दिल्ली AATS का बड़ा ऑपरेशन: केमिस्ट की आड़ में नशीली दवाओं का रैकेट चलाने वाला मनोज गिरफ्तार
सारांश
Key Takeaways
एंटी ऑटो थेफ्ट स्क्वाड (AATS) और नशीली दवा विभाग की संयुक्त कार्रवाई में नई दिल्ली के निलोठी (चंदर विहार) इलाके में एक केमिस्ट की दुकान की आड़ में चल रहे अवैध नशीली दवाओं के रैकेट का भंडाफोड़ किया गया। 28 मार्च को गुप्त सूत्रों से मिली जानकारी के आधार पर की गई इस कार्रवाई में आरोपी मनोज उर्फ मनीष को गिरफ्तार किया गया और उसकी दुकान से भारी मात्रा में प्रतिबंधित फार्मास्युटिकल दवाएं बरामद की गईं।
कैसे मिली जानकारी और कैसे हुई कार्रवाई
AATS के अनुसार, 28 मार्च को गुप्त सूत्रों से सूचना प्राप्त हुई कि मनोज उर्फ मनीष नामक व्यक्ति निलोठी, चंदर विहार स्थित अपनी केमिस्ट की दुकान की आड़ में प्रतिबंधित फार्मास्युटिकल दवाओं की तस्करी कर रहा है। सूचना मिलते ही AATS ने तत्काल एक विशेष टीम का गठन किया और नशीली दवा विभाग को भी इसकी जानकारी दी गई।
दोनों विभागों की संयुक्त टीम ने मौके पर पहुँचकर दुकान की तलाशी ली और आरोपी को रंगे हाथ पकड़ा। यह ऑपरेशन सुनियोजित तरीके से अंजाम दिया गया, जिससे आरोपी को भागने का कोई मौका नहीं मिला।
बरामदगी: क्या-क्या मिला दुकान से
तलाशी के दौरान दुकान के अंदर एक ढके हुए पारदर्शी प्लास्टिक के डिब्बे में छिपाकर रखी गई निम्नलिखित प्रतिबंधित दवाएं बरामद की गईं:
टीम ने कोडीन सिरप की 50 बोतलें (व्यावसायिक मात्रा), ट्रामाडोल के 499 कैप्सूल और 400 टैबलेट (व्यावसायिक मात्रा) तथा अल्प्राजोलम के 240 कैप्सूल बरामद किए। गौरतलब है कि बरामद की गई सभी दवाओं पर लिखे बैच नंबर और एक्सपायरी डेट को जानबूझकर मिटाया हुआ पाया गया, जो इस रैकेट की सुनियोजित प्रकृति को उजागर करता है।
AATS के अनुसार, आरोपी इन वर्जित दवाओं की आपूर्ति नशे के आदी लोगों को कर रहा था, जिससे समाज में नशे की लत को बढ़ावा मिल रहा था।
कानूनी कार्रवाई और मामले की स्थिति
आरोपी मनोज उर्फ मनीष के खिलाफ पुलिस स्टेशन निहाल विहार में NDPS अधिनियम और ड्रग व कॉस्मेटिक अधिनियम की धारा 18 के तहत मामला दर्ज किया गया है। आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है और बरामद की गई सभी प्रतिबंधित वस्तुओं को कानूनी प्रोटोकॉल के अनुसार सील कर दिया गया है।
अधिकारियों के अनुसार, इस मामले में आगे की जाँच जारी है और यह देखा जा रहा है कि इस रैकेट की जड़ें कहाँ तक फैली हुई हैं।
आगे क्या होगा
AATS और नशीली दवा विभाग की यह संयुक्त कार्रवाई दर्शाती है कि दिल्ली पुलिस केमिस्ट की दुकानों की आड़ में चलने वाले नशे के अवैध कारोबार पर नकेल कसने के लिए सक्रिय है। आगामी जाँच में यह स्पष्ट होने की उम्मीद है कि आरोपी को ये प्रतिबंधित दवाएं कहाँ से प्राप्त होती थीं और इस सप्लाई चेन में और कौन-कौन शामिल हैं।