ईरानी मीडिया का आरोप: 'हमले में गैस संयंत्र और पाइपलाइन को किया गया निशाना'
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तेहरान, २४ मार्च (राष्ट्र प्रेस)। ईरानी समाचार माध्यमों का कहना है कि मंगलवार को दो गैस संयंत्र और एक पाइपलाइन पर हमला हुआ। फार्स न्यूज एजेंसी के अनुसार, यह घटना उस समय हुई जब अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने पावर इंफ्रास्ट्रक्चर पर हमले न करने की बात की थी।
फार्स न्यूज एजेंसी ने बताया, "इजरायली और अमेरिकी शत्रुओं के निरंतर हमलों के चलते इस्फहान में कावेह स्ट्रीट पर गैस प्रशासन भवन और गैस प्रेशर रेगुलेशन स्टेशन को निशाना बनाया गया।"
सेंट्रल ईरान में इस सुविधा को हुए "थोड़े नुकसान" की रिपोर्ट केवल फार्स ने दी है। इसमें उल्लेख है कि एक हमले में देश के दक्षिण-पश्चिम में स्थित खोर्रमशहर पावर प्लांट की गैस पाइपलाइन को भी निशाना बनाया गया।
फार्स ने इराक की सीमा से लगे शहर के गवर्नर के हवाले से बताया कि "खोर्रमशहर गैस पाइपलाइन प्रोसेसिंग स्टेशन के बाहर एक प्रोजेक्टाइल गिरा।"
गवर्नर ने बताया कि ईरान के खोर्रमशहर पावर प्लांट की गैस पाइपलाइन पर किए गए हमले से प्लांट के संचालन में कोई रुकावट नहीं आई और न ही कोई नुकसान हुआ है।
सोमवार को अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ट्रुथ पोस्ट में कहा कि उनके लोग मध्य पूर्व में तनाव कम करने का प्रयास कर रहे हैं। ईरान के साथ सकारात्मक और रचनात्मक बातचीत जारी है। इसी संदर्भ में उन्होंने ईरान के ऊर्जा संयंत्रों पर हमले न करने का निर्देश दिया है।
हालांकि, इसके बाद ईरान का जवाब सामने आया है। ईरान ने कहा है कि वह मौजूदा संघर्ष से पीछे हटने वाला नहीं है। स्पष्ट रूप से कहा गया है कि जब तक उसे हुए नुकसान की भरपाई नहीं होती, तब तक युद्ध जारी रहेगा।
ईरानी सुप्रीम लीडर मुजतबा खामेनेई के वरिष्ठ सैन्य सलाहकार मोहसिन रजेई ने कहा कि ईरान की शर्तें स्पष्ट हैं, सभी आर्थिक प्रतिबंध हटाए जाएं और अमेरिका भविष्य में ईरान में दखलंदाजी नहीं करेगा, इसकी ठोस गारंटी दी जाए।