11 अक्टूबर 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

पनामा में 7.7 और 6.6 तीव्रता के दो शक्तिशाली भूकंप, 27 घायल; भारत ने जताई एकजुटता

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
पनामा में 7.7 और 6.6 तीव्रता के दो शक्तिशाली भूकंप, 27 घायल; भारत ने जताई एकजुटता

सारांश

पनामा में 7.7 और 6.6 तीव्रता के दो शक्तिशाली भूकंपों ने देश को हिला दिया — इमारतें ढहीं, 27 घायल, और रात भर लोग खुले में रहे। भारत ने विदेश मंत्री जयशंकर के ज़रिए एकजुटता जताई। सुनामी की चेतावनी बाद में वापस ली गई।

मुख्य बातें

पनामा में शुक्रवार देर रात 7.7 तीव्रता और शनिवार सुबह 6.6 तीव्रता के दो शक्तिशाली भूकंप आए।
दोनों भूकंपों का केंद्र जमीन से 10 किलोमीटर की गहराई पर था।
SINAPROC के अनुसार कम से कम 27 लोग घायल हुए; मौत की कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं।
देश के मध्य भाग में इमारतें ढहीं , सड़कों को भारी नुकसान ; पनामा सिटी तक झटके महसूस।
यूएस पैसिफिक सुनामी वार्निंग सेंटर ने सुनामी की चेतावनी जारी की, बाद में वापस ली।
जयशंकर और विदेश मंत्रालय प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने भारत की एकजुटता व्यक्त की।

मध्य अमेरिकी देश पनामा में शुक्रवार देर रात और शनिवार सुबह रिक्टर स्केल पर क्रमशः 7.7 और 6.6 तीव्रता के दो शक्तिशाली भूकंप आए, जिससे राजधानी पनामा सिटी सहित पूरे देश में दहशत फैल गई और हजारों लोग रात भर खुले आसमान के नीचे रहने पर मजबूर हो गए। पनामा की राष्ट्रीय नागरिक सुरक्षा प्रणाली (SINAPROC) के दूसरे बुलेटिन के अनुसार, स्थानीय समय के अनुसार शुक्रवार रात 8 बजे तक कम से कम 27 लोग घायल हो चुके थे। भारत ने इस आपदा के बीच पनामा के प्रति अपनी एकजुटता प्रकट की है।

भूकंप का विवरण और प्रभाव

अमेरिकी भूवैज्ञानिक सर्वेक्षण (USGS) के अनुसार, 7.7 तीव्रता का पहला भूकंप पनामा के दक्षिणी छोर के पास आया, जिसका केंद्र जमीन से 10 किलोमीटर की गहराई पर था। इसके झटके राजधानी से 100 मील से अधिक दूर तक महसूस किए गए। इमारतें हिल उठीं, दीवारों पर दरारें पड़ गईं और लोग भयभीत होकर घरों और दफ्तरों से बाहर निकल आए।

इसके बाद शनिवार सुबह 6.6 तीव्रता का दूसरा बड़ा झटका आया, जिसका केंद्र भी जमीन से 10 किलोमीटर की गहराई पर था। देश के मध्य भाग में इस झटके के असर से इमारतें ढह गईं और सड़कों को भारी नुकसान पहुँचा।

सुनामी की चेतावनी और वापसी

यूएस पैसिफिक सुनामी वार्निंग सेंटर ने पहले पनामा के तटीय इलाकों में सुनामी की लहरें आने की चेतावनी जारी की थी। हालाँकि बाद में यह चेतावनी वापस ले ली गई और स्थिति को सामान्य घोषित किया गया। गौरतलब है कि पनामा प्रशांत और अटलांटिक दोनों महासागरों के बीच स्थित होने के कारण भूकंपीय दृष्टि से संवेदनशील क्षेत्र में आता है।

पनामा राष्ट्रपति की प्रतिक्रिया

पनामा के राष्ट्रपति जोस राउल मुलिनो ने कहा, 'कोई भी तैयार नहीं था और इस तरह की आपदा के लिए कोई कभी तैयार नहीं होता।' उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि शुक्रवार शाम तक अधिकारियों को किसी के मारे जाने की कोई पुष्टि नहीं मिली थी, लेकिन उन्होंने सतर्क करते हुए कहा कि आने वाले घंटों में स्थिति बदल सकती है।

भारत की एकजुटता

भारत ने इस संकट की घड़ी में पनामा के साथ खड़े होने का संदेश दिया। विदेश मंत्री डॉ. एस. जयशंकर ने एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर लिखा, 'भूकंप के बाद भारत पनामा की सरकार और जनता के साथ खड़ा है। हमारी गहरी संवेदनाएं और प्रार्थनाएं सभी घायल और प्रभावित लोगों के साथ हैं, विशेष रूप से उन परिवारों के साथ जिन्होंने नुकसान और कठिनाइयों का सामना किया है।'

विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने भी पुष्टि की कि भारत इस आपदा की घड़ी में पनामा की सरकार और वहाँ की जनता के साथ एकजुटता से खड़ा है। यह बयान भारत की उस नीति को रेखांकित करता है जिसके तहत वह प्राकृतिक आपदाओं के समय मित्र देशों के साथ सहयोग का हाथ बढ़ाता है।

रात भर खुले में रहे लोग

भूकंप की दहशत इस कदर थी कि रात भर लोग खुले स्थानों पर खड़े रहे और घरों के अंदर जाने की हिम्मत नहीं जुटा सके। लोग सुबह तक हालात की जानकारी का इंतजार करते रहे। यह ऐसे समय में आया है जब पनामा पहले से ही क्षेत्रीय राजनीतिक दबावों और आर्थिक चुनौतियों से जूझ रहा है। स्थिति की निगरानी जारी है और राहत व बचाव कार्य के आँकड़े आने वाले घंटों में और स्पष्ट होंगे।

संपादकीय दृष्टिकोण

जिसमें मध्य अमेरिका जैसे परंपरागत रूप से कम-चर्चित क्षेत्रों के साथ भी त्वरित राजनयिक सहानुभूति दिखाई जा रही है। विदेश मंत्री जयशंकर का एक्स पर तत्काल संदेश कूटनीतिक सक्रियता का संकेत है। हालाँकि, ध्यान देने योग्य है कि अभी तक भौतिक सहायता या राहत के किसी ठोस प्रस्ताव की घोषणा नहीं हुई है — एकजुटता के शब्दों और ज़मीनी मदद के बीच की यह खाई भविष्य में परखी जाएगी।
RashtraPress
11 अक्टूबर 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

पनामा में भूकंप की तीव्रता कितनी थी और कब आया?
पनामा में शुक्रवार देर रात 7.7 तीव्रता और शनिवार सुबह 6.6 तीव्रता के दो शक्तिशाली भूकंप आए। दोनों का केंद्र जमीन से 10 किलोमीटर की गहराई पर था और इनका असर राजधानी पनामा सिटी से 100 मील से अधिक दूर तक महसूस किया गया।
पनामा भूकंप में कितने लोग घायल हुए?
SINAPROC के दूसरे बुलेटिन के अनुसार, स्थानीय समय के अनुसार शुक्रवार रात 8 बजे तक कम से कम 27 लोग घायल हुए। पनामा के राष्ट्रपति जोस राउल मुलिनो ने शुक्रवार शाम तक किसी के मारे जाने की पुष्टि से इनकार किया, लेकिन कहा कि स्थिति बदल सकती है।
क्या पनामा में सुनामी का खतरा था?
यूएस पैसिफिक सुनामी वार्निंग सेंटर ने शुरुआत में पनामा के तटीय इलाकों में सुनामी की लहरें आने की चेतावनी जारी की थी। हालाँकि बाद में यह चेतावनी वापस ले ली गई और स्थिति को सामान्य घोषित किया गया।
भारत ने पनामा भूकंप पर क्या प्रतिक्रिया दी?
विदेश मंत्री डॉ. एस. जयशंकर ने एक्स पर पोस्ट करते हुए कहा कि भारत पनामा की सरकार और जनता के साथ खड़ा है और घायल व प्रभावित लोगों के प्रति गहरी संवेदनाएं व्यक्त कीं। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने भी भारत की एकजुटता की पुष्टि की।
पनामा भूकंप से कितना नुकसान हुआ?
देश के मध्य भाग में इमारतें ढह गईं और सड़कों को भारी नुकसान हुआ। लोगों के घरों की दीवारों पर दरारें पड़ गईं और रात भर लोग खुले स्थानों पर रहने को मजबूर हुए। नुकसान का पूरा आकलन आने वाले घंटों में सामने आने की संभावना है।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 15 घंटे पहले
  2. 2 महीने पहले
  3. 2 महीने पहले
  4. 3 महीने पहले
  5. 9 महीने पहले
  6. 10 महीने पहले
  7. 11 महीने पहले
  8. 1 साल पहले