आर्टेमिस-III मिशन: नासा 9 जून को इंस्टाग्राम लाइव पर एस्ट्रोनॉट्स से कराएगा मुलाकात, 2027 में प्रस्तावित लॉन्च
सारांश
मुख्य बातें
अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी नासा (NASA) ने आर्टेमिस-III मिशन की तैयारियों को और गति दे दी है। इसी कड़ी में नासा 9 जून को इंस्टाग्राम लाइव के ज़रिए आर्टेमिस-III के लिए चयनित अंतरिक्ष यात्रियों से दुनिया को परिचित कराएगा। यह लाइव सत्र सुबह 11 बजे EDT (1500 UTC) — यानी भारतीय समयानुसार रात — को प्रसारित होगा, जिसमें मिशन की तैयारियों और भविष्य की योजनाओं पर विस्तृत चर्चा होने की संभावना है।
इंस्टाग्राम लाइव में क्या होगा
नासा ने अपने आधिकारिक इंस्टाग्राम पेज पर इस कार्यक्रम की जानकारी साझा की है। 9 जून के लाइव सत्र में आर्टेमिस-III के लिए चुने गए अंतरिक्ष यात्री सीधे दर्शकों से रूबरू होंगे। इस दौरान मिशन की प्रगति, तकनीकी तैयारियों और चंद्रमा पर मानव लैंडिंग की दिशा में उठाए जा रहे कदमों पर अहम जानकारियाँ मिल सकती हैं।
मिशन का तकनीकी ढाँचा
नासा के अनुसार, आर्टेमिस-III मिशन के तहत एसएलएस (स्पेस लॉन्च सिस्टम) रॉकेट की सहायता से ओरियन अंतरिक्ष यान में सवार अंतरिक्ष यात्रियों को पृथ्वी की निचली कक्षा में भेजा जाएगा। वहाँ ओरियन स्पेसक्राफ्ट और निजी कंपनियों द्वारा विकसित कमर्शियल लैंडर्स के बीच रेंडेज़वस और डॉकिंग क्षमताओं का परीक्षण किया जाएगा।
यह परीक्षण इसलिए निर्णायक है क्योंकि भविष्य के आर्टेमिस मिशनों में अंतरिक्ष यात्रियों को चंद्रमा की सतह तक पहुँचाने के लिए इन्हीं कमर्शियल लैंडर्स पर निर्भरता होगी। नासा का मानना है कि इन तकनीकों की सफलता चंद्र अभियानों को अधिक सुरक्षित और प्रभावी बनाएगी।
स्पेसएक्स और ब्लू ओरिजिन की भूमिका
इस डेमोंस्ट्रेशन मिशन में निजी अंतरिक्ष कंपनियों स्पेसएक्स और ब्लू ओरिजिन के लैंडर्स में से एक या दोनों का उपयोग किए जाने की संभावना है। मिशन का मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि ओरियन अंतरिक्ष यान और कमर्शियल लैंडर्स के बीच सफलतापूर्वक मिलन और डॉकिंग संभव हो सके। गौरतलब है कि यही तकनीक आगे चलकर अंतरिक्ष यात्रियों को चंद्रमा की सतह तक पहुँचाने की रीढ़ बनेगी।
लॉन्च की समयरेखा
नासा के अनुसार, फिलहाल मिशन की तैयारियाँ तय कार्यक्रम के अनुसार आगे बढ़ रही हैं और सभी आवश्यक व्यवस्थाएँ की जा रही हैं। एजेंसी ने संकेत दिया है कि आर्टेमिस-III के डिज़ाइन और क्रू से जुड़ी विस्तृत जानकारी 2027 में प्रस्तावित लॉन्च के निकट साझा की जाएगी। यह मिशन दशकों बाद चंद्रमा पर मानव की वापसी के सपने को साकार करने की दिशा में एक ऐतिहासिक पड़ाव साबित हो सकता है।