15 जुलाई 2026
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अल्जाइमर की नई दवा डिरानर्सेन ने याददाश्त गिरावट 50% तक धीमी की, CELIA ट्रायल के नतीजे उत्साहजनक

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अल्जाइमर की नई दवा डिरानर्सेन ने याददाश्त गिरावट 50% तक धीमी की, CELIA ट्रायल के नतीजे उत्साहजनक

सारांश

अल्जाइमर के खिलाफ लड़ाई में डिरानर्सेन एक नई उम्मीद बनकर उभरी है। CELIA अध्ययन में 416 मरीजों पर 18 महीने के परीक्षण में 60 मिलीग्राम खुराक ने संज्ञानात्मक गिरावट 50% तक धीमी की और टाउ प्रोटीन 65% तक घटाया — अब तीसरे चरण के ट्रायल की तैयारी है।

मुख्य बातें

परीक्षणाधीन दवा डिरानर्सेन ने CELIA वैश्विक अध्ययन में अल्जाइमर की संज्ञानात्मक गिरावट की रफ्तार 26% से 50% तक धीमी की।
अध्ययन में शुरुआती चरण के अल्जाइमर से पीड़ित 416 मरीज शामिल थे; परीक्षण 18 महीने तक चला।
60 मिलीग्राम की खुराक सबसे प्रभावी रही; मस्तिष्कमेरु द्रव में टाउ प्रोटीन का स्तर 50%–65% तक घटा।
टाउ-लक्षित दवा के परीक्षण में पहली बार PET स्कैन से मस्तिष्क में टाउ बदलावों में कमी दर्ज की गई।
अध्ययन पूरा करने वाले 90% से अधिक मरीजों ने दीर्घकालिक ट्रायल में भाग लेने की इच्छा जताई।
दवा अब तीसरे चरण के क्लीनिकल ट्रायल की ओर बढ़ रही है; बाज़ार में आने में अभी समय है।

अल्जाइमर रोग के शुरुआती चरण में जी रहे मरीजों के लिए डिरानर्सेन नामक परीक्षणाधीन दवा के क्लीनिकल ट्रायल ने नई उम्मीद जगाई है। CELIA नामक वैश्विक अध्ययन के नतीजों के अनुसार, यह दवा संज्ञानात्मक गिरावट — यानी याददाश्त और सोचने-समझने की क्षमता में कमी — की रफ्तार को 26% से 50% तक धीमा कर सकती है। साथ ही, इसने अल्जाइमर से जुड़े टाउ प्रोटीन के स्तर में भी उल्लेखनीय कमी दर्ज की है।

CELIA अध्ययन: क्या रहे नतीजे

CELIA अध्ययन में शुरुआती चरण के अल्जाइमर से पीड़ित 416 मरीजों को शामिल किया गया। 18 महीने तक चले इस परीक्षण में दवा की विभिन्न खुराकों का मूल्यांकन किया गया। शोध के अनुसार, 60 मिलीग्राम की खुराक लेने वाले मरीजों में सबसे बेहतर परिणाम सामने आए — प्लेसीबो समूह की तुलना में बीमारी के बढ़ने की गति अलग-अलग जाँचों में 26% से 50% तक कम रही।

टाउ प्रोटीन पर असर: एक अहम सफलता

अल्जाइमर रोग में टाउ प्रोटीन मस्तिष्क की कोशिकाओं को नुकसान पहुँचाने और बीमारी को आगे बढ़ाने से जुड़ा माना जाता है। डिरानर्सेन को इसी प्रोटीन के निर्माण की प्रक्रिया को बाधित करने के लिए विकसित किया गया है। शोधकर्ताओं ने पाया कि दवा ने मरीजों के मस्तिष्कमेरु द्रव (सेरेब्रोस्पाइनल फ्लूइड) में कुल टाउ प्रोटीन के स्तर को 50% से 65% तक घटा दिया। गौरतलब है कि टाउ प्रोटीन को लक्षित करने वाली किसी दवा के परीक्षण में पहली बार PET स्कैन के ज़रिए मस्तिष्क में टाउ से जुड़े बदलावों में भी कमी देखी गई — जो इस क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण वैज्ञानिक पड़ाव है।

विशेषज्ञ क्या कहते हैं

यूनिवर्सिटी कॉलेज लंदन हॉस्पिटल्स (UCLH) की न्यूरोलॉजिस्ट प्रोफेसर के अनुसार, CELIA अध्ययन के परिणाम यह संकेत देते हैं कि टाउ प्रोटीन के स्तर को कम करने से मरीजों को वास्तविक चिकित्सीय लाभ मिल सकता है। उन्होंने कहा कि डिरानर्सेन से प्राप्त निष्कर्ष अल्जाइमर उपचार के क्षेत्र में अब तक के सबसे उत्साहजनक परिणामों में शामिल हैं, और इसी आधार पर दवा को बड़े स्तर के तीसरे चरण के ट्रायल की ओर ले जाया जा रहा है।

सुरक्षा प्रोफाइल और मरीजों की प्रतिक्रिया

अध्ययन में दवा की सुरक्षा प्रोफाइल संतोषजनक रही। अधिकांश मरीजों में दुष्प्रभाव हल्के या मध्यम स्तर के रहे। उल्लेखनीय यह है कि अध्ययन पूरा करने वाले 90% से अधिक मरीजों ने आगे के दीर्घकालिक ट्रायल में भाग लेने की इच्छा जताई — जो दवा की स्वीकार्यता का सकारात्मक संकेत है।

आगे क्या होगा

डिरानर्सेन अभी परीक्षण के चरण में है और इसके तीसरे चरण के क्लीनिकल ट्रायल की तैयारी की जा रही है। यह परीक्षण अधिक बड़े और विविध मरीज समूह पर होगा, जिससे दवा की प्रभावशीलता और सुरक्षा की पुष्टि हो सके। यह ऐसे समय में आया है जब दुनियाभर में अल्जाइमर के मरीजों की संख्या तेज़ी से बढ़ रही है और प्रभावी उपचार की माँग अत्यंत गंभीर बनी हुई है।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन अल्जाइमर उपचार के इतिहास में 'आशाजनक ट्रायल' से 'स्वीकृत दवा' तक की राह बेहद कठिन रही है — कई दवाएँ दूसरे और तीसरे चरण के बीच विफल हो चुकी हैं। टाउ प्रोटीन को 65% तक घटाना जैव-रासायनिक दृष्टि से महत्वपूर्ण है, परंतु असली कसौटी यह होगी कि क्या यह बदलाव तीसरे चरण के बड़े और विविध समूह में भी मरीजों के दैनिक जीवन की गुणवत्ता में मापनीय सुधार लाता है। साथ ही, UCLH के शोधकर्ताओं की भूमिका और वित्त पोषण स्रोत पर पारदर्शिता ज़रूरी है ताकि परिणामों की स्वतंत्र पुष्टि हो सके।
RashtraPress
15 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

डिरानर्सेन दवा क्या है और यह कैसे काम करती है?
डिरानर्सेन एक परीक्षणाधीन दवा है जिसे अल्जाइमर रोग में मस्तिष्क को नुकसान पहुँचाने वाले टाउ प्रोटीन के निर्माण की प्रक्रिया को बाधित करने के लिए विकसित किया गया है। CELIA अध्ययन में इसने मस्तिष्कमेरु द्रव में टाउ प्रोटीन का स्तर 50%–65% तक घटाया और संज्ञानात्मक गिरावट की रफ्तार धीमी की।
CELIA अध्ययन के मुख्य नतीजे क्या रहे?
CELIA अध्ययन में शुरुआती अल्जाइमर के 416 मरीजों पर 18 महीने तक परीक्षण किया गया। 60 मिलीग्राम खुराक में प्लेसीबो की तुलना में बीमारी बढ़ने की रफ्तार 26% से 50% तक धीमी रही और PET स्कैन में भी मस्तिष्क में टाउ से जुड़े बदलावों में कमी देखी गई।
क्या डिरानर्सेन अभी मरीजों के लिए उपलब्ध है?
नहीं, डिरानर्सेन अभी क्लीनिकल ट्रायल के चरण में है। CELIA अध्ययन के सकारात्मक नतीजों के बाद अब इसके तीसरे और अंतिम चरण के बड़े परीक्षण की तैयारी की जा रही है। नियामक स्वीकृति और बाज़ार में उपलब्धता में अभी कई वर्ष लग सकते हैं।
अल्जाइमर में टाउ प्रोटीन की भूमिका क्या है?
टाउ प्रोटीन मस्तिष्क की तंत्रिका कोशिकाओं के भीतर जमा होकर उन्हें नुकसान पहुँचाता है और अल्जाइमर रोग की प्रगति से जुड़ा माना जाता है। डिरानर्सेन इसी टाउ प्रोटीन को लक्षित करती है, और CELIA ट्रायल में पहली बार PET स्कैन से मस्तिष्क में इसके स्तर में कमी दर्ज की गई।
दवा के दुष्प्रभाव कैसे रहे और मरीजों ने क्या प्रतिक्रिया दी?
CELIA अध्ययन में अधिकांश मरीजों में दुष्प्रभाव हल्के या मध्यम स्तर के रहे और सुरक्षा प्रोफाइल संतोषजनक पाई गई। अध्ययन पूरा करने वाले 90% से अधिक मरीजों ने आगे के दीर्घकालिक ट्रायल में भाग लेने की इच्छा व्यक्त की।
राष्ट्र प्रेस
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