बरेली में झुमका लूट का आरोपी देवराज मुठभेड़ में ढेर, .32 बोर तमंचा और चोरी के गहने बरामद
सारांश
मुख्य बातें
उत्तर प्रदेश के बरेली जिले में एक महिला के कान से झुमका छीनने के आरोपी देवराज, पुत्र श्याम बिहारी, निवासी बकैनिया गांव, फरीदपुर थाना क्षेत्र को पुलिस ने सोमवार, 3 नवंबर 2026 को मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार कर लिया। मुठभेड़ में आरोपी के पैर में गोली लगी और उसे तत्काल जिला अस्पताल में उपचार के लिए भर्ती कराया गया। पुलिस के अनुसार 28 वर्षीय देवराज के विरुद्ध बरेली जिले में पहले से आठ आपराधिक मामले दर्ज हैं।
घटना का विवरण
30 अक्टूबर 2026 की शाम करीब 5 बजे कैंट थाना क्षेत्र के कमालपुर पालपुर गांव निवासी सुनील अपनी पत्नी ईशु के साथ मोटरसाइकिल पर फरीदपुर थाना क्षेत्र के मोहल्ला कानून गोयान स्थित अपने ससुराल जा रहे थे। दशमेश ढाबे के निकट एक अज्ञात बाइक सवार ने ईशु के कान से झुमका झपटकर फरार हो गया। पीड़ित सुनील ने 1 नवंबर 2026 को शिकायत दर्ज कराई, जिस पर फरीदपुर थाने में भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 304(2) के तहत एफआईआर संख्या 833/2026 दर्ज की गई।
तकनीक से हुई आरोपी की पहचान
जांच के दौरान पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज खंगाली और यक्ष ऐप की 'फाइंड क्रिमिनल्स' तथा 'फेस सर्च' तकनीक की सहायता से आरोपी की पहचान देवराज के रूप में की गई। यह प्रकरण यक्ष ऐप की फेस-रिकग्निशन तकनीक के प्रभावी उपयोग का एक उदाहरण बनकर सामने आया है।
इसके अतिरिक्त, आरोपी की मोटरसाइकिल पर नंबर प्लेट नहीं थी, लेकिन ई-चालान एप्लीकेशन के माध्यम से चेसिस नंबर की जाँच कर पंजीकरण संख्या पता की गई, जिससे यह प्रमाणित हुआ कि यही मोटरसाइकिल 30 अक्टूबर की लूट में प्रयुक्त हुई थी।
मुठभेड़ और गिरफ्तारी
सोमवार सुबह पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली कि आरोपी फरीदपुर टोल प्लाजा के निकट मोटरसाइकिल पर घूम रहा है और किसी अन्य वारदात को अंजाम दे सकता है। सूचना पर स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (एसओजी) और फरीदपुर पुलिस की संयुक्त टीम ने मोहनपुर गांव के निकट कच्चे नहर मार्ग पर घेराबंदी की।
सुबह करीब 7:30 बजे रुकने का इशारा करने पर देवराज ने पुलिस टीम पर तमंचे से फायरिंग कर दी। पुलिस ने आत्मरक्षा में जवाबी कार्रवाई की, जिसमें आरोपी के पैर में गोली लगी और वह घटनास्थल पर ही गिर पड़ा।
बरामदगी
गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने आरोपी के कब्जे से निम्नलिखित सामग्री बरामद की:
एक अवैध .32 बोर का तमंचा, दो जिंदा कारतूस, एक खोखा कारतूस, वारदात में इस्तेमाल की गई बिना नंबर प्लेट की मोटरसाइकिल, और लूटा गया पीली धातु का झुमका — जिसकी पहचान एफआईआर संख्या 833/2026 में दर्ज चोरी के सामान के रूप में हुई। पूछताछ में देवराज ने 30 अक्टूबर को झुमका लूटने की बात स्वीकार की।
आगे की कार्रवाई
घायल आरोपी को उपचार के लिए जिला अस्पताल, बरेली भेजा गया है और आगे की कानूनी कार्रवाई जारी है। पुलिस के अनुसार, देवराज के विरुद्ध बरेली जिले में पहले से आठ आपराधिक मामले दर्ज हैं, जो उसकी आपराधिक पृष्ठभूमि की गंभीरता को रेखांकित करते हैं। यह मामला आधुनिक तकनीक और परंपरागत पुलिसिंग के समन्वय की प्रभावशीलता को भी उजागर करता है।