क्या एक व्यक्ति इन देशों में लगातार प्रधानमंत्री या राष्ट्रपति बन सकता है?
सारांश
Key Takeaways
- अमेरिका: अधिकतम दो कार्यकाल
- फ्रांस: दो लगातार कार्यकाल
- रूस: राष्ट्रपति कार्यकाल की सीमा नहीं
- भारत: कोई कार्यकाल सीमा नहीं
- चीन: कार्यकाल की कोई सीमा नहीं
नई दिल्ली, 19 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। हाल ही में युगांडा के राष्ट्रपति चुनाव में योवेरी मुसेवेनी ने सातवीं बार जीत प्राप्त की है। विभिन्न देशों में राष्ट्रपति और प्रधानमंत्री बनने की प्रक्रियाएं भिन्न हैं। कुछ देश राष्ट्रपति प्रणाली अपनाते हैं, कुछ संसदीय प्रणाली पर चलते हैं, जबकि कुछ मिश्रित प्रणाली का अनुसरण करते हैं। आइए जानें, कुछ देशों में एक व्यक्ति कितनी बार प्रधानमंत्री या राष्ट्रपति बन सकता है।
अगर हम अमेरिका की बात करें, तो यहां एक व्यक्ति अधिकतम दो कार्यकाल के लिए राष्ट्रपति बन सकता है। राष्ट्रपति का कार्यकाल चार साल का होता है, और यह नियम 22वें संशोधन के बाद लागू हुआ।
फ्रांस में एक व्यक्ति लगातार अधिकतम दो कार्यकाल के लिए राष्ट्रपति बन सकता है। पहले, एक व्यक्ति को पहले कार्यकाल के बाद कुछ समय का अंतराल लेना पड़ता था, लेकिन 2008 में इसे संशोधित कर दिया गया। यहां राष्ट्रपति का कार्यकाल पहले 8 साल था, जिसे बाद में घटाकर 5 साल कर दिया गया।
रूस में राष्ट्रपति का कार्यकाल पहले 6 साल था, लेकिन 2008 में इसे बढ़ाकर 8 साल किया गया। 2020 में रूस के संविधान में संशोधन किया गया, जिसके तहत पूर्व राष्ट्रपति के कार्यकाल नहीं गिने जाएंगे। इस संशोधन के तहत पुतिन 2036 तक सत्ता में बने रहेंगे।
चीन में राष्ट्रपति बनने की कोई निश्चित सीमा नहीं है। 2018 में राष्ट्रपति पद से कार्यकाल की सीमा हटा दी गई थी।
ईरान में एक व्यक्ति लगातार दो बार राष्ट्रपति बन सकता है, जिसमें कार्यकाल चार साल का होता है, लेकिन विशेष परिस्थितियों में कोई सीमा नहीं होती।
ब्राजील में एक व्यक्ति लगातार दो कार्यकाल के लिए राष्ट्रपति बन सकता है। यहां का राष्ट्रपति कार्यकाल चार साल का होता है।
भारत में एक व्यक्ति प्रधानमंत्री बन सकता है जब तक वह लोकसभा में बहुमत प्राप्त करता रहे। यहां एक प्रधानमंत्री का कार्यकाल 5 साल का होता है।
ब्रिटेन में भी प्रधानमंत्री बनने की कोई सीमा नहीं है, केवल पार्टी और संसद का समर्थन आवश्यक है।
कनाडा में भी प्रधानमंत्री बनने की कोई निश्चित सीमा नहीं है, यहां हाउस ऑफ कॉमन्स का कार्यकाल अधिकतम 5 साल है, लेकिन हर 4 साल में चुनाव होते हैं।
पाकिस्तान में राष्ट्रपति का पद औपचारिक है, और प्रधानमंत्री बनने की कोई निश्चित सीमा नहीं है।
जर्मनी में चांसलर की कोई कार्यकाल सीमा नहीं है, जबकि एंजेला मर्केल ने 16 साल तक चांसलर के रूप में कार्य किया।
इजरायल में भी प्रधानमंत्री की कोई संवैधानिक सीमा नहीं है। पहले दो कार्यकाल की सीमा थी, लेकिन बाद में इसे हटा दिया गया।