7 अक्टूबर हमले के बचे 2,000 हमलावरों को मारने का आदेश: इजरायल रक्षा मंत्री काट्ज
सारांश
मुख्य बातें
इजरायल के रक्षा मंत्री इजरायल काट्ज ने 6 अक्टूबर 2026 को घोषणा की कि प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू और उन्होंने इजरायली सेना को 7 अक्टूबर 2023 के हमले में शामिल शेष हमलावरों को खोजकर मार गिराने का आदेश दिया है। काट्ज के अनुसार, अभी भी करीब दो हजार ऐसे हमलावर जीवित हैं जिनका पीछा जारी है।
मुख्य घटनाक्रम
काट्ज ने बताया कि 7 अक्टूबर 2023 को दक्षिणी इजरायल पर हुए हमास के नेतृत्व में हुए हमले में करीब 6,000 हमलावर सीमा पार कर इजरायल में घुसे थे। इनमें से 4,000 को पहले ही मार दिया जा चुका है, जबकि शेष लगभग 2,000 अभी भी इजरायली सेना के निशाने पर हैं।
काट्ज ने स्पष्ट कहा, 'हमने सेना को आदेश दिया है कि हमले में शामिल सभी लोगों का पीछा किया जाए और उन्हें मार दिया जाए, चाहे वे बड़े पद पर हों या छोटे।'
स्मृति समारोह में नेतन्याहू का संकल्प
यरूशलम के माउंट हर्जल में आयोजित एक सरकारी स्मृति समारोह में नेतन्याहू ने कहा कि इजरायल उन सभी लोगों का पीछा करना जारी रखेगा जिन्होंने हमला किया और नागरिकों को बंधक बनाया था। उन्होंने गाजा में हमास का शासन पूरी तरह समाप्त करने का संकल्प भी दोहराया।
गौरतलब है कि इससे पहले सितंबर में संयुक्त राष्ट्र महासभा को संबोधित करते हुए नेतन्याहू ने गाजा में फिलिस्तीनियों के खिलाफ 'नरसंहार' करने के आरोपों को खारिज किया था और इन आरोपों को 'सदी का सबसे बड़ा झूठ' बताया था।
सात मोर्चों पर संघर्ष का दावा
नेतन्याहू ने कहा था कि इजरायल एक मज़बूत देश है और वह एक साथ सात मोर्चों पर लड़ रहा है — इनमें हमास, हिज्बुल्लाह, हूती, ईरान, इराक और सीरिया के सशस्त्र गुट तथा वेस्ट बैंक में फिलिस्तीनी लड़ाके शामिल हैं। उनके शब्दों में, 'वे सभी हमें दुनिया से मिटाने के लिए एकजुट हुए थे, लेकिन वे नाकाम रहे।'
नेतन्याहू ने ईरान पर इजरायल की बमबारी का भी बचाव करते हुए दावा किया कि ऐसा न करने पर परिणाम घातक हो सकते थे।
7 अक्टूबर हमले की पृष्ठभूमि और अब तक का नुकसान
7 अक्टूबर 2023 को हमास के नेतृत्व में हुए हमले में इजरायल में करीब 1,200 लोग मारे गए थे। इसके जवाब में इजरायल ने गाजा में व्यापक सैन्य अभियान शुरू किया। गाजा के स्वास्थ्य अधिकारियों के अनुसार, इस अभियान में अब तक 74,200 से अधिक लोग मारे जा चुके हैं।
यह ऐसे समय में आया है जब इजरायल पहले ही हमास के शीर्ष नेता याह्या सिनवार और उनके छोटे भाई मोहम्मद सिनवार को मार गिरा चुका है। गाजा में तीन वर्षों से जारी इस सैन्य अभियान के बीच बचे हुए हमलावरों की तलाश का यह आदेश संघर्ष की दीर्घकालीन प्रकृति को रेखांकित करता है।
आगे क्या होगा
इजरायली सेना की इस घोषणा के बाद यह स्पष्ट है कि गाजा और उसके बाहर सैन्य अभियान की तीव्रता बनी रह सकती है। अंतरराष्ट्रीय समुदाय की प्रतिक्रिया और संभावित युद्धविराम वार्ताओं पर इस आदेश का क्या असर पड़ेगा, यह आने वाले दिनों में स्पष्ट होगा।