी हमने साथ काम किया है, हमारा कोलैबोरेशन शानदार रहा है। 'माटी' हमारी 12 साल की साझा यात्रा को दर्शाता है।'
यह ऐसे समय में आया है जब हिंदी इंडिपेंडेंट म्यूजिक का बाज़ार तेज़ी से बढ़ रहा है और श्रोता फिल्मी गानों से परे भावनात्मक रूप से गहरे संगीत की तलाश कर रहे हैं।
प्रोजेक्ट की विशेषताएँ
'माटी' एक रोमांटिक और भावनात्मक म्यूजिकल प्रोजेक्ट है जिसमें कुल छह गाने शामिल हैं। इन सभी गानों को लिखने और गाने का काम स्वानंद किरकिरे ने किया है, जबकि संगीत की ज़िम्मेदारी शेखर रवजियानी ने संभाली है। प्रोजेक्ट में प्यार, पुरानी यादों और दिल की गहराइयों से जुड़ी भावनाओं को स्वर दिया गया है।
स्वानंद के लिए खास क्यों है 'माटी'
स्वानंद ने भावुक होते हुए कहा, ''माटी' मेरे लिए सिर्फ एक गाना या एल्बम नहीं है। इसके साथ 12 साल की यादें, मेहनत और कई भावनाएँ जुड़ी हुई हैं। अब जब इसे लोगों के सामने लाने का समय आया है, तो यह हमारे लिए बेहद खास पल है।' गौरतलब है कि स्वानंद किरकिरे ने 'थ्री इडियट्स', 'बर्फी' और 'पीके' जैसी फिल्मों के लिए यादगार गीत लिखे हैं, और राष्ट्रीय पुरस्कार से सम्मानित हैं।
आगे क्या
'माटी' जल्द ही श्रोताओं तक पहुँचने वाला है। यह प्रोजेक्ट उन संगीत प्रेमियों के लिए एक ताज़ा अनुभव हो सकता है जो फिल्मी फ्रेमवर्क से बाहर निकलकर शुद्ध भावनात्मक संगीत सुनना चाहते हैं।