क्या सूडान संकट के लिए आरएसएफ ने अंतरराष्ट्रीय शांति प्रयासों की सराहना की?

Click to start listening
क्या सूडान संकट के लिए आरएसएफ ने अंतरराष्ट्रीय शांति प्रयासों की सराहना की?

सारांश

सूडान में जारी संकट के बीच, आरएसएफ ने अंतरराष्ट्रीय शांति प्रयासों की सराहना की है। यह बयान अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के सूडानी संघर्ष समाप्त करने के प्रयासों के संदर्भ में आया है। जानिए इस बयान के पीछे का पूरा सच और सूडान की स्थिति।

Key Takeaways

  • आरएसएफ ने अंतरराष्ट्रीय शांति प्रयासों की सराहना की है।
  • अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने सूडानी संघर्ष समाप्त करने का प्रयास किया है।
  • क्वार्टेट देशों ने सूडान में युद्धविराम और राजनीतिक प्रक्रिया की मांग की है।
  • सूडान में जारी संघर्ष में हजारों लोग मारे गए हैं।
  • सूडान की स्थिति को लेकर अब्दुल्ला बिन जायद अल नाहयान और मार्को रुबियो के बीच चर्चा हुई है।

खार्तुम, 22 नवंबर (राष्ट्र प्रेस)। अर्धसैनिक बल आरएसएफ (रैपिड सपोर्ट फोर्सेज) ने शुक्रवार को एक बयान जारी करते हुए कहा है कि वे सूडान संकट को सुलझाने के लिए अंतरराष्ट्रीय स्तर पर किए जा रहे प्रयासों की सराहना करते हैं। वे अंतरराष्ट्रीय शांति पहलों पर ध्यान केंद्रित कर रहे हैं। यह जानकारी उनके टेलीग्राम चैनल पर साझा की गई।

बयान में आरएसएफ ने उल्लेख किया कि सूडान के संदर्भ में अंतरराष्ट्रीय समुदाय का जो दृष्टिकोण अपनाया गया है और शांति स्थापित करने के लिए जो गंभीर प्रयास किए जा रहे हैं, उन्हें लेकर उनकी रुचि है और वे इस पर नजर रखे हुए हैं। वे इस शांति पहल की प्रशंसा करते हैं और उचित समय पर इसका उत्तर देने के लिए तैयार हैं।

यह बयान अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के उस बयान के बाद आया, जिसमें उन्होंने सूडानी संघर्ष को समाप्त करने के प्रयासों की शुरुआत की घोषणा की थी। ट्रंप ने कहा कि यह पहल सऊदी क्राउन प्रिंस मोहम्मद बिन सलमान की व्हाइट हाउस यात्रा के दौरान उनके अनुरोध पर शुरू की गई।

आरएसएफ ने क्वार्टेट देशों (अमेरिका, सऊदी अरब, संयुक्त अरब अमीरात (यूएई), और मिस्र) का आभार व्यक्त किया है जिन्होंने इस दिशा में ईमानदारी से प्रयास किए।

वास्तव में, सितंबर में इन देशों ने एक संयुक्त बयान जारी कर सूडान में तीन महीने के युद्धविराम और नौ महीने की ट्रांजिशनल राजनीतिक प्रक्रिया की मांग की थी, जिसका उद्देश्य व्यापक समझौता और स्थायी युद्धविराम सुनिश्चित करना है।

बुधवार को, सूडान के 'ट्रांजिशनल सोवरेन काउंसिल' ने अमेरिका और सऊदी अरब के प्रयासों का स्वागत किया और कहा कि "हमारे लोग शांति की प्रतीक्षा कर रहे हैं और हम भी इससे जुड़ने के लिए तैयार हैं।"

सूडानी सेना और आरएसएफ के बीच अप्रैल 2023 से संघर्ष जारी है। इस युद्ध में अब तक हजारों लोग मारे जा चुके हैं और करोड़ों लोग विस्थापित हो चुके हैं।

एक अन्य घटनाक्रम में, यूएई के उप-प्रधानमंत्री और विदेश मंत्री अब्दुल्ला बिन जायद अल नाहयान ने सूडान संकट और द्विपक्षीय संबंधों पर चर्चा के लिए अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो को फोन किया।

डब्ल्यूएएम न्यूज एजेंसी के अनुसार, दोनों नेताओं ने सूडान की वर्तमान स्थिति और गृह युद्ध के कारण उत्पन्न मानवीय संकट पर चर्चा की। अमेरिकी विदेश मंत्रालय ने एक प्रेस रिलीज में बताया कि दोनों ने "सूडान में युद्धविराम के लिए मिलकर किए गए प्रयासों पर बात की।"

Point of View

जिसमें लाखों लोग प्रभावित हुए हैं। राष्ट्रीय दृष्टिकोण से, यह आवश्यक है कि सभी पक्षों को शांति Talks में शामिल किया जाए और मानवीय संकट को सुलझाने के लिए ठोस कदम उठाए जाएं।
NationPress
29/11/2025

Frequently Asked Questions

आरएसएफ क्या है?
आरएसएफ का मतलब रैपिड सपोर्ट फोर्सेज है, जो एक अर्धसैनिक बल है।
सूडान संकट की शुरुआत कब हुई?
सूडान संकट की शुरुआत अप्रैल 2023 में हुई जब सूडानी सेना और आरएसएफ के बीच संघर्ष शुरू हुआ।
अंतरराष्ट्रीय शांति प्रयासों का क्या महत्व है?
अंतरराष्ट्रीय शांति प्रयासों का उद्देश्य सूडान में स्थायी शांति और सुरक्षा स्थापित करना है।
क्वार्टेट देशों का क्या योगदान है?
क्वार्टेट देशों ने सूडान में युद्धविराम और राजनीतिक प्रक्रिया के लिए महत्वपूर्ण प्रयास किए हैं।
सूडान में वर्तमान स्थिति क्या है?
सूडान में संघर्ष जारी है, जिसमें हजारों लोग मारे गए हैं और करोड़ों लोग विस्थापित हो चुके हैं।
Nation Press