क्या भुना चना महंगे प्रोटीन पाउडर का बेहतर विकल्प है?
सारांश
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नई दिल्ली, 23 नवंबर (राष्ट्र प्रेस)। वर्तमान में सुपरफूड्स के नाम पर कई महंगे और पैक्ड उत्पादों की मांग तेजी से बढ़ रही है। एनर्जी ड्रिंक्स और प्रोटीन पाउडर जैसे उत्पाद अब बाजार में आम हो गए हैं।
क्या आपको पता है कि एक सस्ता और प्राकृतिक प्रोटीन सदियों से हमारी पारंपरिक थाली का हिस्सा है? हम यहाँ भुने चने की बात कर रहे हैं, जो आसानी से उपलब्ध है।
भुने चने एक बेहतरीन और किफायती प्रोटीन का स्रोत है। 100 ग्राम भुने चने में लगभग 18-20 ग्राम प्रोटीन पाया जाता है, जो मांसपेशियों और हड्डियों के लिए लाभदायक है। इसमें प्रोटीन के साथ विटामिन बी कॉम्प्लेक्स और आयरन भी मौजूद होते हैं, जो शरीर में रक्त की कमी को दूर करते हैं और मस्तिष्क की नसों को मजबूत बनाते हैं। कुल मिलाकर, भुना चना पोषण का एक पावरहाउस है।
आयुर्वेद में भुने चने को कफ और पित्त के संतुलन के लिए फायदेमंद माना गया है। यह शरीर को ताकत और मजबूती प्रदान करता है और घाव भरने की क्षमता को भी बढ़ाता है। भुने चने का सेवन गुड़ के साथ, छाछ के साथ, या सब्जियों के साथ चाट बनाकर किया जा सकता है। इसे पीसकर पराठे या रोटी भी बनाई जा सकती है।
हालांकि, जिनकी पाचन शक्ति कमजोर है, उन्हें भुने चने का सेवन कम करना चाहिए। गैस या कब्ज की समस्या होने पर इसके सेवन में सावधानी बरतें। भुना चना भारी होता है और इससे लंबे समय तक भूख नहीं लगती है। इसमें कैलोरी की मात्रा भी कम होती है।
भुने चने का नियमित सेवन कई लाभ प्रदान करता है। यदि आप वजन कम करने की योजना बना रहे हैं, तो भुना चना एक उत्तम विकल्प है। इसमें भरपूर मात्रा में आयरन होता है, जो रक्त की कमी को पूरा करता है और रक्त कोशिकाओं के निर्माण में सहायक है। इसका सेवन सभी आयु वर्ग के लोग कर सकते हैं। बच्चों से लेकर बुजुर्गों तक के लिए यह हड्डियों और मांसपेशियों के लिए अमृत के समान है। कैल्शियम और प्रोटीन की कमी होने पर भुना चना और गुड़ का सेवन करना चाहिए।